Ola Electric शेयर ने पकड़ी रफ्तार, 7% तक चढ़ा स्टॉक; डीलर नेटवर्क विस्तार बना बड़ा फैक्टर

Ola Electric के शेयर में गुरुवार को 7% तक की तेजी आई और स्टॉक 40 रुपये के डे-हाई पर पहुंच गया. लगातार तीन सेशंस की गिरावट के बाद शेयर में वैल्यू बाइंग देखने को मिली. कंपनी के डीलर-ऑपरेटेड स्टोर्स की शुरुआत को भी खरीदारी के प्रमुख कारणों में माना जा रहा है.

ओला इलेक्ट्रिक के शेयर Image Credit: Getty image

Ola Electric के शेयरों में गुरुवार को जोरदार तेजी देखने को मिली है. लगातार तीन सेशंस की गिरावट के बाद स्टॉक में वैल्यू बाइंग लौटने से शेयर इंट्रा-डे कारोबार में 7% तक चढ़कर 40 रुपये के डे-हाई पर पहुंच गया. NSE पर करीब 6.87 करोड़ शेयरों का कारोबार हुआ, जिसकी ट्रेडेड वैल्यू करीब 270 करोड़ रुपये रही. इससे पहले पिछले तीन सेशंस में शेयर 2% से ज्यादा गिर चुका था.

डीलर-ऑपरेटेड स्टोर्स की शुरुआत

शेयर में खरीदारी की एक अहम वजह कंपनी की ओर से डीलर-ऑपरेटेड स्टोर्स की शुरुआत भी मानी जा रही है. Ola Electric ने बताया कि उसके नेटवर्क पार्टनर्स के पहले बैच के स्टोर्स लाइव हो गए हैं. कंपनी ने करीब एक महीने पहले अपने सेल्स और सर्विस नेटवर्क को पार्टनर्स के लिए खोला था. शुरुआती नेटवर्क पार्टनर स्टोर्स राजस्थान, तमिलनाडु, महाराष्ट्र, बिहार, तेलंगाना, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में शुरू हुए हैं.

डीलर नेटवर्क से मजबूत होगी पहुंच

डीलर-ऑपरेटेड आउटलेट्स के जरिए Ola Electric को प्रमुख रीजनल मार्केट्स में अपनी मौजूदगी मजबूत करने में मदद मिल सकती है. इन स्टोर्स से स्थानीय स्तर पर कंपनी के इलेक्ट्रिक स्कूटर्स और मोटरसाइकिल्स की डिमांड पूरी करने के साथ सेल्स और सर्विस नेटवर्क के विस्तार में भी मदद मिलने की उम्मीद है.

Q1 में नेट लॉस घटा, रेवेन्यू में गिरावट

Ola Electric ने Q1 FY27 में नेट लॉस घटाया. अप्रैल-जून तिमाही में कंपनी का नेट लॉस 336 करोड़ रुपये रहा, जो पिछले साल की समान तिमाही में 428 करोड़ रुपये था. हालांकि, ऑपरेशंस से रेवेन्यू 45% घटकर 455 करोड़ रुपये रह गया, जो पिछले साल की समान तिमाही में 828 करोड़ रुपये था. इसके बावजूद Q4 FY26 के 265 करोड़ रुपये के मुकाबले Q1 FY27 में रेवेन्यू 72% बढ़ा.

39,192 यूनिट्स रही डिलीवरी

कंपनी के मुताबिक, यह FY26 रीसेट के बाद पहला पूरा क्वार्टर था, जिसमें ऑपरेशंस को स्ट्रीमलाइन किया गया, एग्जीक्यूशन बेहतर किया गया और ऑपरेटिंग कॉस्ट बेस कम किया गया. ऑर्डर्स Q4 FY26 के 22,522 यूनिट्स से बढ़कर 44,071 यूनिट्स हो गए, जबकि डिलीवरी 20,256 यूनिट्स से बढ़कर 39,192 यूनिट्स रही.

यह भी पढ़ें: कमोडिटी से हाई-वैल्यू केमिकल्स तक, China+1 से बदल रही इन 3 कंपनियों की कहानी; जानें शेयर का हाल

डिस्क्लेमर: Money9live कभी भी किसी शेयर, आईपीओ और म्यूचुअल फंड में निवेश की सलाह नहीं देता है. ये खबर केवल आपकी जानकारी के लिए है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.