Ozempic और GLP-1 Weight Loss Drugs: क्या भारत की फार्मा इंडस्ट्री में आने वाला है बड़ा बदलाव?
भारत में GLP-1 यानी Ozempic जैसी वेट लॉस दवाओं का बाजार तेजी से बढ़ रहा है, लेकिन आगे इसका स्वरूप बदलता नजर आ रहा है. इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स और डॉक्टरों के मुताबिक, मार्च 2026 में सेमाग्लूटाइड का पेटेंट खत्म होने के बाद भारत में सस्ते जेनेरिक वर्जन आने की संभावना है. इससे मरीजों की संख्या तो बढ़ सकती है, लेकिन वैल्यू ग्रोथ अपेक्षाकृत धीमी रह सकती है.
फिलहाल भारत के ₹1,109 करोड़ के एंटी-ओबेसिटी ड्रग मार्केट में दो ग्लोबल दिग्गज, Novo Nordisk और Eli Lilly, अपनी हिस्सेदारी बढ़ाने की होड़ में हैं. हालांकि, विशेषज्ञ चेतावनी दे रहे हैं कि साइड इफेक्ट्स और लंबे समय तक इलाज जारी न रख पाने की वजह से थेरेपी बीच में छोड़ने वालों की संख्या बढ़ सकती है. ऐसे में सवाल यह है कि बढ़ती पहुंच भारतीय फार्मा इंडस्ट्री के लिए बड़ा अवसर बनेगी या नई चुनौतियां खड़ी करेगी. ऐसे में आइए वीडियों के माध्यम से पूरी जानकारी आसान भाषा में समझते हैं.
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