रेलवे फ्रेट बूम: Jupiter Wagons, Texmaco Rail या Titagarh Rail; किस स्टॉक में कमाई का ज्यादा दम
भारतीय रेलवे में माल ढुलाई बढ़ने से रेलवे शेयरों पर नजरें टिक गई हैं. जुलाई में रेलवे की फ्रेट लोडिंग 9 फीसदी बढ़कर 141.3 मिलियन टन पहुंची. इसका फायदा Jupiter Wagons, Texmaco Rail और Titagarh Rail Systems को मिल सकता है. हालांकि तीनों कंपनियों की रणनीति अलग है.

रेलवे में माल ढुलाई की रफ्तार तेज हो रही है और इसका फायदा रेलवे से जुड़ी कंपनियों को मिल सकता है. जुलाई 2026 में रेलवे ने 141.3 मिलियन टन माल लोड किया, जो पिछले साल के 129.7 मिलियन टन से 9 फीसदी ज्यादा है. माल ढुलाई से रेलवे की कमाई भी 8 फीसदी बढ़ी है. अब नजर Jupiter Wagons, Texmaco Rail and Engineering और Titagarh Rail Systems पर है. तीनों कंपनियां रेलवे फ्रेट कारोबार से जुड़ी हैं, लेकिन इनके ग्रोथ ड्राइवर अलग-अलग हैं. ऐसे में सवाल है कि इनमें किस स्टॉक में कमाई की ज्यादा संभावना है.
Jupiter Wagons
Jupiter Wagons अब सिर्फ वैगन बनाने वाली कंपनी नहीं रह गई है. कंपनी रेलव्हील, कंटेनर, ब्रेक सिस्टम, बैटरी एनर्जी स्टोरेज और इलेक्ट्रिक कमर्शियल व्हीकल जैसे कारोबार में भी विस्तार कर रही है. वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का रेवेन्यू 2961 करोड़ रुपये रहा, जबकि EBITDA 363 करोड़ रुपये और मुनाफा 166 करोड़ रुपये रहा. कंपनी की ऑर्डर बुक 4675 करोड़ रुपये है.
Jupiter Wagons का मैनेजमेंट वित्त वर्ष 2026- 27 में रेवेन्यू को वित्त वर्ष 2025-26 से अधिक रहने की उम्मीद कर रहा है. हालांकि कंपनी की ग्रोथ में तेजी के लिए नए रेलवे वैगन ऑर्डर महत्वपूर्ण रहेंगे. कंपनी का कंटेनर कारोबार वित्त वर्ष 2026-27 में दोगुना करने का लक्ष्य है. वहीं बैटरी एनर्जी स्टोरेज कारोबार के लिए अगले 3 से 4 साल में 1000 करोड़ रुपये के रेवेन्यू का लक्ष्य रखा गया है.
Texmaco Rail
Texmaco Rail and Engineering की खासियत यह है कि कंपनी ने Indian Railways पर अपनी निर्भरता कम की है. वित्त वर्ष 2025 26 में उसके फ्रेट कार ऑर्डर्स में 79 फीसदी हिस्सा प्राइवेट कस्टमर्स और एक्सपोर्ट्स से आया. एक साल पहले यह आंकड़ा 21 फीसदी था. यानी कंपनी अब प्राइवेट कंपनियों और विदेशी बाजारों पर ज्यादा फोकस कर रही है. वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी का रेवेन्यू 4377 करोड़ रुपये रहा. EBITDA 450 करोड़ रुपये और PAT 194 करोड़ रुपये रहा. कंपनी की ऑर्डर बुक 5408 करोड़ रुपये है.
Texmaco Rail का कारोबार सिर्फ वैगन तक सीमित नहीं है. कंपनी सिग्नलिंग, कवच, रोलिंग स्टॉक, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग, रेल EPC और पावर इलेक्ट्रॉनिक्स जैसे क्षेत्रों में भी काम कर रही है. वित्त वर्ष 2025-26 में कंपनी ने 8372 वैगन बेचे.
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Titagarh Rail
तीनों कंपनियों में Titagarh Rail Systems की ऑर्डर बुक सबसे बड़ी है. स्टैंडअलोन आधार पर कंपनी की ऑर्डर बुक 14240 करोड़ रुपये है. जॉइंट वेंचर की हिस्सेदारी जोड़ने पर यह बढ़कर 27540 करोड़ रुपये हो जाती है. खास बात यह है कि कंपनी की कोर ऑर्डर बुक का तीन चौथाई से ज्यादा हिस्सा पैसेंजर रेल से जुड़ा है.
Titagarh Rail वित्त वर्ष 2026-27 में कम से कम 200 पैसेंजर कोच की डिलीवरी का लक्ष्य लेकर चल रही है. कंपनी की पहली वंदे भारत ट्रेन डिलीवरी भी वित्त वर्ष 2026-27 में शुरू होने की उम्मीद है. फ्रेट बिजनेस में भी कंपनी की स्थिति मजबूत है. वित्त वर्ष 2025-26 में उसने 7019 वैगन डिस्पैच किए. वित्त वर्ष 2026-27 में कंपनी हर महीने 650 से 700 वैगन बनाने का लक्ष्य रखती है.
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