Closing Bell: एक्सपायरी के दिन सेंसेक्स 539 अंक गिरा, निफ्टी 24150 के नीचे बंद हुआ; हिंडाल्को 3% और M&M 2% टूटे
Closing Bell: भारतीय शेयर बाजार में सुबह की सारी बढ़त खत्म हो गई और यह भारी गिरावट के साथ बंद हुआ. क्लोजिंग ऑक्शन सेशन (CAS) शुरू होने के बाद पहली मंथली एक्सपायरी पर, सेशन के आखिर में सेंसेक्स में जबरदस्त गिरावट देखी गई.

Closing Bell: गुरुवार को भारतीय शेयर बाजार बढ़त के साथ खुले लेकिन जल्द ही गिरावट में आ गए, क्योंकि तेल की कीमतों में कमी आई. इसकी वजह यह उम्मीद थी कि ईरान और ओमान के बीच बातचीत से अहम ‘स्ट्रेट ऑफ होर्मुज’ के फिर से खुलने का रास्ता बन सकता है. वहीं, एनवीडिया (Nvidia) के अच्छे नतीजों ने दूसरे एशियाई बाजारों को सहारा दिया.
27 अगस्त को भारतीय इक्विटी इंडेक्स लगातार दूसरे सेशन में गिरावट के साथ बंद हुए.
सेंसेक्स 539.35 अंक या 0.70 फीसदी गिरकर 76,933.59 पर और निफ्टी 116.90 अंक या 0.48 फीसदी गिरकर 24,090.85 पर बंद हुआ. लगभग 1736 शेयरों में बढ़त हुई, 2392 शेयरों में गिरावट आई और 167 शेयरों में कोई बदलाव नहीं हुआ.
CAS को इसी महीने की शुरुआत में पेश किया गया था, जिसने फ्यूचर्स एंड ऑप्शंस (F&O) सेगमेंट में शामिल शेयरों के लिए क्लोजिंग प्राइस तय करने का तरीका बदल दिया है. साथ ही आखिरी समय में बाजार में काफी उतार-चढ़ाव भी देखने को मिलल रहा है.
आज के कारोबार में 3:27 बजे (प्री क्लोजिंग सेशन) सेंसेक्स 0.37 फीसदी की साथ कारोबार कर रहा था
फिर अगले तीन मिनट में तेज गिरावट आई और सेंसेक्स 0.70 फीसदी गिरकर बंद हुआ. यानी CAS के दौरान बाजार की चाल में काफी उतार-चढ़ाव देखने को मिल रहा है और आंकड़े तेजी से बदल रहे हैं.
क्या है CAS?
भारतीय शेयर बाजार में CAS का मतलब ‘क्लोजिंग ऑक्शन सेशन’ है. यह 20 मिनट का ट्रेडिंग सेशन है जिसे SEBI ने शेयरों के लिए सही और पारदर्शी आधिकारिक क्लोजिंग प्राइस तय करने के लिए शुरू किया. यह योग्य शेयरों के लिए ट्रेडिंग के दिनों में दोपहर 3:15 बजे से 3:35 बजे तक चलता है.
योग्य शेयरों के लिए लगातार रेगुलर ट्रेडिंग दोपहर 3:15 बजे खत्म होती है. इस सेशन के दौरान, एक्सचेंज सभी खरीद और बिक्री के ऑर्डर इकट्ठा करता है, लेकिन उन्हें तुरंत पूरा नहीं करता है.
टॉप गेनर्स और लूजर्स
निफ्टी पर सबसे अधिक गिरने वाले शेयरों में हिंडाल्को इंडस्ट्रीज, HDFC बैंक, M&M, HCL टेक्नोलॉजीज और श्रीराम फाइनेंस शामिल थे, जबकि बढ़त वाले शेयरों में कोटक महिंद्रा बैंक, अडानी एंटरप्राइजेज, भारत इलेक्ट्रॉनिक्स, सिप्ला और अडानी पोर्ट्स शामिल थे.
सेक्टोरल इंडेक्स
सेक्टर की बात करें तो कंज्यूमर ड्यूरेबल्स और फार्मा में लगभग 1 फीसदी की बढ़त हुई, जबकि मीडिया, मेटल, ऑयल एंड गैस, PSU बैंक, ऑटो और FMCG में 0.4-0.9% की गिरावट आई.
निफ्टी मिडकैप और स्मॉलकैप इंडेक्स मामूली गिरावट के साथ बंद हुए.
निवेशकों की नजर
निवेशक महंगाई, ब्याज दरों और पॉलिसी आउटलुक के बारे में संकेतों के लिए फेड चेयरमैन के आने वाले जैक्सन होल एड्रेस पर भी बारीकी से नजर रखेंगे, क्योंकि इससे ग्लोबल रिस्क सेंटीमेंट और उभरते बाजारों में कैपिटल फ्लो पर असर पड़ सकता है.
52 वीक हाई पर ये स्टॉक्स
वेल्सपन कॉर्प, HFCL, सोलर इंडस्ट्रीज, जिंदल सॉ, एंथम बायोसाइंसेज, ईथर इंडस्ट्रीज, लॉरस लैब्स, ग्लेनमार्क फार्मा, डिविस लैब्स, ग्लैक्सोस्मिथक्लाइन फार्मास्यूटिकल्स और JSW स्टील समेत 140 से अधिक शेयरों ने 52-हफ्ते का उच्चतम स्तर छुआ.
भारतीय रुपया
गुरुवार को भारतीय रुपया 13 पैसे गिरकर 95.54 रुपये प्रति डॉलर पर बंद हुआ, जबकि मंगलवार को यह 95.41 रुपये पर बंद हुआ था.