RBI 21 अप्रैल को ₹16,900 करोड़ के स्टेट बॉन्ड की नीलामी करेगा. आंध्र प्रदेश 4,600 करोड़ और महाराष्ट्र 4,000 करोड़ जुटाएंगे. रिटेल निवेशकों को भी Retail Direct के जरिए निवेश का मौका मिलेगा, जहां सुरक्षित रिटर्न के साथ सरकारी बॉन्ड में भागीदारी संभव होगी.
भारत सरकार ने ₹12,980 करोड़ के मैरीटाइम इंश्योरेंस पूल को मंजूरी दी है, जिससे जहाजों को वॉर रिस्क सहित बीमा सुरक्षा मिलेगी. 10 साल की अवधि वाले इस कदम से विदेशी निर्भरता घटेगी और वैश्विक तनाव के बीच भी भारत का समुद्री व्यापार सुरक्षित और निर्बाध बना रहेगा.
शेयर बाजार की तेजी के बीच टॉप-10 कंपनियों में से 8 का मार्केट कैप 1.87 लाख करोड़ रुपये बढ़ा. Airtel 58,831 करोड़ रुपये की बढ़त के साथ सबसे बड़ा गेनर रहा, जबकि LIC, TCS और Reliance भी चढ़े. वहीं HDFC Bank और Bajaj Finance में गिरावट दर्ज हुई.
मार्च 2026 में LIC ने Vidya Wires, Orient Paper समेत 5 पेनी स्टॉक्स में नई हिस्सेदारी खरीदी है. 15 से 85 रुपये तक के इन शेयरों में निवेश से संकेत मिलता है कि इन छोटी कंपनियों में भविष्य की संभावनाएं हो सकती हैं, लेकिन जोखिम भी कम नहीं है.
विदेशी निवेशकों ने SCI, BHEL, GRSE और Bank of India जैसे PSU शेयरों में हिस्सेदारी बढ़ाई है, जो बाजार में संभावित तेजी का बड़ा संकेत दे रहा है. कंपनी के शेयरों ने बीते पांच वर्षों में 1000 फीसदी से ज्यादा का रिटर्न दिया है. क्या आपके पोर्टफोलियों में ये स्टॉक शामिल हैं?
मेटा (फेसबुक, इंस्टाग्राम) मई में करीब 8,000 कर्मचारियों की छंटनी कर सकता है. जुकरबर्ग एआई (AI) पर भारी निवेश कर रहे हैं, जिसके कारण 'कार्यकुशलता' के नाम पर कुल वर्कफोर्स में 10% की कटौती होगी. मुनाफे के बावजूद अमेजन और डिज्नी जैसी दिग्गज कंपनियां भी इस साल हजारों नौकरियां खत्म कर चुकी हैं.
अक्षय तृतीया 2026 पर सोने में निवेश का सुनहरा मौका सामने है. जियोफाइनेंस डिजिटल गोल्ड पर एक्स्ट्रा गोल्ड, रिवॉर्ड्स और फ्री गोल्ड जीतने का अवसर दे रहा है, वहीं बढ़ती कीमतें इसे लंबी अवधि के निवेश के लिए आकर्षक बना रही हैं.
महंगाई की दोहरी मार पड़ने वाली है! कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और युद्ध के हालातों के बीच हिंदुस्तान यूनिलीवर (HUL) ने साबुनों के दाम में ₹20 तक की वृद्धि कर दी है. डेली नीड्स के सामान महंगे हो रहे हैं. जानिए डाबर, मैरिको और डोमिनोज जैसे ब्रांड्स पर इसका क्या असर पड़ रहा है.
संसद में आज महिला आरक्षण को 2029 से लागू करने के लिए तीन ऐतिहासिक विधेयक पेश किए गए हैं. परिसीमन और जनगणना की बाधाओं को दूर कर सरकार 2029 के चुनावों में महिलाओं की 33% भागीदारी सुनिश्चित करना चाहती है. जानिए कैसे यह राजनीतिक फैसला भारत की जीडीपी (GDP) में 30% तक का उछाल ला सकता है और क्यों स्वीडन-नॉर्वे जैसे देश इस मामले में भारत के लिए मिसाल हैं.
भारत में 2030 तक 500 GW ग्रीन एनर्जी लक्ष्य के चलते ₹5 लाख करोड़ के पावर ट्रांसमिशन प्रोजेक्ट्स पाइपलाइन में हैं. इस मेगा निवेश का सीधा फायदा Power Grid, Tata Power और Torrent Power जैसी कंपनियों को मिल सकता है, जिनकी ऑर्डर बुक मजबूत और ग्रोथ विजिबिलिटी साफ है.