Paytm या MobiKwik… कौन है बड़ा, जानें किसे प्रॉफिट और किसे घाटा, किसके पास ज्यादा यूजर

आने वाले समय में भारत के फिनटेक सेक्टर के लिए रास्ता काफी बेहतर होने की उम्मीद है. इस वजह से लोग इस तरह की कंपनियों में निवेश कर रहे हैं. हालांकि, देश में पेटीएम (Paytm) को फिनटेक सेक्टर की एक बड़ी माना जाता है. लेकिन क्या मोबिक्विक पेटीएम से बड़ी कंपनी है.

Paytm और MobiKwik में बड़ा कौन? Image Credit: Getty image/MobiKwik

ई-वॉलेट एक ऐसा शब्द है, जो अब लोगों के लिए सामान्य हो गया है. ऑनलाइन पेमेंट के लिए लोग कई फ्लेटफॉर्म का इस्तेमाल करते हैं. ऑनलाइन पेमेंट सर्विस प्रोवाइड करने वाली कंपनियों को इन दिनों बोलबाला है. ऐसी ही एक कंपनी है मोबिक्विक (Mobikwik), जिसका इनिशियल पब्लिक ऑफर (IPO) आया है. आने वाले समय में भारत के फिनटेक सेक्टर के लिए रास्ता काफी बेहतर होने की उम्मीद है. इस वजह से लोग इस तरह की कंपनियों में निवेश कर रहे हैं. हालांकि, देश में पेटीएम (Paytm) को फिनटेक सेक्टर की एक बड़ी माना जाता है. लेकिन क्या मोबिक्विक पेटीएम से बड़ी कंपनी है… आइए एक नजर इसपर डाल लेते हैं.

मोबिक्विक और पेटीएम

गुरुग्राम की वन मोबिक्विक सिस्टम्स यूटिलिटी बिल भुगतान, ऑनलाइन/ऑफलाइन खरीदारी, मनी ट्रांसफर, UPI भुगतान जैसी अन्य सेवाएं प्रदान करता है. यह एक B2B पेमेंट गेटवे, Zaakpay भी ऑपरेट करता है और इसे अपने पेमेंट एग्रीगेटर (PA) कारोबार के लिए RBI की मंजूरी मिल गई है.

मोबिक्विक के आईपीओ का उद्देश्य वित्तीय और भुगतान सेवाओं का विस्तार, एडवांस्ड टेक्नोलॉजी और पेमेंट डिवाइस कैपिटल एक्सपेंडिचर पर फोकस करना है. वहीं, तीन साल पहले आए पेटीएम के इश्यू से इसकी तुलना करें तो पेटीएम अपने ग्राहकों और मर्चेंट के इकोसिस्टम का विस्तार और नए बिजनेस वेंचर में निवेश की प्राथमिकता देता था.

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दोनों कंपनियों की आर्थिक सेहत

मोबिक्विक ने हाल ही में बताया था वित्त वर्ष 24 के लिए कंपनी ने पूरी तरह से मुनाफा दर्ज किया. 15 वर्षों से घाटे में चल रही कंपनी ने 14.08 करोड़ का प्रॉफिट (PAT) दर्ज किया, जो वित्त वर्ष 23 में दर्ज 83.81 करोड़ रुपये के घाटे से बड़ा बदलाव है. जबकि, वित्त वर्ष 2024 के दौरान पेटीएम का ऑपरेशनल रेवेन्यू 25 फीसदी बढ़कर 9,978 करोड़ रुपये हो गया.

बेहतर ग्रोथ और ऑपरेशनल मुनाफे में इजाफे के चलते वित्त वर्ष 2024 के लिए कुल घाटा 354 करोड़ घटकर 1,423 करोड़ रह गया. वित्त वर्ष 24 के दौरान, पेटीएम ने मोबिक्विक के 37.25 फीसदी के मुकाबले 56 फीसदी का कंट्रीब्युशन मार्जिन दिया है.

किसका कितना यूजर बेस?

मोबिक्विक पेटीएम की तुलना में साइज में बहुत छोटा है. पेटीएम यूजर बेस और ब्रांड वैल्यू के मामले में मोबिक्विक से बड़ा है. पेटीएम का यूजर बेस 30 करोड़ से ज्यादा है, जबकि मोबिक्विक का लगभग 14.6 करोड़ है. 2020 तक, पेटीएम भारत का सबसे वैल्यूएबल पेमेंट ब्रॉन्ड था. इसकी ब्रांड वैल्यू 6.3 बिलियन अमेरिकी डॉलर थी. पेटीएम की शुरुआत ,साल 2010 में हुई थी. विजय शेखर शर्मा पेटीएम के फाउंडर हैं. वहीं, बिपिन प्रीत सिंह और उपासना टाकू मोबिक्विक के संस्थापक हैं.

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