डॉलर के मुकाबले 3 पैसे मजबूत हुआ रुपया, 95.33 पर बंद, अब इन फैक्टर पर रहेगी नजर

रुपया बुधवार को अमेरिकी डॉलर के मुकाबले 3 पैसे मजबूत होकर 95.33 पर बंद हुआ. हालांकि कच्चे तेल की बढती कीमतों और वैश्विक बाजार में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति ने रुपये पर दबाव बनाए रखा. ब्रेंट क्रूड 88.97 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया है. अब बाजार की नजर अमेरिकी CPI आंकडों पर है. ज्यादा महंगाई से सितंबर में फेड रेट कट की उम्मीद कमजोर हो सकती है.

मजबूत हुआ रुपया Image Credit: @Money9live

रुपया आज डॉलर के मुकाबले 3 पैसे मजबूत होकर 95.33 पर बंद हुआ. हालांकि कारोबार के दौरान घरेलू मुद्रा पर कच्चे तेल की बढ़ती कीमतों और वैश्विक बाजारों में जोखिम से बचने की प्रवृत्ति का दबाव बना रहा. बाजार की नजर अब अमेरिका के महंगाई आंकड़ों पर है. अमेरिकी CPI का आंकड़ा रुपये और डॉलर की आगे की चाल के लिए अहम माना जा रहा है.

रुपया 95.33 पर हुआ बंद

इंटरबैंक फॉरेक्स मार्केट में रुपया 95.40 के स्तर पर खुला. कारोबार के दौरान यह 95.24 से 95.43 के दायरे में रहा. आखिर में रुपया 3 पैसे की बढ़त के साथ 95.33 के स्तर पर बंद हुआ. मंगलवार को रुपया 6 पैसे कमजोर होकर 95.36 पर बंद हुआ था. यानी बुधवार को घरेलू मुद्रा में मामूली सुधार देखने को मिला.

कच्चे तेल की कीमतों से दबाव

रुपये की चाल पर कच्चे तेल की कीमतों का असर बना हुआ है. अंतरराष्ट्रीय बाजार में ब्रेंट क्रूड 88.97 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार कर रहा था. इसमें 0.07 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई. जानकारों के मुताबिक, तेल की कीमत 90 डॉलर प्रति बैरल की ओर बढ़ रही है. महंगा कच्चा तेल भारत के आयात बिल को बढ़ा सकता है और इससे रुपये पर दबाव बढ़ सकता है.

US CPI आंकडों पर बाजार की नजर

अब रुपये और डॉलर की दिशा के लिए अमेरिकी CPI आंकडे़ काफी अहम होंगे. अगर अमेरिका में महंगाई उम्मीद से ज्यादा रहती है तो सितंबर में फेड की ओर से ब्याज दर बढ़ाने की उम्मीद मजबूत हो सकती है. इससे अमेरिकी बॉन्ड यील्ड और डॉलर मजबूत हो सकते हैं. ऐसे हालात में रुपये पर दबाव बढ़ सकता है. वहीं कमजोर महंगाई आंकड़ा रुपये के लिए राहत दे सकता है.

डॉलर इंडेक्स भी मजबूत

अमेरिकी डॉलर की मजबूती को मापने वाला डॉलर इंडेक्स 99.85 के स्तर पर था. इसमें 0.03 फीसदी की बढ़त दर्ज हुई. तेल की कीमतों और वैश्विक बाजारों में अनिश्चितता के कारण डॉलर को सपोर्ट मिला. बाजार में निवेशक फिलहाल जोखिम लेने से बच रहे हैं. इसका असर उभरते बाजारों की करेंसी पर भी देखने को मिल रहा है.

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भारत की रेटिंग पर Fitch का भरोसा कायम

Fitch Ratings ने भारत की सॉवरेन क्रेडिट रेटिंग BBB माइनस पर बरकरार रखी है. यह लगातार 20वां साल है जब भारत की रेटिंग इसी स्तर पर बनी हुई है. हालांकि एजेंसी ने रोजगार से जुडे विरोध प्रदर्शनों और सरकारी खर्च पर दबाव को जोखिम बताया है. इसके बावजूद Fitch ने कहा कि ऊर्जा संकट जैसी चुनौतियों के बीच भी भारत की अर्थव्यवस्था मजबूत बनी हुई है और देश की ग्रोथ की संभावनाएं बेहतर हैं.