Jio IPO की ग्रे मार्केट में धूम, GMP ने अभी से ही पकड़ी रफ्तार, निवेशकों के लिए कब खुल सकता है ऑफर?
Jio IPO GMP: Jio Platforms की प्रस्तावित लिस्टिंग, लगभग दो दशकों में Reliance Group की पहली पब्लिक ऑफरिंग होगी और यह इस ग्रुप का पहला ऐसा कंज्यूमर-फेसिंग बिजनेस होगा जिसे पब्लिक किया जाएगा. शेयरों के NSE और BSE दोनों पर लिस्ट होने की उम्मीद है.

Jio IPO GMP: रिलायंस इंडस्ट्रीज की डिजिटल सर्विस कंपनी, जियो प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड के प्रस्तावित इनिशियल पब्लिक ऑफरिंग (IPO) का ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) हाल के दिनों में बढ़ा है, जो निवेशकों की इसमें मजबूत दिलचस्पी दिखाता है. मार्केट सूत्रों के अनुसार, सोमवार तक GMP 160 रुपये था. यह पिछले दो सेशन में ट्रेड हुए 145 रुपये और 120 रुपये से ज्यादा था. इस बात का ध्यान रखें कि ग्रे मार्केट के ट्रेंड अनौपचारिक होते हैं और IPO खुलने से पहले बदल सकते हैं.
असल में ग्रे मार्केट की कीमतें अनौपचारिक होती हैं और जरूरी नहीं कि वे IPO की फाइनल वैल्यूएशन को दिखाएं, जबकि फाइनल प्राइस बैंड कई बातों पर विचार करने के बाद मर्चेंट बैंकर तय करते हैं.
कितना बड़ा हो सकता है आईपीओ?
यह बढ़ा हुआ GMP तब आया है जब जियो प्लेटफॉर्म्स ने US, UK, दुबई, हांगकांग और सिंगापुर में निवेशकों के साथ मीटिंग्स पूरी कर ली हैं. यह इश्यू 2024 में हुंडई मोटर इंडिया की $2.9 अरब की लिस्टिंग से भी बड़ा होने वाला है, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज ऑफ इंडिया ने पिछले महीने $2.3 अरब के IPO के बाद मार्केट में एंट्री की थी.
लगभग दो दशकों में रिलायंस ग्रुप का पहला IPO
रॉयटर्स ने सूत्रों के हवाले से बताया कि टेलीकॉम की बड़ी कंपनी 21 अक्टूबर को अपना IPO लॉन्च करने वाली है और इसके जरिए लगभग $3.8 अरब जुटाने की कोशिश करेगी, जो भारत की सबसे बड़ी लिस्टिंग होगी.
जून में DRHP फाइल करने के बाद, जियो प्लेटफॉर्म्स को अगस्त में एक जरूरी रेगुलेटरी मंजूरी मिली, जब सेबी (SEBI) ने प्रस्तावित IPO के लिए कंपनी के DRHP पर अपना ऑब्जर्वेशन लेटर जारी किया.
बुक-बिल्डिंग प्रोसेस
कंपनी 27 करोड़ तक नए इक्विटी शेयर जारी करने की योजना बना रही है, जो इश्यू के बाद उसकी पेड-अप इक्विटी कैपिटल का लगभग 2.9% होगा. इश्यू की कीमत सेबी के नियमों के अनुसार बुक-बिल्डिंग प्रोसेस से तय की जाएगी.
शेयरों के NSE और BSE दोनों पर लिस्ट होने की उम्मीद है. PTI द्वारा बताए गए बैंकिंग और अन्य सूत्रों के अनुसार, कंपनी के $143–146 अरब की वैल्यूएशन की मांग करने की उम्मीद है, जो कम से कम 12 लाख करोड़ रुपये के बराबर है.
फंड का क्या करेगी कंपनी?
Jio Platforms की प्रस्तावित लिस्टिंग, लगभग दो दशकों में Reliance Group की पहली पब्लिक ऑफरिंग होगी और यह इस ग्रुप का पहला ऐसा कंज्यूमर-फेसिंग बिजनेस होगा जिसे पब्लिक किया जाएगा.
इस ऑफरिंग से मिलने वाली रकम का इस्तेमाल मुख्य रूप से इसके टेलीकॉम डिवीजन के कर्ज को चुकाने के लिए किया जाएगा. Jio Platforms, जिसके बड़े विदेशी निवेशकों में Meta और Google शामिल हैं, AI, क्लाउड और एंटरप्राइज नेटवर्क बिजनेस भी चलाती है.
डिस्क्लेमर: Money9live कभी भी किसी शेयर, आईपीओ और म्यूचुअल फंड में निवेश की सलाह नहीं देता है. ये खबर केवल आपकी जानकारी के लिए है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.