BSE के शेयर में बंपर उछाल, Nifty50 में शामिल होने की खबर से रॉकेट बना स्टॉक; एक साल में 70% का रिटर्न

BSE Share Price Today: पिछले एक साल में BSE का स्टॉक भारत के सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले फाइनेंशियल स्टॉक्स में से एक रहा है, जिसमें 70 फीसदी से ज्यादा की तेजी आई है. BSE ने मार्च तिमाही के लिए अपने कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट में 61 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की है, जो बढ़कर 795.47 करोड़ रुपये हो गया है.

बीएसई स्टॉक में तेजी. Image Credit: Getty image

BSE Share Price Today: मंगलवार को बीएसई के शेयर में जोरदार तेजी दर्ज की गई. सुबह के कारोबार में बीएसई के शेयर 4 फीसदी उछल गए. शेयरों में आई तेजी के पीछे एक रिपोर्ट है, जिसमें कहा गया है कि यह स्टॉक एक्सचेंज सितंबर 2026 में होने वाले रीबैलेंसिंग में बेंचमार्क Nifty50 इंडेक्स में शामिल होने वाला है, और संभवत IT दिग्गज Wipro Ltd. की जगह ले लेगा. इंडेक्स में बदलाव होने के लिए कम से कम एक ऐसा योग्य स्टॉक होना चाहिए जिसका एवरेज फ्लोट मार्केट कैप (AFMC) इंडेक्स के सबसे छोटे सदस्य के AFMC से 1.5 गुना ज्यादा हो.

सबसे अधिक मुनाफा वाला शेयर

19 मई की दोपहर बीएसई के शेयर 3.41 फीसदी की तेजी के साथ 4,261.40 रुपये पर ट्रेड कर रहा था. आज निफ्टी कैपिटल मार्केट इंडेक्स में यह स्टॉक दूसरा सबसे ज्यादा मुनाफा कमाने वाला शेयर था. Angel One 5.5% की बढ़त के साथ सबसे आगे था.

70 फीसदी से अधिक की तेजी

पिछले एक साल में BSE का स्टॉक भारत के सबसे अच्छा प्रदर्शन करने वाले फाइनेंशियल स्टॉक्स में से एक रहा है, जिसमें 70 फीसदी से ज्यादा की तेजी आई है. ट्रेडिंग वॉल्यूम में जबरदस्त उछाल, रिटेल निवेशकों की बढ़ती भागीदारी, और इसके डेरिवेटिव्स बिजनेस, खासकर साप्ताहिक Sensex ऑप्शंस में आई तेजी ने रिकॉर्ड कमाई को बढ़ावा दिया है और इस तेजी को मजबूती दी है.

विप्रो के शेयर में गिरावट

बीएसई के विपरीत, विप्रो को इसी अवधि में लगभग 25 फीसदी का नुकसान हुआ है. इसकी वजह टेक्नोलॉजी सेक्टर में आई व्यापक कमजोरी और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस से होने वाले बदलावों को लेकर बढ़ती चिंताएं हैं. चौथी तिमाही के निराशाजनक नतीजों, अनुमान से कम रेवेन्यू, और अगली तिमाही के लिए -2% से 0% ग्रोथ के सतर्क अनुमान ने इस दबाव को और बढ़ा दिया है.

BFSI सेगमेंट में घटती मांग और नेट प्रॉफिट में गिरावट ने इस स्टॉक को इसके 52 वीक के निचले स्तर के करीब बनाए रखा है. अगर विप्रो को इंडेक्स से हटा दिया जाता है, तो पैसिव आउटफ्लो लगभग 206 मिलियन डॉलर होने का अनुमान है.

शामिल किए जाएंगे 5 नए स्टॉक्स

Nifty 100 इंडेक्स में और भी बड़े बदलाव होने वाले हैं. इसमें पांच नए स्टॉक शामिल किए जाएंगे और पांच हटाए जाएंगे, जो कि एक ही रिव्यू में किए जा सकने वाले बदलावों की अधिकतम संख्या है. यह इंडेक्स पूरी मार्केट कैप रैंकिंग का इस्तेमाल करता है. इसके तहत, 110 से नीचे रैंक करने वाले किसी भी स्टॉक को इंडेक्स से हटा दिया जाता है, जबकि टॉप 90 में रैंक करने वाले नए स्टॉक को इसमें शामिल किया जाता है.

जिन स्टॉक के शामिल होने की उम्मीद है, उनमें BSE, Hitachi Energy India, Polycab India, Vodafone Idea और Bharat Heavy Electricals शामिल हैं. वहीं, Macrotech Developers, Shree Cement, Indian Hotels, REC और Zydus Lifesciences को इंडेक्स से बाहर किया जाएगा.

कंपनी का वित्तीय प्रदर्शन

BSE ने मार्च तिमाही के लिए अपने कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट में 61 फीसदी की बढ़ोतरी दर्ज की है, जो बढ़कर 795.47 करोड़ रुपये हो गया है. यह बढ़ोतरी कंपनी की आय में हुई वृद्धि के कारण हुई है.

कंपनी ने पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 493.67 करोड़ रुपये का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट दर्ज किया था. एक रेगुलेटरी फाइलिंग के अनुसार, जनवरी-मार्च की अवधि के दौरान कुल रेवेन्यू पिछले साल की इसी अवधि के 926.38 करोड़ रुपये से बढ़कर 1,630 करोड़ रुपये हो गया. पूरे 2025-26 के लिए, एक्सचेंज का नेट प्रॉफिट 88 फीसदी बढ़कर 2,487 करोड़ रुपये हो गया, जबकि वित्त वर्ष 25 में यह 1,322 करोड़ रुपये था.

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डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.