AI में सुस्ती की खबरों से IT शेयरों में तेजी, HCL Tech, TCS, Infosys 5-7% चढ़े, Nifty IT में लगभग 5 फीसदी का उछाल

दुनिया के कुछ बड़े AI एग्जीक्यूटिव्स ने इस टेक्नोलॉजी से जुड़े संभावित खतरों को देखते हुए, तेजी से शक्तिशाली होते जा रहे AI मॉडल्स के डेवलपमेंट को धीमा करने की मांग की है. इसके बाद भारतीय IT शेयरों में जबरदस्त उछाल देखा गया.

आईटी के शेयरों में उछाल. Image Credit: CANVA

मंगलवार को भारतीय IT शेयरों में जोरदार तेजी आई. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) के बड़े अधिकारियों द्वारा AI डेवलपमेंट की रफ्तार धीमी करने की मांग के बाद HCL Tech के शेयरों में लगभग 7 फीसदी और TCS और Infosys के शेयरों में लगभग 5-5 फीसदी की बढ़त देखी गई.

इस तेजी से Nifty IT इंडेक्स में लगभग 5 फीसदी का उछाल आया और सुबह के कारोबार में Nifty 50 पर बढ़त दिलाने में टेक्नोलॉजी शेयरों की अहम भूमिका रही.

सबसे अधिक उछाल वाला इंडेक्स

सुबह करीब 9:44 बजे निफ्टी IT इंडेक्स 4.69 फीसदी बढ़कर 30,279 पर पहुंच गया, जिससे यह सबसे अधिक बढ़त वाला सेक्टर बन गया. निफ्टी 50 में सबसे ज्यादा बढ़त वाले शेयरों में पांच बड़ी IT कंपनियों के शेयर शामिल थे.

इन शेयरों में बंपर तेजी

HCL टेक के शेयर 6.75 फीसदी बढ़कर 1,287.5 रुपये पर, टेक महिंद्रा 5.29 फीसदी बढ़कर 1,622.5 रुपये पर और TCS 5.26 फीसदी बढ़कर 2,316.6 रुपये पर पहुंच गए. इंफोसिस 4.91 फीसदी बढ़कर 1,088.7 रुपये पर पहुंच गया, जबकि विप्रो 2.9 फीसदी बढ़कर 172.26 रुपये पर पहुंच गया.

मिडकैप टेक्नोलॉजी शेयर

यह तेजी मिडकैप टेक्नोलॉजी शेयरों में भी देखी गई. Mphasis 5.69 फीसदी बढ़कर 2,424.7 रुपये पर, KPIT टेक्नोलॉजीज 4.35 फीसदी बढ़कर 578.1 रुपये पर और टाटा एलेक्सी 4.22 फीसदी बढ़कर 3,528 रुपये पर पहुंच गए. हेक्सावेयर टेक्नोलॉजीज 3.86 फीसदी बढ़कर 516.4 रुपये पर पहुंच गया, जबकि पर्सिस्टेंट सिस्टम्स 3.26 फीसदी बढ़कर 5,717.7 रुपये पर पहुंच गया.

AI के गलत इस्तेमाल को लेकर चिंताएं

दुनिया के कुछ बड़े AI एग्जीक्यूटिव्स ने AI टेक्नोलॉजी से जुड़े संभावित खतरों को देखते हुए, तेजी से शक्तिशाली होते जा रहे AI मॉडल्स के डेवलपमेंट को धीमा करने की अपील की. ​​इसके बाद भारतीय IT शेयरों में जबरदस्त हलचल देखी गई.

एन्थ्रोपिक (Anthropic) के CEO डारियो अमोदेई ने शनिवार को X पर एक लेख शेयर किया. इसमें उन्होंने AI कंपनियों से अपील की कि वे मॉडल की क्षमताओं को बढ़ाने की रफ्तार धीमी करें, क्योंकि AI के गलत इस्तेमाल को लेकर चिंताएं बढ़ रही हैं.

OpenAI के CEO सैम ऑल्टमैन और xAI के प्रमुख एलन मस्क ने कहा कि वे अमोदेई की बात से सहमत हैं. ऑल्टमैन ने यह भी कहा कि सुरक्षा संबंधी चिंताओं के कारण OpenAI इस साल IPO नहीं लाएगा.

AI से जुड़े शेयरों में गिरावट

इन चेतावनियों का दुनिया भर में AI से जुड़े बड़े शेयरों पर उल्टा असर पड़ा. सोमवार को ऐसे शेयरों में भारी गिरावट आई, जबकि वॉल स्ट्रीट भी गिरावट के साथ बंद हुआ क्योंकि Nvidia और दूसरी चिप बनाने वाली कंपनियों के शेयरों में गिरावट का बाजार पर असर पड़ा. इन चेतावनियों ने AI डेवलपमेंट की रफ़्तार और इस टेक्नोलॉजी को सपोर्ट करने वाले इंफ्रास्ट्रक्चर में निवेश किए जा रहे अरबों डॉलर पर सवाल खड़े कर दिए.

पिछड़ रहा था आईटी सेक्टर

हालांकि, भारतीय IT सर्विस शेयरों के मामले में, निवेशकों ने AI डेवलपमेंट के धीमे होने की संभावना पर सकारात्मक प्रतिक्रिया दी. पिछले एक साल में यह सेक्टर बाजार में पिछड़ रहा था, क्योंकि नए AI टूल्स के तेजी से आने से पारंपरिक सॉफ्टवेयर सर्विस कंपनियों के बिजनेस मॉडल पर खतरा मंडराने लगा था और इस बात को लेकर चिंताएं बढ़ गई थीं कि मौजूदा टेक्नोलॉजी के काम को किस हद तक ऑटोमेट किया जा सकता है.

IT शेयरों में आई तेजी ने कई दूसरे सेक्टर में कमजोरी के बावजूद भारतीय बाजार को सकारात्मक स्थिति में बनाए रखने में मदद की. सुबह 9:44 बजे, सेंसेक्स 260 अंक या 0.35 फीसदी बढ़कर 75,042 पर था, जबकि निफ्टी 50 में 65 अंक या 0.28 फीसदी की बढ़त हुई और यह 23,463 पर पहुंच गया.

आईटी कंपनियों का बड़ा योगदान

अलग-अलग सेक्टर में स्थिति बिल्कुल अलग-अलग थी. जहां निफ्टी IT में लगभग 5 फीसदी की तेजी आई, वहीं निफ्टी रियल्टी इंडेक्स में 0.75 प्रतिशत, निफ्टी मेटल में 0.79 प्रतिशत और निफ्टी एनर्जी इंडेक्स में 0.49 प्रतिशत की गिरावट आई. निफ्टी मिडकैप 100 और निफ्टी स्मॉलकैप 100 भी मामूली रूप से नीचे थे, जो बेंचमार्क इंडेक्स की बढ़त में बड़ी IT कंपनियों के शेयरों के बड़े योगदान को दर्शाता है.

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डिस्क्लेमर: Money9live कभी भी किसी शेयर, आईपीओ और म्यूचुअल फंड में निवेश की सलाह नहीं देता है. ये खबर केवल आपकी जानकारी के लिए है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.