Blinkit vs Kirana Store: कौन जीतेगा भारत का रिटेल मार्केट?
पिछले कुछ सालों में क्विक कॉमर्स ने भारतीय खरीदारी के तरीके को बदल दिया है, जिसमें ब्लिंकइट, ज़ेप्टो और स्विगी इंस्टामार्ट जैसी कंपनियां 10-20 मिनट में डिलीवरी का दावा करती हैं. हालांकि, अब बाजार में एक नया ट्रेंड उभर रहा है जहाँ छोटे फॉर्मेट वाले सुपरमार्केट और किराना स्टोर कम कीमत पर उत्पादों की पेशकश करके ग्राहकों को आकर्षित कर रहे हैं. यह मुकाबला अब सिर्फ डिलीवरी की स्पीड का नहीं, बल्कि जेब बचाने का भी बन गया है.
फाइनेंशियल एक्सप्रेस की एक रिपोर्ट के अनुसार, सुपरके, अपना मार्केट और एसएवीओ मार्ट जैसे छोटे रिटेल चेन तेजी से अपनी मौजूदगी बढ़ा रहे हैं. ये स्टोर उन परिवारों को लक्ष्य करते हैं जिनकी मासिक आय 25,000 से 50,000 रुपये के बीच है और उन्हें रोजमर्रा का सामान किफायती दामों पर घर के पास उपलब्ध कराते हैं. क्विक कॉमर्स की तेज डिलीवरी की कीमत होती है, जिसमें डार्क स्टोर्स और लॉजिस्टिक्स पर भारी खर्च होता है. दूसरी ओर, वैल्यू रिटेल स्टोर कम खर्च में ग्राहकों को बेहतर कीमत प्रदान करते हैं क्योंकि वे स्थानीय जरूरतों के हिसाब से स्टॉक रखते हैं और बड़ी संख्या में उत्पाद रखने से बचते हैं.
