IFCI Share में 12% उछाल, NSE IPO की चर्चा से शेयर ने बनाया 52 हफ्ते का नया हाई
IFCI के शेयरों में शुक्रवार को 12 फीसदी तक तेजी आई और शेयर 107.45 रुपये के नए 52 हफ्ते के उच्च स्तर पर पहुंच गया. यह लगातार तीसरा सत्र है जब IFCI ने नया हाई बनाया है. शेयर में तेजी की प्रमुख वजह NSE के प्रस्तावित IPO को लेकर बढ़ती उम्मीद है. IFCI के पास Stock Holding Corporation of India की 50 फीसदी से ज्यादा हिस्सेदारी है.

IFCI के शेयर में शुक्रवार को जोरदार तेजी देखने को मिली और यह 12 फीसदी तक चढ़कर 107.45 रुपये के स्तर पर पहुंच गया. इस तेजी के साथ शेयर ने लगातार तीसरे कारोबारी सत्र में 52 हफ्ते का नया उच्च स्तर बनाया. शुक्रवार को IFCI का शेयर 96.01 रुपये पर खुला, जबकि इसका पिछला बंद भाव 95.92 रुपये था. कारोबार के दौरान शेयर 107.45 रुपये तक पहुंचा और BSE पर सबसे ज्यादा तेजी वाले शेयरों में रहा. शेयर में तेजी की प्रमुख वजह NSE के प्रस्तावित IPO को लेकर बढ़ती उम्मीद को माना जा रहा है. पिछले 1 महीने में IFCI का शेयर करीब 35 फीसदी चढ़ चुका है.
100 रुपये के पार पहुंचा IFCI
IFCI का शेयर लगातार दूसरे कारोबारी सत्र में 100 रुपये के स्तर के ऊपर रहा. यह एक ऐसा स्तर है जिसे शेयर ने लंबे समय से पार नहीं किया था. दिसंबर 2007 में IFCI का शेयर कारोबार के दौरान 107 रुपये तक पहुंचा था. इसके बाद करीब 19 साल तक शेयर 100 रुपये के स्तर से नीचे कारोबार करता रहा. अब NSE IPO की चर्चा के बीच शेयर में एक बार फिर खरीदारी बढ़ गई है. शुक्रवार को शेयर ने 107.45 रुपये का नया 52 हफ्ते का उच्च स्तर बनाया.
NSE IPO को लेकर क्यों बढ़ा उत्साह
NSE के प्रस्तावित IPO की प्रक्रिया आगे बढ़ने की उम्मीद से बाजार में निवेशकों का उत्साह बढा है. SEBI के चेयरमैन तुहिन कांत पांडे ने कहा था कि NSE के ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस को मंजूरी देने की प्रक्रिया अंतिम चरण के करीब है. इस बयान के बाद NSE की लिस्टिंग को लेकर उम्मीद और मजबूत हुई है. NSE ने जून में SEBI के पास IPO से जुड़ा ड्राफ्ट प्रॉस्पेक्टस जमा किया था. मौजूदा शेयरधारक करीब 14.89 करोड़ शेयर बेचने की योजना बना रहे हैं. यह NSE की कुल इक्विटी के करीब 6 फीसदी हिस्से के बराबर है.
NSE से IFCI का क्या कनेक्शन है
NSE के IPO की खबर IFCI के लिए इसलिए अहम है क्योंकि कंपनी की NSE में अप्रत्यक्ष हिस्सेदारी है. IFCI के पास Stock Holding Corporation of India की 50 फीसदी से ज्यादा हिस्सेदारी है. Stock Holding Corporation of India के पास NSE में 4 फीसदी से ज्यादा हिस्सेदारी है. ऐसे में NSE की लिस्टिंग की संभावना मजबूत होने से IFCI के प्रति निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ सकती है. निवेशक NSE की संभावित लिस्टिंग से IFCI को मिलने वाले अप्रत्यक्ष लाभ पर नजर रख रहे हैं. इसी वजह से NSE IPO से जुड़ी हर नई जानकारी IFCI के शेयर के लिए अहम मानी जा रही है.
5.26 लाख करोड रुपये तक हो सकती है NSE की वैल्यू
रिपोर्ट्स के मुताबिक, NSE के प्रस्तावित IPO में एक्सचेंज की वैल्यू करीब 5.26 लाख करोड़ रुपये तक हो सकती है. यह करीब 55 अरब डॉलर के बराबर बताई जा रही है. IPO में मौजूदा शेयरधारकों की ओर से शेयरों की बिक्री की जाएगी. इसके तहत करीब 14.89 करोड़ शेयरों की बिक्री की योजना है. यह NSE की कुल इक्विटी के करीब 6 फीसदी हिस्से के बराबर है. अगर IPO प्रक्रिया आगे बढ़ती है तो NSE से जुड़ी कंपनियों के शेयरों पर भी इसका असर देखने को मिल सकता है.
1 महीने में 35 फीसदी चढ़ा IFCI शेयर
IFCI के शेयर में पिछले कुछ समय से लगातार खरीदारी देखने को मिल रही है. पिछले 1 महीने में शेयर करीब 35 फीसदी मजबूत हुआ है. NSE IPO की चर्चा को इस तेजी के प्रमुख कारणों में शामिल किया जा रहा है. शुक्रवार की तेजी के बाद शेयर 107.45 रुपये के नए 52 हफ्ते के उच्च स्तर पर पहुंच गया. लगातार तीसरे दिन नया उच्च स्तर बनने से शेयर में निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी का पता चलता है. हालांकि आगे शेयर की चाल NSE IPO की प्रगति और बाजार के रुख पर निर्भर करेगी.