दुनिया भर में तेल की कीमतों में आग लगी हुई है और इसकी वजह है पश्चिम एशिया का बढ़ता तनाव. ईरान के हमले के बाद ग्लोबल मार्केट हिल गया है. लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि जिस तेल के लिए इतना संघर्ष हो रहा है, वो आखिर जमीन के कितने नीचे छिपा होता है?
अगले कुछ दिनों तक देश के कई राज्यों में मौसम एक्टिव रहने वाला है. गरज-चमक, तेज हवाओं और बारिश के कारण तापमान में गिरावट देखने को मिल सकती है. दिल्ली समेत उत्तर भारत के कई इलाकों में 20 मार्च तक मौसम बदला हुआ रह सकता है और लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है.
पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष का असर अब भारतीय बाजारों पर साफ दिखाई देने लगा है. ड्राई फ्रूट्स से लेकर दवाओं के कच्चे माल तक कई चीजों की कीमतें तेजी से बढ़ रही हैं. अगर यह स्थिति लंबे समय तक बनी रहती है तो दिल्ली के व्यापार, उद्योग और छोटे कारोबारियों पर इसका बड़ा आर्थिक असर पड़ सकता है.
अगर किसी व्यक्ति की जमीन के नीचे तेल या प्राकृतिक गैस मिलती है, तो उस पर सीधा मालिकाना हक सरकार का होता है. हालांकि जमीन मालिक को सरकार की तरफ से मुआवजा जरूर दिया जाता है. यह मुआवजा राज्य और इलाके के हिसाब से अलग-अलग हो सकता है
दुनिया में तेल और गैस की सप्लाई पर नजर रखना पहले मुश्किल था, लेकिन अब डिजिटल प्लेटफॉर्म की मदद से यह बेहद आसान हो गया है. MarineTraffic, VesselFinder और MyShipTracking जैसे प्लेटफॉर्म की मदद से कोई भी की रियल टाइम लोकेशन देख सकता है.
रणवीर सिंह की ‘धुरंधर 2: द रिवेंज’ रिलीज से पहले ही शानदार एडवांस बुकिंग के कारण चर्चा में है. 15 लाख टिकट बिकना और 135 करोड़ रुपये से ज्यादा का प्री-रिलीज कारोबार यह दिखाता है कि फिल्म को लेकर दर्शकों में जबरदस्त उत्साह है. अब देखना दिलचस्प होगा कि रिलीज के बाद यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर कितने नए रिकॉर्ड बनाती है.
नई Renault Duster 2026 के लॉन्च से भारत के मिड-साइज SUV बाजार में मुकाबला और दिलचस्प हो गया है. मजबूत डिजाइन, नई तकनीक और बेहतर सेफ्टी फीचर्स के साथ यह गाड़ी Hyundai Creta, Kia Seltos और Maruti Grand Vitara जैसी गाड़ियों को सीधी चुनौती देती नजर आ सकती है.
पेट्रोल और डीजल को रखना पूरी तरह से मना नहीं है, लेकिन इसके लिए कानून ने सख्त सीमाएं तय की हैं. वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय के नियामक विभाग PESO की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक बिना लाइसेंस के अधिकतम 30 लीटर पेट्रोल रख सकते हैं. इसके अलावा आमतौर पर पेट्रोल 3 से 6 महीने और डीजल 6 से 12 महीने के बाद खराब होना शुरू हो सकते हैं.
गर्मी में AC चलाना जरूरी हो जाता है, लेकिन इसे समझदारी से इस्तेमाल करना और भी जरूरी है. सही तापमान, नियमित सर्विस और कुछ आसान घरेलू उपाय अपनाकर आप न सिर्फ अपने घर को ठंडा रख सकते हैं बल्कि बिजली के बिल को भी काफी हद तक कम कर सकते हैं.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर चीन, फ्रांस, जापान, दक्षिण कोरिया और ब्रिटेन समेत कई देशों से इस समुद्री मार्ग की सुरक्षा के लिए युद्धपोत भेजने की अपील की है. उन्होंने कहा कि अमेरिका जल्द ही टैंकरों को सुरक्षा देने के लिए नौसेना एस्कॉर्ट सेवा शुरू करेगा.