घर में रखा पुराना सोना बेच रहे भारतीय, अगस्त में 20 फीसदी का उछाल; आखिर ऐसा कदम क्यों उठा रहे लोग?

सोने की कीमत 1.6 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के पार चली गई है और इस महीने अब तक इसमें 14 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है. मंगलवार को मुंबई के स्पॉट मार्केट में सोना 1.62 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के भाव पर ट्रेड कर रहा था.

गोल्ड के बदले कैश. Image Credit: Getty image

Highlights

  • स्पॉट मार्केट में सोना 1.62 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम.
  • सोने की रिकॉर्ड कीमतें ग्राहकों के व्यवहार को बदल रही हैं.
  • ट्रेडर्स की नजरें अमेरिका के आने वाले महंगाई के आंकड़ों पर है.

पुराने सोने के बदले कैश लेने का कारोबार अगस्त में बढ़कर कुल बिजनेस का लगभग 20 फीसदी हो गया है, जबकि एक साल पहले यह सिर्फ 5 फीसदी था. ऐसा इसलिए हो रहा है क्योंकि भारतीय लोग सोने की रिकॉर्ड कीमतों और बढ़ती महंगाई के बीच घर में रखे सोने को बेचकर कैश हासिल कर रहे हैं. सोने की कीमत 1.6 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के पार चली गई है और इस महीने अब तक इसमें 14 फीसदी की बढ़ोतरी हुई है.

ग्राहक खर्चों को पूरा करने के लिए घर में रखे सोने को बेच रहे हैं और साथ ही अनिश्चितता के माहौल में मुनाफा भी सुनिश्चित करना चाहते हैं.

कैश-फॉर-गोल्ड

मंगलवार को मुंबई के स्पॉट मार्केट में सोना 1.62 लाख रुपये प्रति 10 ग्राम के भाव पर ट्रेड कर रहा था. कल्याण ज्वैलर्स और तनिष्क ने जून से ‘कैश-फॉर-गोल्ड’ (सोने के बदले नकद) का ऑप्शन शुरू किया है या उसे बढ़ाया है, जबकि जोयालुक्कास भी ग्राहकों को यह सुविधा देता है. इस कदम से एक ऐसी सर्विस ऑर्गनाइज्ड रिटेल सेक्टर में आ गई है जो पारंपरिक रूप से छोटे और क्षेत्रीय ज्वैलर्स से जुड़ी रही है.

क्या है ये मॉडल?

इस मॉडल के तहत ग्राहक नई खरीदारी के लिए एक्सचेंज करने के बजाय रिटेलर्स को पुराने गहने नकद के लिए बेचते हैं. ज्वैलर्स के लिए यह प्रोग्राम रीसाइकल किए गए सोने को हासिल करने का एक और जरिया देता है, ऐसे समय में जब रिकॉर्ड कीमतों के कारण नया सोना खरीदने पर असर पड़ रहा है.

तेजी से बढ़ रहा कैश-फॉर-गोल्ड का चलन

ईटी के अनुसार, कल्याण ज्वैलर्स के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर रमेश कल्याणरमन ने कंपनी की Q1 एनालिस्ट कॉल में कहा, ‘कैश-फॉर-गोल्ड का चलन तेजी से बढ़ रहा है और इससे एक्सचेंज के कारण होने वाले मार्जिन में कमी की भरपाई होनी चाहिए.’ कंपनी ने कहा कि उसके बिजनेस में कैश-फॉर-गोल्ड का हिस्सा जून तिमाही में सिंगल डिजिट से बढ़कर डबल डिजिट में पहुंच गया है.

सोने की कीमतों का असर

यह बदलाव ऐसे समय में आया है जब सोने की रिकॉर्ड कीमतें ग्राहकों के व्यवहार को बदल रही हैं. जहां सोने की महंगी कीमतों ने कुछ ग्राहकों को नए गहने खरीदने को टालने के लिए प्रेरित किया है, वहीं इसने घर में रखे सोने की वैल्यू भी बढ़ा दी है, जिससे वे कैश हासिल करने का एक आकर्षक जरिया बन गए हैं.

ज्वैलर्स ने कहा कि कैश ट्रांजैक्शन में बढ़ोतरी खासकर उन ग्राहकों में देखी जा रही है जो पुराने गहनों को नए गहनों से एक्सचेंज करने के बजाय मौजूदा कीमतों का फायदा उठाना चाहते हैं.

सोने-चांदी की कीमतें

इंटरनेशनल लेवल पर मंगलवार को सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट आई, जबकि वे तीन महीने से ज्यादा समय में अपने सबसे ऊंचे स्तर पर पहुंच गए थे. ट्रेडर्स की नजरें अमेरिका के आने वाले महंगाई के आंकड़ों और इस हफ्ते के आखिर में फेडरल रिजर्व के चेयरमैन केविन वॉर्श के भाषण पर टिकी हैं.

फेडरल रिजर्व ने अभी तक महंगाई पर सख्त रुख अपनाने का कोई साफ संकेत नहीं दिया है, जबकि डॉलर की वैल्यू घटने की चिंताओं से आने वाले हफ्तों में सोने की कीमतों को सहारा मिलने की उम्मीद है.

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