7 दिनों में 50% से ज्यादा उछला ये शेयर, 52 वीक हाई पर पहुंचा डिफेंस स्टॉक; एक साल में दिया 197% रिटर्न

डिफेंस सेक्टर की तेजी के बीच Apollo Micro Systems के शेयरों में जबरदस्त उछाल देखने को मिला है. कंपनी का शेयर सिर्फ 7 कारोबारी सत्रों में 50 फीसदी से ज्यादा चढ़कर नए 52-वीक हाई पर पहुंच गया. मजबूत Q4 रिजल्ट्स, बढ़ता ऑर्डर बुक, UAV मैन्युफैक्चरिंग के लिए DPIIT लाइसेंस और डिफेंस सेक्टर में बढ़ते मौके ने निवेशकों का भरोसा मजबूत किया है.

डिफेंस स्टॉक Image Credit: money9live.com

Apollo Micro Systems Share Price: डिफेंस सेक्टर की तेजी के बीच Apollo Micro Systems के शेयरों में जबरदस्त उछाल देखने को मिल रहा है. कंपनी का शेयर पिछले सिर्फ 7 कारोबारी सत्रों में करीब 50 फीसदी तक चढ़ गया है और बुधवार को NSE पर 433.80 रुपये के नए 52-वीक हाई पर पहुंच गया. मजबूत चौथी तिमाही के नतीजों, बड़े ऑर्डर बुक और डिफेंस सेक्टर में बढ़ते अवसरों के चलते निवेशकों का भरोसा इस मल्टीबैगर स्टॉक पर लगातार बढ़ रहा है.

दमदार रिटर्न

Apollo Micro Systems का शेयर 18 मई को 285.85 रुपये पर था. हालांकि, बुधवार को कंपनी का शेयर इंट्रा-डे कारोबार में 52-वीक हाई बनाते हुए 433.80 रुपये पर पहुंच गया. इस दौरान शेयर में करीब 51 फीसदी की तेजी दर्ज की गई. पिछले एक महीने में कंपनी के शेयर ने 46 फीसदी से ज्यादा रिटर्न दिया है, जबकि एक साल में यह स्टॉक करीब 197 फीसदी उछल चुका है. डिफेंस सेक्टर में बढ़ते निवेश और सरकार के आत्मनिर्भर भारत मिशन का फायदा Apollo Micro Systems जैसी कंपनियों को मिलता दिखाई दे रहा है.

Q4 रिजल्ट्स ने बढ़ाया निवेशकों का भरोसा

Apollo Micro Systems ने हाल ही में वित्त वर्ष 2026 की चौथी तिमाही के नतीजे जारी किए, जिसने बाजार को काफी प्रभावित किया. कंपनी का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट सालाना आधार पर 163 फीसदी बढ़कर 36.8 करोड़ रुपये पहुंच गया. पिछले साल इसी तिमाही में कंपनी का मुनाफा 14 करोड़ रुपये था.

वहीं, ऑपरेशंस से मिलने वाला रेवेन्यू 81 फीसदी की तेजी के साथ 293.3 करोड़ रुपये तक पहुंच गया. पूरे वित्त वर्ष 2026 की बात करें तो कंपनी का नेट प्रॉफिट 90 फीसदी बढ़कर 107.4 करोड़ रुपये हो गया, जबकि रेवेन्यू 61 फीसदी बढ़कर 940.3 करोड़ रुपये पर पहुंच गया.

डिफेंस सेक्टर में बढ़ रही पकड़

कंपनी को हाल ही में UAV मैन्युफैक्चरिंग के लिए DPIIT लाइसेंस मिला है. इसके अलावा IDL Explosives का अधिग्रहण भी कंपनी की ग्रोथ रणनीति का हिस्सा है. कंपनी को 12.7 mm से अधिक कैलिबर वाले हथियार बनाने का लाइसेंस भी मिला है, जिससे भविष्य में बड़े डिफेंस ऑर्डर्स मिलने की संभावना बढ़ गई है.

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डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.