कच्चे तेल की कीमतों में फिर से उबाल, ब्रेंट क्रूड 113 डॉलर के करीब पहुंचा; सऊदी अरब में हमले से बढ़ी टेंशन
Crude Oil Price Today: सऊदी अरब में हुए घातक हमलों के बाद US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड की कीमत भी बढ़कर 99 डॉलर के करीब पहुंच गई. वैश्विक बेंचमार्क माने जाने वाले ब्रेंट क्रूड की कीमतों में इस साल 80 फीसदी से अधिक की बढ़ोतरी हुई है.

Crude Oil Price Today: कच्चे तेल की कीमतें एक बार फिर से उबल रही हैं. गुरुवार को दोपहर करीब 1:30 बजे ब्रेंट क्रूड ऑयल की कीमतें 3.23 फीसदी बढ़कर लगभग 112.27 डॉलर प्रति बैरल हो गईं. वहीं, सऊदी अरब में हुए घातक हमलों के बाद US वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (WTI) क्रूड की कीमत भी बढ़कर 99 डॉलर के करीब पहुंच गई. अमेरिका ने सऊदी अरब स्थित अपने दूतावासों से कुछ कर्मचारियों और उनके परिवारों को वहां से निकलने का आदेश दिया है.
तेल सप्लाई की चिंता बढ़ी
इन हमलों के बाद क्रूड की कीमतों में आई तेजी ने इस चिंता को बढ़ा दिया है कि पश्चिम एशिया में बढ़ती शत्रुता तेल की आपूर्ति को बाधित कर सकती है, जबकि होर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) से होने वाला निर्यात तेज हो गया है.
80 फीसदी बढ़ी है क्रूड की कीमत
वैश्विक बेंचमार्क माने जाने वाले ब्रेंट क्रूड की कीमतों में इस साल 80 फीसदी से अधिक की बढ़ोतरी हुई है. ऐसा तब हुआ जब अमेरिका-ईरान तनाव के कारण फारस की खाड़ी से होने वाली तेल की सप्लाई् बाधित हो गई. यह संघर्ष अब अपने नौवें महीने में प्रवेश कर रहा है.
हाल के हफ्तों में क्रूड का निर्यात बढ़ा है और यह संघर्ष से पहले के स्तर के करीब पहुंच रहा है, क्योंकि टैंकर अपनी पहचान छिपाने के लिए अपने ट्रांसपोंडर बंद कर रहे हैं. हालांकि, तेल उत्पादों की शिपमेंट अभी भी सीमित बनी हुई है.
हाल के हफ्तों में ईरान ने होर्मुज स्ट्रेट में जहाजों पर हमले तेज कर दिए हैं, जबकि तेहरान समर्थित हूथी विद्रोहियों ने कई बार सऊदी अरब को निशाना बनाया है.
नए सिरे से हमले की तैयारी
‘द न्यूयॉर्क टाइम्स’ की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी अधिकारियों और इस मामले की जानकारी रखने वाले अन्य लोगों ने बताया है कि अमेरिका और इजरायल ने अगले महीने होने वाले अमेरिकी मिड टर्म चुनावों (Midterm Elections) के बाद ईरान पर नए सिरे से हमले करने की योजना तैयार की है.
रूसी डीजल टैंकर अमेरिका रवाना
इस बीच, रूस के उप प्रधानमंत्री अलेक्जेंडर नोवाक ने बुधवार को पत्रकारों को बताया कि रूस एक सप्लाई समझौते को लागू करने जा रहा है, जिसके तहत रूसी डीजल ले जा रहा एक टैंकर गुरुवार को अमेरिका के लिए रवाना होगा. यह जानकारी ‘तास’ (Tass) समाचार एजेंसी के हवाले से सामने आई है.