LIC को मिली RBI की हरी झंडी, HDFC Bank में हिस्सेदारी बढ़ाने का रास्ता साफ; करीब 10% तक खरीद सकती है शेयर

LIC को HDFC Bank में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए RBI से मंजूरी मिल गई है. RBI ने LIC को HDFC Bank की पेड-अप शेयर कैपिटल या वोटिंग राइट्स में 9.99 फीसदी तक हिस्सेदारी हासिल करने की अनुमति दी है. 20 अगस्त 2026 तक LIC के पास बैंक की 4.77 फीसदी हिस्सेदारी थी. अब LIC करीब 5.22 फीसदी अतिरिक्त हिस्सेदारी खरीद सकती है.

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Highlights

  • RBI ने LIC को HDFC Bank में 9.99% तक हिस्सेदारी बढ़ाने की मंजूरी दी है.
  • 14 अगस्त 2026 तक LIC के पास HDFC Bank की 4.77% हिस्सेदारी थी.
  • RBI की मंजूरी के बाद LIC करीब 5.22% अतिरिक्त हिस्सेदारी खरीद सकती है.

Life Insurance Corporation of India (LIC) को HDFC Bank में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए Reserve Bank of India (RBI) से मंजूरी मिल गई है. RBI ने LIC को HDFC Bank की पेड-अप शेयर कैपिटल या वोटिंग राइट्स में कुल 9.99 फीसदी तक हिस्सेदारी हासिल करने की अनुमति दी है. HDFC Bank ने 19 अगस्त 2026 को स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग के जरिए इसकी जानकारी दी.

अभी LIC के पास कितनी हिस्सेदारी

20 अगस्त 2026 तक उपलब्ध लेटेस्ट डेटा के मुताबिक, LIC के पास HDFC Bank की कुल शेयर कैपिटल में 4.77 फीसदी हिस्सेदारी है. अब RBI की मंजूरी के बाद LIC इस हिस्सेदारी को बढ़ाकर अधिकतम 9.99 फीसदी तक कर सकती है. यानी मौजूदा हिस्सेदारी के मुकाबले LIC के पास करीब 5.22 फीसदी अतिरिक्त हिस्सेदारी हासिल करने की गुंजाइश है. RBI ने यह मंजूरी LIC की ओर से किए गए आवेदन के बाद 19 अगस्त 2026 को जारी एक पत्र के जरिए दी है. हालांकि, यह मंजूरी कुछ शर्तों के अधीन है और LIC को लागू नियमों का पालन करना होगा.

इन नियमों का करना होगा पालन

LIC को हिस्सेदारी बढ़ाते समय Banking Regulation Act, 1949, Reserve Bank of India (Commercial Banks – Acquisition and Holding of Shares or Voting Rights) Directions, 2025 और Foreign Exchange Management Act, 1999 के प्रावधानों का पालन करना होगा. इसके अलावा SEBI के नियमों और अन्य लागू कानूनों, रेगुलेशन और गाइडलाइंस का भी पालन जरूरी होगा.

HDFC Bank का प्रदर्शन कैसा रहा

HDFC Bank ने FY27 की अप्रैल-जून तिमाही में स्टैंडअलोन नेट प्रॉफिट 19,059.72 करोड़ रुपये दर्ज किया. यह पिछले साल की समान तिमाही के मुकाबले 4.98 फीसदी अधिक है. बैंक की नेट इंटरेस्ट इनकम (NII) सालाना आधार पर 6.7 फीसदी बढ़कर 33,535.95 करोड़ रुपये रही. हालांकि, यह 34,353 करोड़ रुपये के पोल अनुमान से कम रही. तिमाही के दौरान बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन (NIM) कुल एसेट्स पर 3.26 फीसदी और इंटरेस्ट-अर्निंग एसेट्स पर 3.40 फीसदी रहा.

डिपॉजिट और एडवांस में भी बढ़ोतरी

देश के सबसे बड़े प्राइवेट सेक्टर बैंक HDFC Bank की एवरेज डिपॉजिट में सालाना आधार पर 10.8 फीसदी की बढ़ोतरी हुई और यह 30,386 अरब रुपये पहुंच गया. वहीं, बैंक के एडवांस 13.3 फीसदी बढ़कर 30,115 अरब रुपये हो गए. हालांकि, एसेट क्वालिटी के मोर्चे पर ग्रॉस नॉन-परफॉर्मिंग एसेट्स (GNPA) में मामूली बढ़ोतरी हुई है. 30 जून 2026 तक बैंक का GNPA ग्रॉस एडवांस का 1.17 फीसदी रहा, जबकि 31 मार्च 2026 को यह 1.15 फीसदी था.

RBI की मंजूरी के बाद HDFC Bank में LIC की हिस्सेदारी बढ़ाने का रास्ता साफ हो गया है. हालांकि, LIC वास्तविक रूप से कितनी अतिरिक्त हिस्सेदारी खरीदेगी और खरीदारी कब तक पूरी होगी, इसकी जानकारी नहीं दी गई है.

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