डॉलर के मुकाबले रुपये में लौटी मजबूती, 12 पैसे चढ़कर 96.24 पर हुआ बंद; RBI के इस फैसले से मिला सपोर्ट
मंगलवार को रुपया शुरुआती कमजोरी से उबरते हुए अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 12 पैसे मजबूत होकर 96.24 पर बंद हुआ. RBI की रियायती स्वैप सुविधा के तहत 17 जुलाई तक 20.72 अरब डॉलर का फॉरेन करेंसी फ्लो आने से रुपये को मजबूती मिली.

Rupee Dollar: भारतीय रुपये ने मंगलवार को शुरुआती कमजोरी से उबरते हुए डॉलर के मुकाबले मजबूती दिखाई. कारोबार के अंत में रुपया 12 पैसे की बढ़त के साथ 96.24 प्रति डॉलर पर बंद हुआ. विदेशी मुद्रा बाजार में रिजर्व बैंक की पहल के बाद बढे़ फॉरेन करेंसी फ्लो ने रुपये को सपोर्ट दिया. RBI की स्वैप सुविधा के तहत अब तक 20.72 अरब डॉलर का निवेश आया है. हालांकि कच्चे तेल की ऊंची कीमतें और पश्चिम एशिया का तनाव अभी भी बाजार के लिए चिंता का विषय बने हुए हैं. शेयर बाजार में गिरावट और विदेशी निवेशकों की बिकवाली भी देखने को मिली.
दिनभर उतार-चढ़ाव के बाद मजबूत हुआ रुपया
इंटरबैंक फॉरेन करेंसी मार्केट में रुपया 96.41 प्रति डॉलर पर खुला. कारोबार के दौरान यह 96.13 के उच्च स्तर और 96.42 के निचले स्तर तक गया. आखिर में रुपया 96.24 प्रति डॉलर पर बंद हुआ. सोमवार को यह 96.36 प्रति डॉलर पर बंद हुआ था. इस तरह एक दिन में रुपये में 12 पैसे की मजबूती दर्ज की गई.
RBI की स्वैप योजना से मिला सपोर्ट
रिजर्व बैंक ने फॉरेन करेंसी फ्लो बढ़ाने के लिए रियायती स्वैप सुविधा शुरू की थी. इस योजना के तहत 17 जुलाई तक 20.72 अरब डॉलर का विदेशी निवेश आया है. RBI के अनुसार जून से इस योजना में लगातार अच्छी भागीदारी देखने को मिली है. इससे देश के विदेशी मुद्रा भंडार और पेमेंट बैलेंस को मजबूती मिली है.
यह भी पढ़ें- 5% तक घट सकता है कुछ पुरानी गाड़ियों का माइलेज, इंजन नुकसान के सबूत नहीं, E20 पर सरकार का बड़ा बयान
FCNR डिपॉजिट से आया सबसे ज्यादा पैसा
RBI के मुताबिक, कुल विदेशी मुद्रा प्रवाह में सबसे बड़ा योगदान FCNR डिपॉजिट का रहा. इसके जरिए 17.406 अरब डॉलर आए. वहीं विदेशी मुद्रा उधारी से 1.97 अरब डॉलर और बाहरी कमर्शियल उधारी से 1.342 अरब डॉलर का निवेश मिला. इससे विदेशी मुद्रा बाजार में डॉलर की उपलब्धता बढ़ी और रुपये को सपोर्ट मिला.