AC सर्विस से पहले जान लें सही गैस प्रेशर, नहीं तो बेवजह भरना पड़ सकता है हजारों रुपये का बिल
गर्मी के मौसम में AC सर्विस के दौरान कई बार टेक्नीशियन गैस कम होने का दावा कर रिफिल की सलाह देते हैं. हालांकि सही गैस प्रेशर की जानकारी होने पर कस्टमर अनावश्यक खर्च से बच सकते हैं. अलग -अलग रेफ्रिजरेंट जैसे R 32, R 410A, R 22 और R 134a के लिए निर्धारित प्रेशर रेंज होती है.

AC Gas Pressure: गर्मी के मौसम में AC की सर्विसिंग के दौरान कई कस्टमर को टेक्नीशियन यह कहकर गैस भरवाने की सलाह देते हैं कि AC में गैस कम हो गई है. लेकिन हर बार गैस भरवाना जरूरी नहीं होता. AC का रेफ्रिजरेंट सामान्य स्थिति में खत्म नहीं होता और केवल लीकेज होने पर ही इसकी कमी आती है. ऐसे में सही गैस प्रेशर की जानकारी होने से कस्टमर गैर जरूरी खर्च से बच सकते हैं. AC सर्विस से पहले कुछ जरूरी आंकडे जानना आपके हजारों रुपये बचा सकता है.
AC की गैस खत्म नहीं होती
AC में इस्तेमाल होने वाला रेफ्रिजरेंट एक बंद सिस्टम में लगातार घूमता रहता है. यह कमरे की गर्मी को बाहर निकालने का काम करता है. सामान्य स्थिति में यह न तो जलता है और न ही खत्म होता है. यदि गैस कम हो रही है तो इसका मतलब सिस्टम में कहीं न कहीं लीकेज है. ऐसे में केवल गैस भरवाना स्थायी समाधान नहीं माना जाता.
मैनिफोल्ड गेज से पता चलता है असली हाल
AC टेक्नीशियन सर्विस के दौरान मैनिफोल्ड गेज नामक इक्विपमेंट का यूज करते हैं. यह इक्विपमेंट गैस का प्रेशर PSI में दिखाता है. गेज की रीडिंग देखकर यह आसानी से पता लगाया जा सकता है कि गैस वास्तव में कम है या नहीं. यदि प्रेशर सामान्य सीमा में है तो गैस भरवाने की जरूरत नहीं होती.
R32 और R410A गैस
भारत में बिकने वाले अधिकांश नए स्प्लिट और विंडो AC में R32 गैस का यूज होता है. इस गैस के लिए लो साइड प्रेशर 110 से 130 PSI और हाई साइड प्रेशर 350 से 450 PSI होना चाहिए. वहीं R410A गैस वाले AC में लो साइड प्रेशर 110 से 130 PSI और हाई साइड प्रेशर 400 से 450 PSI के बीच सामान्य माना जाता है.
पुराने AC में R22 गैस का अलग प्रेशर
पुराने AC मॉडल में आमतौर पर R22 गैस का यूज किया जाता है. इस गैस के लिए लो साइड प्रेशर 60 से 70 PSI और हाई साइड प्रेशर 250 से 280 PSI के बीच होना चाहिए. यदि प्रेशर इस लिमिट में है तो गैस भरवाने की जरूरत नहीं है. केवल कम प्रेशर होने पर ही लीकेज की जांच करनी चाहिए.
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सफाई से भी बदल सकती है रीडिंग
गैस प्रेशर हमेशा एक जैसा नहीं रहता. बाहरी तापमान बढ़ने पर प्रेशर भी बढ़ सकता है. इसके अलावा गंदे फिल्टर या कंडेंसर कॉइल में धूल जमा होने से भी प्रेशर रीडिंग प्रभावित होती है. कई बार केवल AC की सफाई करने से ही प्रेशर सामान्य हो जाता है और गैस भरने की जरूरत नहीं पड़ती.
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ऐसे बचा सकते हैं हजारों रुपये
यदि टेक्नीशियन गैस कम होने की बात कहे तो उससे मैनिफोल्ड गेज लगाकर प्रेशर दिखाने को कहें. यदि रीडिंग सामान्य सीमा में है तो गैस भरवाने की जरूरत नहीं है. वहीं अगर प्रेशर कम है तो पहले लीकेज की पहचान और मरम्मत कराएं. जानकारों के अनुसार एक गैस रिफिल पर 1500 से 4000 रुपये तक खर्च आ सकता है. सही जानकारी होने पर कस्टमर कई हजार रुपये की बचत कर सकते हैं.