Crypto Crash: फरवरी में 19% तक टूटा Bitcoin, अब इस सपोर्ट लेवल पर टिकी नजर; क्या करें निवेशक?
दुनिया की सबसे बड़ी क्रिप्टोकरेंसी Bitcoin फरवरी में भारी दबाव में देखा गया. कीमत गिरकर करीब $63,000 के आसपास पहुंच गई है और महीने भर में लगभग 19 फीसदी की गिरावट दर्ज हो चुकी है. वैश्विक अनिश्चितता, ऊंची ब्याज दरें और जोखिम वाले निवेश से दूरी के कारण पूरा क्रिप्टो बाजार दबाव में दिखाई दे रहा है.
Crypto Crash Bitcoin Falls: क्रिप्टोकरेंसी बाजार में एक बार फिर भारी दबाव देखने को मिल रहा है. दुनिया की सबसे बड़ी डिजिटल करेंसी Bitcoin लगातार गिरावट के दौर से गुजर रही है और फरवरी महीने में इसका प्रदर्शन पिछले कई वर्षों में सबसे कमजोर रहने की ओर बढ़ रहा है. एशियाई कारोबार के दौरान Bitcoin की कीमत एक दिन में 2 फीसदी से ज्यादा टूटकर करीब $63,232 के आसपास पहुंच गई, जिससे पूरे बाजार में बेचैनी फैल गई. रुपये में बताए तो एक दिन में बिटकॉइन का भाव 1.23 लाख के करीब टूटकर 57.58 लाख रुपये पर पहुंच गया है.
महीने भर में कितना टूटा Bitcoin?
फरवरी में अब तक Bitcoin लगभग 19 फीसदी से ज्यादा टूट चुका है, जो जून 2022 के बाद सबसे बड़ी मासिक गिरावट मानी जा रही है. इतना ही नहीं, यह अपने पिछले रिकॉर्ड उच्च स्तर (करीब $1.26 लाख) से लगभग आधी कीमत पर कारोबार कर रहा है. लगातार गिरावट के कारण यह पांचवां महीना हो सकता है जब Bitcoin लाल निशान में बंद होगा. ऐसी लंबी गिरावट का सिलसिला वर्षों बाद देखने को मिल रहा है.
बाकी क्रिप्टोकरेंसी भी दबाव में
Bitcoin की कमजोरी का असर पूरे क्रिप्टो बाजार पर पड़ा है. प्रमुख डिजिटल करेंसी भी तेज गिरावट का सामना कर रही हैं-
- Ethereum $1900 के नीचे फिसल गया
- XRP लगभग $1.34 पर
- BNB करीब $599
- Solana $78 के आसपास
- Dogecoin $0.09 के करीब
गिरावट के पीछे क्या कारण हैं?
क्रिप्टो बाजार में यह कमजोरी केवल तकनीकी कारणों से नहीं बल्कि वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं से जुड़ी मानी जा रही है. अमेरिका की ट्रेड पॉलिसी को लेकर असमंजस, नए टैरिफ और कानूनी विवादों ने निवेशकों के भरोसे को प्रभावित किया है. नई शुल्क नीतियों की घोषणा से वैश्विक व्यापार माहौल अनिश्चित बना हुआ है, जिसका असर शेयर बाजार से लेकर क्रिप्टो तक हर रिस्क वाले निवेश पर पड़ा है. निवेशक ऐसे समय में सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख करते हैं, जिससे क्रिप्टो जैसे अस्थिर एसेट्स पर दबाव बढ़ता है.
इसके अलावा, ब्याज दरें अभी भी अपेक्षाकृत ऊंची बनी हुई हैं. जब सुरक्षित निवेश (जैसे बॉन्ड या फिक्स्ड इनकम इंस्ट्रूमेंट) बेहतर रिटर्न देने लगते हैं, तो बिना ब्याज वाले एसेट जैसे Bitcoin कम आकर्षक हो जाते हैं. यही कारण है कि संस्थागत निवेश का प्रवाह भी धीमा पड़ गया है.
बाजार का रुख, क्या करें निवेशक?
विशेषज्ञों का मानना है कि अब बाजार केवल तेजी के भरोसे निवेश करने के बजाय वास्तविक मूल्य और स्थिरता को प्राथमिकता दे रहा है. पहले जहां तेजी की उम्मीद में खरीदारी होती थी, अब निवेशक अधिक सतर्क हो गए हैं और जोखिम कम करने की रणनीति अपना रहे हैं. तकनीकी स्तर पर देखें तब भी Bitcoin एक अहम दायरे में फंसा हुआ है. मिंट ने अपनी एक रिपोर्ट में बताया है कि अगर कीमत $63,000–$64,000 के ऊपर टिकती है तो स्थिरता के संकेत मिल सकते हैं. लेकिन अगर यह स्तर टूटता है, तो गिरावट और तेज हो सकती है और कीमत नीचे के मजबूत सपोर्ट जोन तक जा सकती है. ऊपर की ओर बढ़ने के लिए Bitcoin को लगभग $66,000 से $67,000 के क्षेत्र को पार करना होगा, जो फिलहाल मजबूत बाधा बना हुआ है.
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डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ, बिटकॉइन में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.
