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बिज़नेस समाचार

रुपये पर बढ़ा दबाव, 94.97 पर बंद हुआ भाव; कच्चा तेल और मजबूत डॉलर बने वजह

भारतीय रुपया बुधवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 2 पैसे कमजोर होकर 94.97 पर बंद हुआ. मजबूत डॉलर, कच्चे तेल की बढ़ती कीमत और अमेरिकी बॉन्ड यील्ड में तेजी ने रुपये पर दबाव बनाया. ब्रेंट क्रूड 95.07 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया. वहीं डॉलर इंडेक्स 99.82 पर रहा. अमेरिका ईरान तनाव से बाजार में रिस्क बढ़ा है.

राम मंदिर के नए CEO बने जितेंद्र मिश्रा, कितनी मिलेगी सैलरी और क्या होगी सुविधाएं

अयोध्या के राम मंदिर के लिए रिटायर्ड एयर मार्शल जितेंद्र मिश्रा को पहला CEO नियुक्त किया गया है. भारतीय वायुसेना में करीब 4 दशक तक सेवा दे चुके मिश्रा मंदिर के प्रशासन और रोजमर्रा के संचालन की जिम्मेदारी संभालेंगे. उन्हें 3 साल के कॉन्ट्रैक्ट पर नियुक्त किया गया है. उनकी सटीक सैलरी अभी पब्लिक नहीं हुई है.

Co-operative Bank पर RBI का बड़ा एक्शन! डिपॉजिटर्स के पैसे का क्या होगा?

Co-operative Bank पर RBI ने बड़ी कार्रवाई की है. महाराष्ट्र के Desaiganj Nagari Cooperative Bank पर RBI ने सख्त पाबंदियां लगाई हैं. इन पाबंदियों के बाद ग्राहक फिलहाल अपने Savings, Current और दूसरे Deposit Accounts से पैसे नहीं निकाल सकते हैं. साथ ही बैंक को नए लोन देने, पुराने लोन को Renew करने, नए Investment करने और नई Liability लेने जैसे कई कामों के लिए RBI की मंजूरी लेनी होगी. हालांकि RBI ने बैंक का Licence रद्द नहीं किया है और न ही बैंक को स्थायी रूप से बंद किया गया है. ऐसे में सबसे बड़ा सवाल है कि बैंक में पैसा जमा करने वाले Depositors के पैसे का क्या होगा? क्या उनका पैसा सुरक्षित है और DICGC Deposit Insurance के तहत कितनी रकम मिल सकती है? RBI ने यह कार्रवाई क्यों की और इसका Depositors पर क्या असर पड़ेगा? जानिए इस वीडियो में.

6.5 करोड़ की रिपेमेंट प्लान पर सुभाष चंद्रा की सफाई, NCLAT में कहा मुझे बदनाम किया गया

एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन सुभाष चंद्रा ने पर्सनल दिवालिया मामले की सुनवाई के दौरान NCLAT में 6.5 करोड़ रुपये की पेमेंट प्लान को लेकर अपनी बात रखी. उनके वकील ने कहा कि 22006 करोड़ रुपये से अधिक के कर्ज दावों के मुकाबले प्रस्तावित प्लान को लेकर चंद्रा को देशभर में बदनाम किया गया.

Amul से Kwality Wall’s तक किससे भिड़ेगी अंबानी की बॉम्बे क्रीमरी? ₹10 से शुरुआत, कोन-टब-स्टिक में आएगी पूरी रेंज

रिलायंस कंज्यूमर प्रोडक्ट्स ने बॉम्बे क्रीमरी के साथ आइसक्रीम बाजार में एंट्री की है. कंपनी ने 10 रुपये से शुरुआती कीमत रखी है और कोन, कप, टब, बार व स्टिक जैसे कई फॉर्मेट में उत्पाद पेश किए हैं. इसका मुकाबला अमूल, क्वालिटी वॉल्स, वाडीलाल, मदर डेयरी, हवमोर और अरुण जैसे स्थापित ब्रांड्स से होगा.

GDP को लेकर कांग्रेस ने मोदी सरकार पर साधा निशाना, पूर्व वित्त सचिव की टिप्पणी का दिया हवाला

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने गर्ग का एक वीडियो क्लिप शेयर किया. अप्रैल-जून तिमाही में भारत की अर्थव्यवस्था 7.8 फीसदी की दर से बढ़ी. ईरान में युद्ध और उससे पैदा हुई वैश्विक अनिश्चितता के कारण घरेलू आर्थिक रफ्तार पर असर पड़ने की आशंकाओं के बावजूद अर्थव्यवस्था ने मजबूती दिखाई.

नुवामा वेल्थ में मची अरबों डॉलर की जंग! HSBC की एंट्री से क्या होगा असर?

भारत का वेल्थ मैनेजमेंट कारोबार अब ग्लोबल दिग्गजों के लिए कितना बड़ा मौका बन चुका है, इसका सबसे बड़ा सबूत है नुवामा वेल्थ. कभी PAG इस कंपनी में अपनी हिस्सेदारी बेचने की कोशिश कर चुका था, लेकिन मामला अटक गया. अब एक बार फिर डील की मेज सज चुकी है और इस बार मुकाबला और भी बड़ा हो गया है. इस बार नुवामा को खरीदने की रेस में HSBC की एंट्री हो गई है, जबकि दुनिया के कई बड़े प्राइवेट इक्विटी फंड पहले से मैदान में हैं. सवाल है—नुवामा में ऐसा क्या है कि करीब 1.8 अरब डॉलर की हिस्सेदारी के लिए इतनी बड़ी बोली लगने वाली है? और क्या यह डील शेयरधारकों के लिए भी बड़ा ट्रिगर साबित हो सकती है? जानिए इस वीडियो में

टाटा संस में उत्तराधिकारी की तलाश रुकी, रेगुलेटरी अड़चन से गहरी हुई लीडरशिप की अनिश्चितता

12 अगस्त को चंद्रशेखरन की चौंकाने वाली इस्तीफे की घोषणा से लीडरशिप को लेकर जो अनिश्चितता पैदा हुई थी, वह अब और गहरी हो गई है. लेकिन उनके उत्तराधिकारी की तलाश एक अहम शेयरहोल्डर से जुड़ी रेगुलेटरी अड़चन की वजह से रुकी हुई है.

‘डेड’ नहीं वॉर फ्रूफ इकोनॉमी की तरफ ऐसे बढ़ रहा भारत, न हो यकीन तो खुद देख लीजिए ये आंकड़े

जुलाई 2025 में व्यापारिक तनाव के दौरान, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भारत की अर्थव्यवस्था को डेड करार दिया था, लेकिन फिलहाल भारतीय इकोनॉमी अपने ग्रोथ के झंडे लहरा रही है. आइए एक-एक करके उन मैक्रो इंडिकेटर्स पर नजर डालते हैं, जो आर्थिक मजबूती के संकेत दे रहे हैं.

मिनटों में निवेशकों के ₹5 लाख करोड़ स्वाहा, सेंसेक्स और निफ्टी लहूलुहान; स्टॉक मार्केट में क्यों आई भारी गिरावट?

Why share Market Fall Today: बाजार खुलने के बाद, सेंसेक्स 750 अंक से अधिक गिरकर 76,200 के नीचे आ गया, जबकि निफ्टी 50 में 200 अंकों से अधिक की गिरावट आई और यह 23,800 के स्तर से नीचे चला गया. शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव को मापने वाला इंडिया VIX सुबह 3% से अधिक बढ़कर 11.86 पर पहुंच गया.