₹1 लाख यहां किए होते निवेश तो बन जाते ₹3 लाख, 5 साल में मिला 200% से ज्यादा रिटर्न
आरबीआई ने SGB 2021-22 Series VII के प्रीमैच्योर रिडेम्पशन की कीमत 14167 रुपये प्रति यूनिट तय की है. निवेशक 2 नवंबर 2026 से बॉन्ड भुना सकेंगे. ऑनलाइन बॉन्ड 4,715 रुपये प्रति ग्राम पर जारी हुए थे. इस हिसाब से निवेशकों को ब्याज के अलावा 200.47% का रिटर्न मिला है. यानी 1 लाख रुपये का निवेश 3 लाख रुपये से ज्यादा हो गया.

अगर आपने सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड (SGB) में निवेश किया है, तो आपके लिए अच्छी खबर है. भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने SGB 2021-22 सीरीज VII के समय से पहले पहले यानी प्रीमैच्योर रिडेम्पशन की कीमत तय कर दी है. इस सीरीज के निवेशक 2 नवंबर 2026 से अपने गोल्ड बॉन्ड को समय से पहले भुना सकेंगे. RBI ने इसके लिए प्रति यूनिट कीमत 14167 रुपये तय की है.
इस सीरीज के ऑनलाइन बॉन्ड 4715 रुपये प्रति ग्राम के भाव पर जारी किए गए थे. इस हिसाब से निवेशकों को बिना ब्याज जोड़े करीब 200.47 फीसदी का रिटर्न मिलेगा यानी अगर किसी निवेशक ने इस सीरीज में लॉन्च के समय 1 लाख रुपये लगाए थे, तो उसका निवेश अब शुरुआती रकम और रिटर्न मिलाकर 3 लाख रुपये से थोड़ा ज्यादा हो गया है. इसमें मिलने वाला ब्याज शामिल नहीं है.
2 नवंबर से करा सकेंगे समय से पहले रिडेम्पशन
RBI के मुताबिक, SGB 2021-22 सीरीज VII को 2 नवंबर 2021 को जारी किया गया था. इस सीरीज के निवेशक 2 नवंबर 2026 से प्रीमैच्योर रिडेम्पशन का विकल्प चुन सकते हैं. RBI के नियमों के मुताबिक, गोल्ड बॉन्ड को जारी होने की तारीख से पांच साल पूरे होने के बाद समय से पहले भुनाने की अनुमति होती है. हालांकि, यह सुविधा उसी तारीख पर मिलती है, जिस दिन बॉन्ड पर ब्याज का भुगतान किया जाना होता है.
कैसे तय हुई 14,167 रुपये की कीमत?
RBI के मुताबिक, गोल्ड बॉन्ड की प्रीमैच्योर रिडेम्पशन कीमत तय करने के लिए 999 शुद्धता वाले सोने के पिछले तीन कारोबारी दिनों के औसत बंद भाव का इस्तेमाल किया जाता है. ये भाव इंडिया बुलियन एंड ज्वैलर्स एसोसिएशन (IBJA) की ओर से जारी किए जाते हैं.
SGB 2021-22 सीरीज VII के लिए 28 अक्टूबर, 29 अक्टूबर और 30 अक्टूबर 2026 के सोने के बंद भाव का साधारण औसत निकाला गया. इसी आधार पर RBI ने 2 नवंबर 2026 को होने वाले प्रीमैच्योर रिडेम्पशन के लिए कीमत 14,167 रुपये प्रति यूनिट तय की है.
निवेशकों को कितना हुआ फायदा?
SGB 2021-22 सीरीज VII के ऑनलाइन बॉन्ड 4,715 रुपये प्रति ग्राम के भाव पर जारी हुए थे. अब इनकी प्रीमैच्योर रिडेम्पशन कीमत 14167 रुपये प्रति यूनिट तय की गई है. इस तरह प्रति ग्राम निवेशकों को 9452 रुपये का फायदा हो रहा है. प्रतिशत में देखें तो यह करीब 200.47% का एब्सोल्यूट रिटर्न है. इस गणना में ब्याज से होने वाली कमाई शामिल नहीं है.
वहीं, जिन निवेशकों ने इस सीरीज के बॉन्ड ऑफलाइन खरीदे थे, उनके लिए इश्यू प्राइस 4765 रुपये प्रति ग्राम था. ऑनलाइन खरीद पर निवेशकों को 50 रुपये प्रति ग्राम की छूट मिली थी.
क्या होता है सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड?
RBI के मुताबिक, सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड सरकार की ओर से जारी की जाने वाली ऐसी सिक्योरिटीज हैं, जिनकी कीमत सोने के ग्राम के हिसाब से तय होती है. ये बॉन्ड फिजिकल गोल्ड रखने के विकल्प के तौर पर पेश किए जाते हैं. इन बॉन्ड को केंद्र सरकार की ओर से भारतीय रिजर्व बैंक जारी करता है. निवेशकों को बॉन्ड खरीदते समय इसकी तय इश्यू कीमत चुकानी होती है. मैच्योरिटी पर बॉन्ड की कीमत के हिसाब से भुगतान किया जाता है.
SGB पर कितना मिलता है ब्याज?
सॉवरेन गोल्ड बॉन्ड पर निवेशकों को शुरुआती निवेश की रकम पर हर साल 2.50% की तय ब्याज दर से ब्याज मिलता है. हालांकि, वित्त वर्ष 2015-16 में जारी किए गए SGB पर 2.75% सालाना ब्याज दिया जाता था. ब्याज का भुगतान हर छह महीने में निवेशक के बैंक खाते में किया जाता है. बॉन्ड की मैच्योरिटी पर आखिरी ब्याज और मूल निवेश की रकम का भुगतान एक साथ किया जाता है.
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