Closing Bell: फ्लैट बंद हुआ बाजार, Sensex 3 अंक चढ़ा, Nifty 50 24252 पर; लगातार दूसरे हफ्ते गिरावट
शेयर मार्केट में शुक्रवार 21 अगस्त को कारोबार लगभग सपाट रहा. Sensex 3 अंक चढ़कर 77540.83 और Nifty 50 20 अंक यानी 0.08 फीसदी की तेजी के साथ 24252 पर बंद हुआ. हालांकि दोनों इंडेक्स लगातार दूसरे सप्ताह गिरावट के साथ बंद हुए. महंगे कच्चे तेल, अमेरिका ईरान तनाव और बढ़ती वैश्विक बॉन्ड यील्ड ने बाजार की सेंटिमेंट पर दबाव डाला.

शेयर मार्केट में शुक्रवार 21 अगस्त को कारोबार उतार चढ़ाव के बाद लगभग सपाट स्तर पर बंद हुआ. Sensex सिर्फ 3 अंक की बढ़त के साथ 77540.83 पर बंद हुआ. वहीं Nifty 50 20 अंक यानी 0.08 फीसदी चढ़कर 24252 के स्तर पर पहुंचा. हालांकि मामूली बढ़त के बावजूद दोनों प्रमुख इंडेक्स लगातार दूसरे सप्ताह गिरावट के साथ बंद हुए. बाजार पर कच्चे तेल की ऊंची कीमतों और अमेरिका ईरान तनाव का दबाव बना रहा. वैश्विक बॉन्ड यील्ड में बढ़ोतरी ने भी निवेशकों की चिंता बढ़ाई.
Sensex और Nifty 50 की क्लोजिंग
शुक्रवार के कारोबार में Sensex 3 अंक यानी करीब 0.004 फीसदी की मामूली बढ़त के साथ 77540.83 पर बंद हुआ. Nifty 50 भी 20 अंक यानी 0.08 फीसदी की तेजी के साथ 24252 पर पहुंचा. पूरे सत्र के दौरान बाजार में उतार चढ़ाव देखने को मिला. हालांकि कारोबार के अंत में बड़े इंडेक्स में ज्यादा बदलाव नहीं हुआ. इसके साथ ही दोनों इंडेक्स लगातार दूसरे सप्ताह नुकसान में बंद हुए.
तेल की कीमतों ने बढ़ाया दबाव
बाजार पर कच्चे तेल की ऊंची कीमतों का दबाव बना रहा. Brent Crude की कीमत 94 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर पहुंच गई. भारत अपनी कच्चे तेल की जरूरत का बडा हिस्सा आयात करता है. ऐसे में तेल की कीमत बढ़ने से देश के आयात बिल और कंपनियों की लागत पर असर पड़ सकता है. इसी वजह से निवेशकों के बीच महंगे तेल को लेकर चिंता बनी रही.
अमेरिका ईरान तनाव से बाजार में चिंता
अमेरिका और ईरान के बीच तनाव कम होने के संकेत नहीं मिले. दोनों देशों के बीच स्ट्रेट ऑप होर्मुज को लेकर विवाद जारी है. अमेरिका ईरान की अर्थव्यवस्था को अलग करने के लिए नए आर्थिक प्रतिबंधों की तैयारी कर रहा है. इससे तेल की सप्लाई को लेकर चिंता बढ़ गई है. निवेशकों को आशंका है कि अगर होर्मुज से सप्लाई प्रभावित हुई तो कच्चे तेल की कीमतों में और तेजी आ सकती है.
ग्लोबल बॉन्ड यील्ड भी बनी वजह
शुक्रवार को वैश्विक बॉन्ड यील्ड में भी बढ़ोतरी देखने को मिली. इससे शेयर मार्केट में निवेशकों का सेंटीमेंट कमजोर रहा. ऊंची बॉन्ड यील्ड की स्थिति में निवेशकों के लिए सुरक्षित निवेश विकल्प ज्यादा आकर्षक हो सकते हैं. इसका असर शेयर मार्केट में विदेशी निवेश और रिस्क लेने की क्षमता पर पड़ सकता है. यही वजह है कि वैश्विक संकेतों के बीच भारतीय बाजार में भी सावधानी बनी रही.
मिडकैप और स्मॉलकैप में मिला-जुला कारोबार
शुक्रवार को व्यापक बाजार में मिला जुला रुख देखने को मिला. Nifty Smallcap 100 इंडेक्स 0.55 फीसदी की बढ़त के साथ बंद हुआ. वहीं Nifty Midcap 100 में 0.04 फीसदी की मामूली गिरावट रही. पूरे सप्ताह मिडकैप और स्मॉलकैप शेयरों में भी उतार -चढ़ाव रहा. निवेशकों ने चुनिंदा शेयरों में खरीदारी की, लेकिन वैश्विक चिंताओं के कारण बाजार का मूड पूरी तरह मजबूत नहीं रहा.
ये भी पढ़ें- IT Stocks: Infosys और TCS पर Kotak हुआ सतर्क, LTIMindtree को Sell रेटिंग; इन IT शेयरों पर जताया भरोसा
इन शेयरों में रही हलचल
शुक्रवार के कारोबार में Welspun Corp, Jindal Saw, Urban Company, Vedanta और CarTrade Tech जैसे शेयरों में तेजी देखने को मिली. दूसरी ओर कुछ बडे़ शेयरों में कमजोरी ने प्रमुख इंडेक्स की बढ़त को सीमित रखा. Infosys और SBI समेत कुछ दिग्गज शेयर मार्केट पर दबाव डालने वाले प्रमुख शेयरों में रहे. इससे Sensex और Nifty 50 की कुल बढ़त काफी सीमित रही.