26 हजार मिनिमम वेतन की बड़ी डिमांड, 8th pay commission में DA 4% करने की मांग
महंगाई, बेरोजगारी और मजदूरों के अधिकारों को लेकर सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस ने सरकार के खिलाफ हल्ला बोल दिया है. राष्ट्रपति के नाम सौंपे गए ज्ञापन में संगठन ने न्यूनतम वेतन बढ़ाने, श्रमिक विरोधी कानून वापस लेने, निजीकरण पर रोक लगाने की बड़ी मांगे रखी हैं.
सेंटर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियंस ने मजदूरों की समस्याओं को लेकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन दिया. संगठन का कहना है कि देश में मजदूर लगातार महंगाई, बेरोजगारी और निजीकरण जैसी समस्याओं से परेशान हैं. लेकिन उनकी मेहनत के हिसाब से उन्हें सही वेतन और सुविधाएं नहीं मिल रही. अब कितना होनी चाहिए न्यूनतम वेतन? सरकार से क्या मांग की गई है?