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शेयर मार्केट न्यूज

मिडिल ईस्‍ट टेंशन ने बिगाड़ा Kalyan Jewellers समेत इन 3 स्‍टॉक्‍स का खेल, शेयर लुढ़के, क्‍या आगे भी रहेगा दबाव

मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनैतिक तनाव का असर उन भारतीय कंपनियों पर साफ दिख रहा है जिनका बड़ा कारोबार खाड़ी देशों से जुड़ा है. ज्वेलरी, इंफ्रास्ट्रक्चर और पावर सेक्टर की दिग्गज कंपनियां वहां बड़े प्रोजेक्ट्स और रिटेल नेटवर्क के जरिए मजबूत मौजूदगी रखती हैं, लेकिन क्षेत्र में अनिश्चितता बढ़ने से निवेशकों की चिंता भी बढ़ गई है. एयरस्पेस बंद होने, सप्लाई चेन में बाधा और प्रोजेक्ट टाइमलाइन पर असर की आशंका ने इन शेयरों पर दबाव बना दिया है. अगर हालात लंबे समय तक तनावपूर्ण बने रहते हैं तो इन कंपनियों के ऑर्डर फ्लो, ऑपरेशंस और भावनात्मक सेंटीमेंट पर असर जारी रह सकता है. तो कौन-से हैं वो शेयर यहां करें चेक.

ईरान ने बंद कर दिया होर्मुज स्ट्रेट, खाड़ी देशों के पास अब केवल 25 दिन; तेल की कीमतों का टूट जाएगा 17 साल का रिकॉर्ड!

ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य बंद करने की चेतावनी दी है जिससे वैश्विक तेल आपूर्ति पर बड़ा संकट पैदा हो सकता है. JPMorgan के अनुसार आपूर्ति बाधित रहने पर ब्रेंट क्रूड 120 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच सकता है. इस मार्ग से गुजरने वाला तेल भारत के कुल आयात का लगभग आधा हिस्सा है.

जब भी दुनिया में होती है जंग, कितने दिन में उबरते हैं Sensex और Nifty, जानें पिछले 26 साल का रिकॉर्ड

वैश्विक युद्धों और जियो-पॉलिटिकल तनावों का भारतीय शेयर बाजार पर तात्कालिक असर जरूर पड़ता है. 1999 कारगिल युद्ध से लेकर रूस-यूक्रेन और इज़राइल-गाजा संघर्ष तक, हर बार सेंसेक्स में शुरुआती गिरावट आई लेकिन कुछ हफ्तों या महीनों में बाजार ने रिकवरी कर ली.

5 टुकड़ों में बंटेगा ये मल्‍टीबैगर स्‍टॉक, 1:1 बोनस शेयर की भी सौगात, ऐलान से रॉकेट हुआ शेयर

आईटी सेक्टर की कंपनी Silver Touch Technologies ने निवेशकों को डबल तोहफा देते हुए स्टॉक स्प्लिट और बोनस शेयर का ऐलान किया है, जिसके बाद शेयर में जोरदार हलचल देखी गई. कंपनी अपने शेयर को पांच हिस्सों में बांटने जा रही है और साथ ही पात्र निवेशकों को अतिरिक्त शेयर भी देगी. इस फैसले से शेयर की लिक्विडिटी बढ़ने और निवेशकों की भागीदारी मजबूत होने की उम्मीद है. लंबी अवधि में शानदार रिटर्न दे चुके इस स्टॉक पर अब बाजार की नजरें और भी टिक गई हैं.

विदेशी निवेशकों ने Q3 में इन 2 सरकारी तेल कंपनियों पर दिखाया भरोसा, बढ़ाई हिस्सेदारी, रडार पर रख सकते हैं शेयर

वित्त वर्ष 2026 की तीसरी तिमाही में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने PSU स्टॉक्स से दूरी बनाए रखी लेकिन Bharat Petroleum Corporation Limited और Hindustan Petroleum Corporation Limited में हिस्सेदारी बढ़ाई है. मजबूत मुनाफा, बड़े रिफाइनरी विस्तार प्रोजेक्ट्स, ग्रीन एनर्जी निवेश और कम वैल्यूएशन इन दोनों ऑयल मार्केटिंग कंपनियों में निवेश का मुख्य कारण बने.

4 दिन में 60% भागा ये शेयर, टाटा ग्रुप का है 5G स्टॉक, जानें गिरते बाजार में क्यों मचा रहा गदर?

कंपनी के शेयर आज, 2 मार्च के कारोबार में 15 प्रतिशत से ज्यादा चढ़कर 483.80 रुपये पर ट्रेड करते दिखे. इंट्राडे में यह 503 रुपये तक पहुंच गया, जबकि प्रीवियस क्लोजिंग प्राइस 435.60 रुपये था. पिछले चार कारोबारी सत्र में शेयर 60 प्रतिशत तक उछल चुका है. हालांकि लंबी अवधि की बात करें तो एक साल में शेयर अभी भी 33 प्रतिशत नीचे है.

BEL ने बदली डिविडेंड रिकॉर्ड डेट, दौड़ पड़े शेयर; नए ऑर्डर और मजबूत Q3 नतीजों ने बढ़ाया भरोसा

भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड (BEL) ने FY26 के अंतरिम डिविडेंड की रिकॉर्ड डेट बदलकर 6 मार्च 2026 कर दी है. 1.95 रुपये प्रति शेयर डिविडेंड की घोषणा के बीच स्टॉक में तेजी देखी गई. कंपनी को 733 करोड़ रुपये के नए ऑर्डर मिले हैं और Q3 में मुनाफा व रेवेन्यू में दो अंकों की मजबूत बढ़त दर्ज हुई है, जिससे डिफेंस PSU पर निवेशकों का भरोसा कायम है.

इन 3 शेयरों में अरबों रुपये की बल्क डील! दिग्गजों ने ₹1400 करोड़ तक के लगाए दांव, रडार पर रखें स्टॉक्स

इन तीनों शेयरों में बड़े संस्थागत निवेशकों की एंट्री या हिस्सेदारी में बदलाव यह दिखाता है कि बाजार के बड़े खिलाड़ी चुनिंदा स्टॉक्स में लंबी अवधि का दांव लगा रहे हैं. अक्सर देखा जाता है कि ऐसे शेयरों में हलचल देखने को मिलती है.

FII की बड़ी एंट्री: 320 शेयरों में बढ़ाई हिस्सेदारी, 14 कंपनियों में 50% से ज्यादा बढ़ा स्टेक; देखें पूरी लिस्ट

दिसंबर 2025 तिमाही में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने 3,000 करोड़ रुपये से अधिक मार्केट कैप वाली 320 कंपनियों में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई. इनमें 14 कंपनियां ऐसी रहीं, जहां FII होल्डिंग 50 फीसदी से ज्यादा बढ़ी और 6 में दोगुनी से अधिक हो गई. हालांकि, जनवरी 2026 के बाद इन शेयरों के प्रदर्शन में बड़ा अंतर देखने को मिला- कुछ में 30 फीसदी तक तेजी आई, तो कई में 25 फीसदी तक गिरावट दर्ज हुई,

Nifty Outlook 4 March: निफ्टी का अंडरलाइंग ट्रेंड अभी भी नीचे की तरफ, एक्सपर्ट ने बताया आगे की रणनीति!

निफ्टी के लिए 24,730 से 24,700 का जोन निफ्टी के लिए अहम सपोर्ट है. अगर 24,700 के नीचे निर्णायक ब्रेकडाउन आता है तो अगला डाउनसाइड टारगेट 24,550 के पास दिख सकता है. वहीं ऊपर की तरफ 24,950 से 25,000 का जोन मजबूत रेजिस्टेंस रहेगा. 25,000 के ऊपर टिकाऊ मूव ही बाजार में दोबारा तेजी की धार ला सकता है.