दिल्ली में 2028 से पेट्रोल टू और थ्री-व्हीलर बंद, नहीं होगा रजिस्ट्रेशन, EV Policy 2.0 से बदल जाएगी सड़कों की तस्वीर
दिल्ली सरकार की नई EV Policy 2.0 के तहत 2028 से पेट्रोल दोपहिया वाहनों का रजिस्ट्रेशन बंद हो सकता है. 2027 से थ्री-व्हीलर भी सिर्फ इलेक्ट्रिक होंगे. इस कदम का मकसद प्रदूषण कम करना और राजधानी में इलेक्ट्रिक वाहनों को तेजी से बढ़ावा देना है.

Delhi EV policy 2.0: दिल्ली में पेट्रोल और डीजल वाहनों के भविष्य को लेकर बड़ा बदलाव सामने आ रहा है. राजधानी की नई EV Policy 2.0 के तहत आने वाले कुछ सालों में पेट्रोल दोपहिया और थ्री-व्हीलर वाहनों को धीरे-धीरे सड़क से हटाने की तैयारी है. इस प्रस्तावित नीति का मकसद साफ है, प्रदूषण कम करना और इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को तेजी से बढ़ावा देना. सरकार इस दिशा में कड़े लेकिन चरणबद्ध कदम उठाने जा रही है.
2028 से पेट्रोल टू-व्हीलर का रजिस्ट्रेशन बंद
TOI की रिपोर्ट के मुताबिक, नई नीति के तहत 1 अप्रैल 2028 से दिल्ली में पेट्रोल से चलने वाले दोपहिया वाहनों का नया रजिस्ट्रेशन नहीं होगा. FY29 से सिर्फ इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर ही रजिस्टर किए जा सकेंगे. फिलहाल दिल्ली में कुल वाहनों में करीब 67.7% हिस्सेदारी टू-व्हीलर्स की है, इसलिए इस फैसले का असर काफी बड़ा होगा.
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नीति के तहत 1 जनवरी 2027 से नए थ्री-व्हीलर रजिस्ट्रेशन सिर्फ इलेक्ट्रिक मॉडल्स के लिए ही खुले रहेंगे. इसका मतलब है कि पेट्रोल या CNG ऑटो धीरे-धीरे खत्म होने की ओर बढ़ेंगे.
स्कूल बसों के लिए भी तय रोडमैप
सरकार ने स्कूलों के लिए भी साफ लक्ष्य तय किए हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, नीति लागू होने के दो साल के भीतर कम से कम 10% बसें इलेक्ट्रिक करनी होंगी. यह आंकड़ा तीन साल में 20% और 31 मार्च 2030 तक 30% तक ले जाना होगा. इसकी निगरानी शिक्षा विभाग करेगा.
TOI के हवाले से परिवहन मंत्री पंकज कुमार सिंह ने कहा कि यह नीति इलेक्ट्रिक वाहनों को ज्यादा सुलभ और किफायती बनाएगी. सरकार टैक्स छूट, इंसेंटिव और चार्जिंग इंफ्रास्ट्रक्चर बढ़ाने पर जोर दे रही है.