आपके Gold पर सरकार की पैनी नजर, बैंकों से Gold Loan पर मांगा पूरा हिसाब, अब क्या होगा?
भारत सरकार सोने के आयात को नियंत्रित करने और घरेलू सोने को वित्तीय प्रणाली में लाने के लिए सक्रिय कदम उठा रही है. इसी क्रम में, वित्त मंत्रालय ने बैंकों से वर्ष 2023 के बाद दिए गए गोल्ड लोन और गोल्ड मेटल लोन (आभूषण निर्माताओं के लिए) का विस्तृत ब्योरा मांगा है. मांगी गई जानकारी में ऋण की राशि, सोने की मात्रा, ग्राहकों की संख्या और विदेशी सोने की आपूर्ति जैसे विवरण शामिल हैं.
सरकार का यह कदम देश के बढ़ते आयात बिल और चालू खाता घाटे (CAD) पर नियंत्रण पाने की व्यापक रणनीति का हिस्सा है. हाल ही में, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लोगों से सोने की खरीदारी टालने की अपील की थी और सोने पर आयात शुल्क भी बढ़ाया गया था.
यह सभी प्रयास सोने के गैर-जरूरी आयात को कम करने और देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती प्रदान करने की दिशा में हैं. सरकार की नजर केवल गोल्ड मेटल लोन पर ही नहीं, बल्कि घरों में रखे अपार सोने पर भी है, जिसे वित्तीय उत्पाद के रूप में इस्तेमाल करने की कोशिश की जा रही है.
More Videos
वेदांता पर 50,000 करोड़ रुपये का नया कर्ज, निवेशक हो जाएं सावधान!
₹661 करोड़ का फ्रॉड! बैंकों से क्यों टूट रहा कस्टमर्स का भरोसा? सरकार का पैसा भी सेफ नहीं!
Gold vs Equity: कहां मिलेगा ज्यादा रिटर्न? गजेंद्र कोठारी ने बताया सीक्रेट फॉर्मूला
