Vedanta Demerger Ex-Date: डीमर्जर के बाद क्या होना चाहिए Vedanta का प्राइस? शेयर खरीदें या रुकें?
यह बातचीत एक कंपनी के डीमर्जर और उसके बाद होने वाली प्राइस डिस्कवरी को समझाती है. डीमर्जर के बाद अलग-अलग बिजनेस यूनिट्स जैसे पावर, एल्यूमिनियम और ऑयल-गैस अलग हो जाते हैं और जो रेजिडुअल बिजनेस बचता है उसकी नई वैल्यू तय होती है. इसके लिए स्पेशल प्री-ओपन सेशन में बाजार सही कीमत खोजता है. एनालिस्ट्स के अनुसार यह वैल्यू ₹280 से ₹375 के बीच हो सकती है. एक्सपर्ट मानते हैं कि जिंक और कॉपर बिजनेस मजबूत हैं, इसलिए लंबी अवधि में निवेश अच्छा रह सकता है, लेकिन निवेश धीरे-धीरे करना बेहतर है क्योंकि शुरुआत में कीमत में उतार-चढ़ाव ज्यादा रहता है.