बैंकिंग शेयरों में सुनामी! निफ्टी बैंक इंडेक्स में 6 साल की सबसे बड़ी गिरावट, IDFC, HDFC समेत ये स्टॉक्स 31% तक नीचे कर रहे ट्रेड
बैंकिंग सेक्टर में भारी बिकवाली के चलते निफ्टी बैंक 6 साल की सबसे बड़ी गिरावट पर है. कई बैंकिंग शेयर 20–31% तक टूट चुके हैं. आरबीाई के सख्त नियम, बढ़ती महंगाई और ऊंची ब्याज दरों की आशंका से निवेशकों का सेंटिमेंट कमजोर हुआ है.

Banking Stocks: भारतीय शेयर बाजार में हालिया गिरावट का सबसे बड़ा झटका बैंकिंग सेक्टर को लगा है. बढ़ती महंगाई, बॉन्ड यील्ड में तेजी और सख्त रेगुलेटरी फैसलों के चलते बैंकिंग शेयरों में भारी बिकवाली देखने को मिल रही है. निवेशकों का भरोसा कमजोर हुआ है, जिससे पूरा सेक्टर दबाव में आ गया है.
6 साल की सबसे बड़ी गिरावट
मिंट की रिपोर्ट के मुताबिक निफ्टी बैंक इंडेक्स मार्च में करीब 17% गिर गया है, जो पिछले 6 साल की सबसे बड़ी मासिक गिरावट है. पिछले 5 हफ्तों में यह इंडेक्स करीब 16% टूट चुका है और अब अपने एक साल के निचले स्तर के करीब पहुंच गया है. इससे PSU और प्राइवेट बैंक दोनों दबाव में है. निफ्टी PSU बैंक इंडेक्स मार्च में करीब 20% गिर गया है. वहीं प्राइवेट बैंक इंडेक्स में भी 16% की गिरावट आई है.
बुरी तरह टूटे ये बैंकिंग स्टॉक्स
- IDFC First Bank: अपने 52 वीक हाई से लगभग 30.8% नीचे ट्रेड कर रहा है.
- YES Bank: ये अपने हाई से लगभग 26.5% नीचे ट्रेड कर रहा है.
- HDFC Bank: अपने 52 वीक हाई से लगभग 26.4% नीचे ट्रेड कर रहा है.
- Kotak Mahindra Bank: अपने 52 वीक हाई से लगभग 22.24% नीचे ट्रेड कर रहा है.
- Bank of Baroda: अपने 52 वीक हाई से लगभग 23.33% नीचे ट्रेड कर रहा है.
- Punjab National Bank: ये अपने हाई से लगभग 22.7% नीचे ट्रेड कर रहा है
- Canara Bank: ये अपने 52 वीक हाई से लगभग 22% नीचे ट्रेड कर रहा है.
क्यों दिखी गिरावट?
RBI के हालिया फैसलों ने भी बाजार पर दबाव बढ़ाया है. बैंकों को रुपये नॉन-डिलिवरेबल फॉरवर्ड (NDF) ऑफर करने से रोका गया. फॉरेक्स पोजिशन पर $100 मिलियन की सीमा तय की गई. इन कदमों से बैंकों की फ्लेक्सिबिलिटी कम हुई है और ट्रेजरी इनकम पर असर पड़ सकता है.
महंगाई और ब्याज दर की चिंता
ग्लोबल स्तर पर कच्चे तेल की कीमतों में तेजी और जंग के चलते महंगाई बढ़ने का खतरा है. इससे RBI के लिए ब्याज दरों में कटौती करना मुश्किल हो सकता है. अगर दरें ऊंची बनी रहती हैं, तो बैंकों के मार्जिन पर दबाव बढ़ेगा.
फंडिंग कॉस्ट बढ़ी, मुनाफे पर असर
विशेषज्ञों के मुताबिक, बैंकों की असली चिंता ग्रोथ नहीं बल्कि मुनाफा है. डिपॉजिट महंगे हो रहे हैं. बैंकों को ज्यादा ब्याज देना पड़ रहा हैलोन से मिलने वाली कमाई उतनी तेजी से नहीं बढ़ रही. इससे आने वाले समय में बैंकों के मार्जिन पर दबाव पड़ सकता है.
डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.