₹18,000 करोड़ Adani में, Reliance से पैसा क्यों निकाल रहे Foreign Investors?
क्या भारत की अगली ग्रोथ स्टोरी बदल रही है? क्या विदेशी निवेशक अब Reliance से भरोसा हटाकर अडानी पर बड़ा दांव लगाने जा रहे हैं? अगर दुनिया की बड़ी इन्वेस्टमेंट कंपनी अचानक अपना पैसा एक बिजनेस ग्रुप से निकालकर दूसरे ग्रुप में लगाने लगे तो क्या यह सिर्फ इन्वेस्टमेंट है या आने वाले भारत की दिशा का संकेत? क्योंकि एक ऐसी खबर आई है जिसने दलाल स्ट्रीट से लेकर कॉर्पोरेट इंडिया तक चर्चा को तेज कर दिया है. अमेरिका की दिग्गज इन्वेस्टमेंट फर्म कैपिटल ग्रुप ने पिछले कुछ हफ्तों में अडानी ग्रुप की कंपनियों में 2 बिलियन यानी करीबन 17 से 18,000 करोड़ का बड़ा दांव लगाया है.
जबकि दूसरी तरफ वहां धीरे-धीरे वह कंपनी Reliance Industries में से अपनी हिस्सेदारी कम करती दिखाई दे रही है. अब सवाल यह है कि आखिर ऐसा क्यों? क्या फॉरेन इन्वेस्टर्स को लगने लगा है कि इंडिया की अगली ग्रोथ हिस्टोरी अब टेलीकॉम और रिटेल नहीं बल्कि पोर्ट्स, पावर्स, मैन्युफैक्चरिंग और ग्रीन एनर्जी बनने वाली है?