EPFO में पहली नौकरी वालों को मिलेंगे ₹15,000, ये काम करना जरूरी; जानें पूरी शर्त

पहली बार EPFO से जुड़ने वाले पात्र कर्मचारियों को PM-VBRY के तहत ₹15,000 तक का इंसेंटिव मिल सकता है. यह रकम दो किस्तों में दी जाती है. पहली किस्त छह महीने की नौकरी के बाद और दूसरी 12 महीने की सेवा व Financial Literacy Course पूरा करने पर मिलेगी. जानें कौन कर्मचारी इस योजना के लिए पात्र हैं.

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देश में पहली बार औपचारिक नौकरी शुरू करने वाले युवाओं के लिए सरकार की रोजगार योजना के तहत ₹15,000 तक का आर्थिक लाभ मिल सकता है. यह फायदा प्रधानमंत्री विकसित भारत रोजगार योजना (PM-VBRY) के तहत पात्र पहली बार EPFO से जुड़ने वाले कर्मचारियों को दिया जाता है. हालांकि, पूरा लाभ पाने के लिए कुछ जरूरी शर्तें पूरी करनी होंगी. इनमें वित्तीय साक्षरता यानी Financial Literacy Course पूरा करना भी शामिल है.

दो किस्तों में मिलता है ₹15,000 तक का फायदा

PM-VBRY के तहत पात्र कर्मचारी को अधिकतम ₹15,000 तक का इंसेंटिव दो किस्तों में दिया जाता है. पहली किस्त छह महीने की लगातार नौकरी पूरी करने के बाद मिलती है. दूसरी किस्त के लिए कर्मचारी को 12 महीने की सेवा पूरी करने के साथ निर्धारित वित्तीय साक्षरता कोर्स भी पूरा करना होगा. इस योजना का मकसद पहली बार औपचारिक रोजगार से जुड़ने वाले कर्मचारियों को आर्थिक मदद देना और उन्हें बचत, EPF और वित्तीय प्रबंधन की जानकारी देना है.

कौन ले सकता है ₹15,000 का लाभ?

इस योजना के तहत कुछ प्रमुख पात्रता शर्तें हैं. कर्मचारी की मासिक ग्रॉस सैलरी ₹1 लाख से कम होनी चाहिए. वह EPFO में रजिस्टर्ड या छूट प्राप्त संस्थान में काम करता हो. इसके अलावा कर्मचारी भारतीय निवासी होना चाहिए और उसका बैंक अकाउंट आधार से लिंक होना जरूरी है. योजना में नए जॉइनर और कुछ री-जॉइनर भी शामिल हो सकते हैं. हालांकि, नियोक्ता इस कर्मचारी इंसेंटिव के लाभार्थी नहीं हैं.

कौन माना जाएगा फर्स्ट-टाइम कर्मचारी?

योजना के लिए फर्स्ट-टाइम कर्मचारी की परिभाषा भी तय की गई है. कर्मचारी की नौकरी में जॉइनिंग 1 अगस्त 2025 से 7 जुलाई 2027 के बीच होनी चाहिए. साथ ही 1 अगस्त 2025 से पहले वह EPFO या किसी छूट प्राप्त ट्रस्ट में योगदान करने वाला सदस्य नहीं रहा हो. अगस्त 2025 या उसके बाद पहली बार उसके लिए EPF योगदान जमा होना चाहिए.

Financial Literacy Course क्यों जरूरी?

पात्र कर्मचारी को दूसरी किस्त हासिल करने के लिए निर्धारित Financial Literacy Course पूरा करना होगा. यह कोर्स EPFO के सदस्य पोर्टल के जरिए उपलब्ध कराया गया है. यानी सिर्फ नौकरी शुरू करना और छह या 12 महीने पूरे करना पर्याप्त नहीं है. पूरा इंसेंटिव हासिल करने के लिए वित्तीय साक्षरता कार्यक्रम की शर्त भी पूरी करनी होगी. 12 महीने की सेवा पूरी करने वाले पात्र कर्मचारी को दूसरी किस्त के लिए यह कोर्स पूरा करना जरूरी है.

योजना में नियोक्ताओं को भी फायदा

PM-VBRY में कर्मचारियों के साथ नियोक्ताओं के लिए भी इंसेंटिव का प्रावधान है. पात्र कंपनियों को हर योग्य नए कर्मचारी पर हर महीने ₹3,000 तक का फायदा मिल सकता है. सामान्य क्षेत्रों में यह लाभ दो साल तक और मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर में चार साल तक मिल सकता है.

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