देश में बढ़ा इलेक्ट्रिक वाहनों का क्रेज! 67 हजार से ज्यादा लगे चार्जर, 16.72 लाख बिकीं गाड़ियां; सरकार ने जारी किए आंकड़े

देश में इलेक्ट्रिक वाहनों के लिए चार्जिंग व्यवस्था तेजी से बढ़ रही है. 7 अगस्त 2026 तक राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में 67,657 EV चार्जर लगाए गए हैं, जिनमें 1,139 बैटरी बदलने वाले स्टेशन के चार्जर शामिल हैं. वहीं, 30 जून 2026 तक FAME-II के तहत 16.72 लाख इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री हो चुकी थी.

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देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने की सरकारी कोशिशों के बीच चार्जिंग व्यवस्था का भी विस्तार हो रहा है. भारी उद्योग मंत्रालय के मुताबिक, 7 अगस्त 2026 तक देश के अलग-अलग राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में कुल 67657 EV चार्जर लगाए जा चुके हैं. इनमें 1139 बैटरी बदलने वाले स्टेशन के चार्जर भी शामिल हैं.

मंत्रालय ने बुधवार को इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने वाली सरकारी योजनाओं की प्रगति की जानकारी दी. इसके मुताबिक, 30 जून 2026 तक FAME-II योजना के तहत 16.72 लाख इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री हो चुकी थी.

इलेक्ट्रिक वाहनों और चार्जर पर GST घटाकर 5 फीसदी

सरकार ने इलेक्ट्रिक वाहनों और उनके चार्जर या चार्जिंग स्टेशन पर GST घटाकर 5 फीसदी कर दिया है. मंत्रालय ने इसे देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए उठाए गए कदमों में शामिल किया है. इसके अलावा, सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने बैटरी से चलने वाले वाहनों के लिए हरे रंग की नंबर प्लेट की व्यवस्था की है. ऐसे वाहनों को परमिट की जरूरत से भी छूट दी गई है.

FAME-I और FAME-II के तहत कितने वाहन बिके?

मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक, 30 जून 2026 तक FAME-I के तहत 2.80 लाख इलेक्ट्रिक वाहनों को सहायता दी गई. वहीं, FAME-II के तहत 16.72 लाख इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री हुई. इसमें इलेक्ट्रिक दोपहिया, तिपहिया और चारपहिया वाहन शामिल हैं.

इसके अलावा, 31 जुलाई 2026 तक योजना के तहत 5,299 इलेक्ट्रिक बसें भी तैनात की जा चुकी हैं.

PM E-DRIVE से 26.59 लाख EV को मदद

सरकार की PM E-DRIVE योजना के तहत 26.59 लाख इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री को सहायता मिली है. वहीं, ऑटो और ऑटो कलपुर्जों के लिए लाई गई उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन योजना यानी PLI के तहत 31 मार्च 2026 तक करीब 21.30 लाख इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री हुई.

PM-eBus Sewa के तहत 27,555 इलेक्ट्रिक बसें

सरकार की PM-eBus Sewa-Payment Security Mechanism (PSM) योजना के तहत 10 जुलाई 2026 तक 27,555 इलेक्ट्रिक बसें शामिल थीं. इस योजना का मकसद देश में इलेक्ट्रिक बसों के इस्तेमाल को बढ़ावा देना है.

FAME-II पर खर्च हुए ₹11,500 करोड़

FAME India योजना के दूसरे चरण यानी FAME-II को 1 अप्रैल 2019 से 31 मार्च 2024 तक पांच साल के लिए लागू किया गया था. इसके लिए कुल 11,500 करोड़ रुपये का बजट रखा गया था.

योजना के तहत इलेक्ट्रिक दोपहिया, तिपहिया और चारपहिया वाहनों की खरीद को प्रोत्साहन दिया गया. इसके अलावा इलेक्ट्रिक बसों और देशभर में सार्वजनिक चार्जिंग स्टेशन लगाने के लिए भी अनुदान दिया गया.

67 हजार से ज्यादा चार्जर, बढ़ रहा EV का आधार

सरकार के आंकड़ों से साफ है कि देश में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री बढ़ाने के साथ-साथ उन्हें चार्ज करने की व्यवस्था पर भी जोर दिया जा रहा है. 7 अगस्त 2026 तक 67,657 EV चार्जर लगाए जा चुके हैं, जबकि अलग-अलग सरकारी योजनाओं के तहत लाखों इलेक्ट्रिक वाहनों को सहायता मिली है. इससे देश में इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल के लिए जरूरी बुनियादी ढांचा मजबूत होने का संकेत मिलता है.

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