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कोका-कोला की इस कंपनी में जुबिलैंट ग्रुप ने खरीदी 40 फीसदी हिस्सेदारी, जानें- कितने में हुई डील

जुबिलेंट भारतीय समूह, जुबिलेंट बेवरेजेज लिमिटेड के माध्यम से HCCB की मूल कंपनी हिंदुस्तान कोका-कोला होल्डिंग्स में 40 फीसदी का अधिग्रहण करेगा. भारत, ग्लोबल लेबल पर कोका-कोला के लिए पांचवां सबसे बड़ा मार्केट है.

कोका-कोला अपनी इस कंपनी में बेच रही हिस्सेदारी. Image Credit: Unsplash

भारत में फूड सर्विस का सबसे बड़ा कारोबार ऑपरेट करने वाला जुबिलैंट समूह कोका-कोला की बॉटलिंग कंपनी में बड़ी हिस्सेदारी का अधिग्रहण किया है. जुबिलैंट समूह कोका-कोला बोतल निर्माता कंपनी में 40 फीसदी हिस्सेदारी के अधिग्रहण को अंतिम रूप दे दिया है. इस डील की वैल्यू 12,000 करोड़ रुपये से 12,500 करोड़ रुपये के बीच बताई जा रही है. भारत में कोका-कोला कंपनी थम्स-अप, स्प्राइट, फैंटा, लिम्का और प्रमुख ब्रांड कोका-कोला जैसे प्रोडक्ट को सब्सिडियरी कंपनी हिंदुस्तान कोका-कोला बेवरेजेज प्राइवेट लिमिटेड (HCCB) के साथ-साथ स्वतंत्र बॉटलिंग कंपनियों के एक समूह के जरिए बोतल में पैक करती है.

हिंदुस्तान कोका-कोला होल्डिंग्स

जुबिलेंट भारतीय समूह ने जुबिलेंट बेवरेजेज लिमिटेड के माध्यम से HCCB की मूल कंपनी हिंदुस्तान कोका-कोला होल्डिंग्स में 40 फीसदी का अधिग्रहण किाया. HCCB 13 फैक्ट्रियों का संचालन करती है, जो भारत के दक्षिण और पश्चिम में 12 राज्यों के 236 जिलों में सर्विस प्रदान करती है. जुबिलैंट भारतीय समूह को मॉर्गन स्टेनली ने विशेष वित्तीय सलाहकार के रूप में सलाह दी, जबकि रोथ्सचाइल्ड एंड कंपनी ने कोका-कोला को सलाह दी है.

क्यों हो रही डील

दोनों कंपनियों को HCCB और जुबिलेंट भारतीय समूह के मौजूदा व्यवसायों, जैसे डोमिनोज पिज्जा और अन्य फूड चेन के बीच कई तालमेल और लाभ दिखाई देते हैं. रिपोर्ट के अनुसार, डील से जुड़े एक बैंकर ने कहा कि दोनों साझेदार कंपनी को अगले स्तर पर ले जाएंगे. HCCB मुख्य रूप से दक्षिण और पश्चिम भारतीय बाजारों में काम करती है.

गोल्डमैन सैक्स के साथ गठजोड़

मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, भरतिया परिवार इस डील के लिए फंड की जरूरत को पूरी करने के लिए गोल्डमैन सैक्स के साथ गठजोड़ कर सकता है. इसमें गोल्डमैन सैक्स 40 फीसदी (लगभग 4,000-5,000 करोड़ रुपये) का योगदान देगा तथा बाकी की राशि निवेश बैंक द्वारा दी जाएगी.

यह कदम कोका-कोला कंपनी (TCCC) की अपनी एसेट लाइट स्ट्रैटजी के हिस्से के रूप में वैश्विक स्तर पर अपने बॉटलिंग परिचालन को फिर से फ्रेंचाइज करने की रणनीति के हिस्से के रूप में उठाया गया है. इस साल की शुरुआत में कंपनी ने कहा कि उसने राजस्थान, बिहार, पश्चिम बंगाल और पूर्वोत्तर में अपने बॉटलिंग परिचालन को फिर से फ्रेंचाइज़ करने से संबंधित 293 मिलियन डॉलर का नेट प्रॉफिट दर्ज किया है.

बहुत अहम डील

कंपनी अपनी यूनिट जुबिलेंट बेवरेजेज के जरिए इक्विटी हिस्सेदारी हासिल करेगी. एचसीसीबी के सीईओ जुआन पाब्लो रोड्रिग्ज ने कहा कि यह रणनीतिक निवेश हमारी यात्रा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर है. जुबिलेंट भारतीय समूह की विशेषज्ञता हमारी ताकत को पूरा करती है. यह सुनिश्चित करती है कि हम इनोवेशन और लगातार ग्रोथ को आगे बढ़ाते हुए अपने हितधारकों को असाधारण वैल्यू प्रदान करना जारी रखें.

भारतीय बाजार में कोका-कोला

भारत, ग्लोबल लेबल पर कोका-कोला के लिए पांचवां सबसे बड़ा मार्केट है. बिजनेस इंटेलिजेंस प्लेटफॉर्म टोफलर द्वारा एक्सेस किए गए वित्तीय डेटा के अनुसार, कंपनी ने 2023-24 (FY24) में रेवेन्यू में 4 प्रतिशत की वृद्धि के साथ 4,802 करोड़ रुपये की बढ़ोतरी दर्ज की थी. हालांकि, इसी वित्तीय वर्ष (FY24) में इसका नेट प्रॉफिट 32 फीसदी गिरकर 420 करोड़ रुपये रह गया.