Cochin Shipyard में 5% हिस्सेदारी बेचेगी सरकार, खुला OFS, मार्केट से 7% कम है फ्लोर प्राइस; शेयरों पर रखें पैनी नजर
सरकार ने Cochin Shipyard में अपनी 5% तक हिस्सेदारी बेचने का फैसला किया है. ₹1,400 प्रति शेयर के फ्लोर प्राइस पर यह Offer for Sale (OFS) 7 जुलाई से गैर-रिटेल निवेशकों और 8 जुलाई से रिटेल निवेशकों के लिए खुलेगा. फ्लोर प्राइस बाजार भाव से करीब 7% कम रखा गया है. ऐसे में आज बाजार खुलते ही Cochin Shipyard के शेयरों पर निवेशकों की खास नजर रहेगी.

अगर आप शेयर बाजार में कमाई का मौका ढूंढ रहे हैं, तो आज कोचीन शिपयार्ड (CSL) के शेयरों पर नजरें गड़ा लीजिए. सरकार इस सरकारी डिफेंस कंपनी में अपनी 5 फीसदी तक हिस्सेदारी बेचने जा रही है. यह बिक्री ‘ऑफर फॉर सेल’ (OFS) के जरिए होगी, जो आज यानी मंगलवार (7 जुलाई) से खुल गई है. खास बात यह है कि सरकार ने इसके लिए जो फ्लोर प्राइस तय किया है, वह सोमवार की क्लोजिंग कीमत से अच्छे-खासे डिस्काउंट पर है.
आज से दांव लगा सकेंगे बड़े निवेशक
निवेश और लोक संपत्ति प्रबंधन विभाग (DIPAM) के सचिव अर्निश चावला ने सोशल मीडिया पर इसकी जानकारी दी. सरकार इस OFS के तहत 2.52 फीसदी इक्विटी-बेस्ड ऑफर के रूप में बेचेगी. वहीं, ज्यादा सब्सक्रिप्शन मिलने पर अतिरिक्त 2.52 फीसदी हिस्सेदारी (ग्रीन-शू ऑप्शन) बेचने का विकल्प भी खुला रखा गया है. यह ऑफर आज गैर-रिटेल (संस्थागत) निवेशकों के लिए खुल चुका है, जबकि आम यानी रिटेल निवेशक इसमें कल, 8 जुलाई को बोली लगा सकेंगे.
सोमवार की कीमत से 7% का डिस्काउंट
सरकार ने इस सेल के लिए 1,400 रुपये प्रति शेयर का फ्लोर प्राइस तय किया है. यह सोमवार को बीएसई (BSE) पर कंपनी के बंद भाव 1,504.75 रुपये के मुकाबले करीब 7 फीसदी डिस्काउंट पर है. बता दें कि सोमवार को कोचीन शिपयार्ड का शेयर 1.25 फीसदी की गिरावट के साथ बंद हुआ था. फिलहाल इस कंपनी में सरकार की हिस्सेदारी 67.91 फीसदी है.
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विनिवेश से 80,000 करोड़ जुटाने का लक्ष्य
मौजूदा वित्त वर्ष में सरकार अब तक छह सरकारी कंपनियों (सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया, कोल इंडिया, NHPC, NLC इंडिया, GIC और IRFC) में OFS के जरिए हिस्सेदारी बेचकर कुल 18,561 करोड़ रुपये जुटा चुकी है. सरकार ने इस पूरे वित्त वर्ष में पीएसयू विनिवेश और एसेट मोनेटाइजेशन के जरिए कुल 80,000 करोड़ रुपये जुटाने का बजट लक्ष्य रखा है.
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