टिकट कैंसिलेशन पर नहीं चलेगी एयरलाइंस की मनमानी! रिफंड प्रोसेस पर नहीं वसूला जाएगा एक्स्ट्रा चार्ज; DGCA ने लागू किए सख्त नियम
DGCA ने 26 मार्च 2026 से नए नियम लागू किए हैं, जिनसे फ्लाइट टिकट कैंसिल करने पर यात्रियों को जल्दी रिफंड मिलेगा और कोई अतिरिक्त प्रोसेसिंग फीस नहीं लगेगी. तय समयसीमा, क्रेडिट शेल पर रोक, फ्री कैंसिलेशन विंडो और कैंसिलेशन चार्ज पर कैप जैसे कदम यात्रियों की शिकायतें कम करने और पारदर्शिता बढ़ाने के लिए उठाए गए हैं.
अगर आप फ्लाइट टिकट कैंसिल करने के बाद रिफंड के लिए लंबा इंतजार करते-करते परेशान हो चुके हैं, तो अब आपके लिए राहत की खबर है. भारत के एविएशन रेगुलेटर डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) ने नए रिफंड नियम लागू कर दिए हैं, जो 26 मार्च 2026 से लागू हो गए हैं. नए नियमों के तहत एयरलाइंस अब रिफंड प्रोसेस करने के लिए कोई अलग से फीस नहीं वसूल सकेंगी. साथ ही DGCA ने साफ टाइमलाइन भी तय कर दी है, ताकि यात्रियों को समय पर पैसा वापस मिले. इन नियमों का मकसद यात्रियों की बढ़ती शिकायतों को कम करना और एयरलाइंस को ज्यादा जवाबदेह बनाना है.
कितने दिनों के अंदर मिलेगा रिफंड ?
- क्रेडिट कार्ड से टिकट बुक किया है, तो 7 दिन के अंदर रिफंड मिलेगा.
- एयरलाइन ऑफिस से कैश में टिकट लिया है, तो तुरंत रिफंड देना होगा.
- ट्रैवल एजेंट या ऑनलाइन पोर्टल से टिकट लिया है, तो 14 कार्यदिवस के भीतर रिफंड मिलना जरूरी है.
- DGCA ने यह भी स्पष्ट किया है कि अगर टिकट किसी एजेंट के जरिए बुक हुआ है, तब भी रिफंड की जिम्मेदारी एयरलाइंस की ही होगी.
अब जबरन ‘क्रेडिट शेल’ नहीं दे सकेंगी एयरलाइंस
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के मुताबिक, पहले कई बार एयरलाइंस यात्रियों को रिफंड की जगह क्रेडिट शेल लेने के लिए मजबूर करती थीं. अब ऐसा नहीं होगा. एयरलाइंस सिर्फ विकल्प दे सकती हैं, मजबूरी नहीं बना सकतीं. साथ ही रिफंड में सभी चार्ज जैसे टैक्स, UDF, ADF और PSF शामिल करना होगा. अगर टिकट नॉन-रिफंडेबल या प्रमोशनल ही क्यों न हो. इसके अलावा टिकट या अलग डॉक्यूमेंट में पूरा रिफंड ब्रेकअप दिखाना भी जरूरी होगा.
48 घंटे तक फ्री कैंसिलेशन की सुविधा
रिपोर्ट के मुताबिक, नए नियमों में यात्रियों को एक लुक-इन ऑप्शन भी दिया गया है यानी टिकट बुक करने के 48 घंटे के अंदर आप बिना अतिरिक्त चार्ज के टिकट कैंसिल या बदल सकते हैं. लेकिन इसके लिए कुछ शर्तें हैं. इनमें,
- घरेलू फ्लाइट के लिए उड़ान कम से कम 7 दिन दूर होनी चाहिए.
- इंटरनेशनल फ्लाइट के लिए उड़ान कम से कम 15 दिन दूर होनी चाहिए.
- 48 घंटे के बाद एयरलाइंस के अपने कैंसिलेशन चार्ज लागू होंगे.
DGCA ने कैंसिलेशन फीस पर भी सीमा तय कर दी है. अब एयरलाइंस बेसिक किराया और फ्यूल सरचार्ज से ज्यादा चार्ज नहीं ले सकतीं. साथ ही बुकिंग के समय ही यह साफ-साफ बताना होगा कि कैंसिलेशन पर कितना पैसा कटेगा, ताकि यात्रियों को पहले से पूरी जानकारी रहे.
किन शिकायतों को खत्म करने की कोशिश?
नए नियम खासतौर पर इन समस्याओं को खत्म करने के लिए लाए गए हैं. रिफंड में देरी, रिफंड अमाउंट को लेकर विवाद
रिफंड को जबरन भविष्य की बुकिंग में एडजस्ट करना. DGCA के मुताबिक, इन शिकायतों की संख्या लगातार बढ़ रही थी, इसलिए सख्त कदम उठाना जरूरी हो गया था.
इसके अलावा अगर कोई यात्री मेडिकल इमरजेंसी के कारण टिकट कैंसिल करता है और वह उसी PNR में शामिल परिवार का सदस्य है तो उसे रिफंड या क्रेडिट शेल का विकल्प मिलेगा. दूसरे मेडिकल मामलों में रिफंड एयरलाइन या DGCA से मान्यता प्राप्त एयरोस्पेस मेडिसिन विशेषज्ञ की जांच के बाद मिलेगा. इसके अलावा अगर टिकट बुकिंग के 24 घंटे के भीतर नाम में स्पेलिंग गलती सुधारनी हो, तो एयरलाइंस कोई चार्ज नहीं ले सकेंगी.
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