Vedanta ने किया बड़ा ऐलान, रियल एस्टेट कारोबार होगा अलग, शेयरधारकों को मिलेगा नया शेयर

वेदांता ने अपने रियल एस्टेट कारोबार को अलग कर नई कंपनी वेदांता प्रॉपर्टी प्लेटफॉर्म्स लिमिटेड बनाने का फैसला किया है. डिमर्जर के बाद निवेशकों को वेदांता के प्रत्येक 20 शेयरों पर नई कंपनी का 1 शेयर मिलेगा.

डिमर्जर के बाद निवेशकों को वेदांता के प्रत्येक 20 शेयरों पर नई कंपनी का 1 शेयर मिलेगा. Image Credit: TV9 Bharatvarsh

Vedanta Demerger: वेदांता ने अपने रियल एस्टेट कारोबार को अलग करने का फैसला किया है. कंपनी ने इस कारोबार को Vedanta Property Platforms Limited यानी VPPL में ट्रांसफर करने को मंजूरी दे दी है. डिमर्जर के बाद यह एक अलग लिस्टेड रियल एस्टेट कंपनी होगी. इस कदम का मकसद कंपनी की गैर एसेट से बेहतर वैल्यू हासिल करना है. प्रस्ताव को रेगुलेटरी मंजूरी मिलने के बाद इसे लागू किया जाएगा. डिमर्जर के बाद वेदांता के मौजूदा शेयरधारकों को नई कंपनी के शेयर भी मिलेंगे.

शेयरधारकों को कैसे मिलेंगे नए शेयर

डिमर्जर योजना के तहत वेदांता के हर 20 इक्विटी शेयर पर निवेशकों को VPPL का एक पूरी तरह चुकता इक्विटी शेयर मिलेगा. इसके लिए निवेशकों को कोई अतिरिक्त पेमेंट नहीं करना होगा. कंपनी ने कहा है कि नई कंपनी के शेयर बीएसई और एनएसई पर लिस्ट कराने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी. इसके लिए जल्द ही स्टॉक एक्सचेंज से जरूरी मंजूरी मांगी जाएगी.

2200 एकड़ जमीन नई कंपनी में जाएगी

डिमर्जर के बाद करीब 2200 एकड़ इडस्ट्रिलय जमीन और लगभग 55000 वर्ग फुट आवासीय और कमर्शियल प्रॉपटी VPPL के पास चली जाएंगी. कंपनी के अनुसार यह पोर्टफोलियो देशभर में 22 अलग- अलग एसेट का है. इनमें महाराष्ट्र, गोवा, तमिलनाडु, गुजरात और कर्नाटक में स्थित जमीन, फ्लैट, इमारतें और बंगले शामिल हैं.

बेहतर वैल्यू निकालने की तैयारी

वेदांता ने बताया कि यह रियल एस्टेट संपत्तियां कई वर्षों में अलग- अलग अधिग्रहण के जरिए कंपनी के पास आई थीं. अब तक इनका पूरा उपयोग नहीं हो पाया था. अलग कंपनी बनने के बाद इन संपत्तियों का बेहतर मैनेजमेट होगा. इससे निवेशकों को कारोबार की स्पष्ट जानकारी मिलेगी और इन एसेट का सही वैल्यू सामने आ सकेगा.

नई कंपनी करेगी कई तरह के प्रोजेक्ट

VPPL एक स्वतंत्र रियल एस्टेट प्लेटफॉर्म के रूप में काम करेगी. कंपनी जमीन का विकास, लीज, प्रबंधन और बिक्री जैसे काम करेगी. इसके अलावा आवासीय, कमर्शियल, रिटेल, इंडस्ट्रियल, होटल वाले प्रोजेक्ट भी विकसित किए जा सकते हैं. कंपनी औद्योगिक पार्क, लॉजिस्टिक्स पार्क, डाटा सेंटर और आईटी पार्क जैसे प्रोजेक्ट पर भी काम कर सकती है.

समूह की अन्य संपत्तियां भी जुड़ सकती हैं

वेदांता ने कहा कि भविष्य में VPPL समूह की अन्य कंपनियों की रियल एस्टेट संपत्तियों को भी अपने साथ जोड़ने की संभावना तलाशेगी. इसके अलावा मीनाक्षी एनर्जी और इंकैब इंडस्ट्रीज जैसी समूह कंपनियों की रियल एस्टेट परिसंपत्तियों के अधिग्रहण पर भी विचार किया जा सकता है. हालांकि यह मौजूदा डिमर्जर योजना का हिस्सा नहीं है.

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कंपनी ने क्या कहा

वेदांता का कहना है कि इस डिमर्जर से प्रमोटर समूह को कोई अतिरिक्त या विशेष लाभ नहीं मिलेगा. नई कंपनी के शेयर सभी पात्र शेयरधारकों को समान अनुपात में दिए जाएंगे. कंपनी का मानना है कि अलग रियल एस्टेट प्लेटफॉर्म बनने से कारोबार की वैल्यू बढ़ेगी और भविष्य में विकास के नए अवसर मिलेंगे.