रुपया 2 पैसे गिरकर 95.76 प्रति डॉलर पर बंद, महंगे कच्चे तेल और बाजार की कमजोरी का दबाव

भारतीय रुपया बुधवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 2 पैसे कमजोर होकर 95.76 के स्तर पर बंद हुआ. पश्चिम एशिया में तनाव के बीच कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से रुपये पर दबाव बढ़ा. घरेलू शेयर बाजार में गिरावट ने भी रुपये की कमजोरी बढ़ाई.

रुपया कमजोर होकर 94.65 बंद हुआ. Image Credit: @AI/Money9live

भारतीय रुपया बुधवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 2 पैसे कमजोर होकर 95.76 के स्तर पर बंद हुआ. पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव के बीच कच्चे तेल की कीमतों में तेजी से रुपये पर दबाव बना. घरेलू शेयर बाजार में गिरावट ने भी रुपये की कमजोरी बढ़ाई. हालांकि भारतीय रिजर्व बैंक के हस्तक्षेप और विदेशी निवेश से रुपये को कुछ सपोर्ट मिला. मंगलवार को रुपया 13 पैसे गिरकर 95.74 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था.

कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों से रुपये पर दबाव

विदेशी मुद्रा कारोबारियों के मुताबिक महंगे कच्चे तेल ने रुपये की कमजोरी में अहम भूमिका निभाई. पश्चिम एशिया में तनाव बढ़ने से तेल की कीमतों में तेजी आई है. ब्रेंट क्रूड वायदा 0.92 फीसदी बढ़कर 91.86 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया. भारत अपनी कच्चे तेल की जरूरत का एक बड़ा हिस्सा आयात करता है. ऐसे में तेल महंगा होने से डॉलर की मांग बढ़ सकती है और रुपये पर दबाव बना रह सकता है.

दिनभर सीमित दायरे में कारोबार

इंटरबैंक फॉरेन करेंसी मार्केट में रुपया 95.72 प्रति डॉलर पर खुला. कारोबार के दौरान यह 95.72 से 95.76 के बहुत सीमित दायरे में रहा. अंत में रुपया 95.76 के स्तर पर बंद हुआ. पिछले कारोबारी सत्र में रुपया 13 पैसे कमजोर होकर 95.74 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था. बुधवार को रुपये में बड़ी गिरावट नहीं देखने को मिली.

यह भी पढ़ें- AI का असर, प्राइवेट बैंकों ने एक साल में घटाए 10114 नौकरियां, जानें क्यों बदला हायरिंग का तरीका

शेयर बाजार की गिरावट ने बढ़ाया दबाव

घरेलू शेयर बाजार में तेज गिरावट का असर भी रुपये पर देखने को मिला. सेंसेक्स 325.78 अंक यानी 0.42 फीसदी गिरकर 76,909.68 पर बंद हुआ. वहीं निफ्टी 76.60 अंक यानी 0.32 फीसदी की गिरावट के साथ 24,078.30 पर बंद हुआ. कमजोर शेयर बाजार से विदेशी करेंसी के फ्लो को लेकर भी बाजार की मार्केट सेंटीमेंट हो सकती है.

Loading...
Unable to load recommendations.