129X सब्सक्राइब हुआ यह IPO, GMP ₹160 के पार; लिस्टिंग पर ₹5,600 तक का हो सकता है मुनाफा

कुसुमगर लिमिटेड का आईपीओ निवेशकों के बीच जबरदस्त आकर्षण का केंद्र बना. इश्यू को कुल 128.85 गुना सब्सक्रिप्शन मिला, जबकि संस्थागत निवेशकों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सेदारी दिखाई. दूसरी ओर, ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) में लगातार बढ़ोतरी मजबूत लिस्टिंग की उम्मीद जगा रही है. अब निवेशकों की नजर अलॉटमेंट और 15 जुलाई को संभावित लिस्टिंग पर टिकी है.

Kusumgar IPO Image Credit: Canva/ Money9

Kusumgar Limited के आईपीओ को निवेशकों से जबरदस्त प्रतिक्रिया मिली है. इश्यू कुल 128.85 गुना सब्सक्राइब हुआ, जबकि क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) की ओर से रिकॉर्ड स्तर की बोलियां आईं. वहीं, ग्रे मार्केट में भी इस आईपीओ का प्रीमियम लगातार बढ़ रहा है, जिससे इसकी संभावित लिस्टिंग को लेकर निवेशकों में उत्साह बना हुआ है.

कितना हुआ सब्सक्राइब?

कुसुमगर लिमिटेड के करीब 650 करोड़ रुपये के आईपीओ को निवेशकों ने शानदार रिस्पॉन्स दिया. एनएसई के उपलब्ध आंकड़ों के मुताबिक, 1,14,68,094 शेयरों के मुकाबले 1,47,76,17,435 शेयरों के लिए आवेदन प्राप्त हुए, जिसके चलते यह इश्यू कुल 128.85 गुना सब्सक्राइब हुआ.

पात्र संस्थागत खरीदार (QIB) का हिस्सा 284.10 गुना, गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) का कोटा 165.46 गुना और रिटेल निवेशकों का हिस्सा 26.47 गुना सब्सक्राइब हुआ.

ग्रे मार्केट प्रीमियम के क्या संकेत

आईपीओ का प्राइस बैंड 398 रुपये से 419 रुपये प्रति शेयर रखा गया था. ग्रे मार्केट में इस इश्यू को लगातार मजबूत संकेत मिल रहे हैं. 10 जुलाई को जहां इसका ग्रे मार्केट प्रीमियम (GMP) 163 रुपये था, वहीं 11 जुलाई को यह बढ़कर 165 रुपये पहुंच गया.

मौजूदा जीएमपी के आधार पर शेयर की संभावित लिस्टिंग 579 रुपये से अधिक के स्तर पर हो सकती है. इससे रिटेल निवेशकों को 5,600 रुपये का मुनाफा हो सकता है. हालांकि, ग्रे मार्केट प्रीमियम केवल बाजार की धारणा को दर्शाता है और इसे लिस्टिंग मूल्य की गारंटी नहीं माना जाता.

ऑफर फॉर सेल होने से कंपनी को नहीं मिलेगा फंड

यह आईपीओ पूरी तरह ऑफर फॉर सेल (OFS) है. यानी इस इश्यू के जरिए कोई नए शेयर जारी नहीं किए जा रहे हैं. ऐसे में आईपीओ से जुटाई जाने वाली पूरी राशि मौजूदा शेयरधारकों को मिलेगी और कंपनी के पास कोई नया पूंजी निवेश नहीं आएगा.

कब अलॉटमेंट, कब लिस्टिंग

आईपीओ के शेयरों का अलॉटमेंट 13 जुलाई 2026 को तय होने की संभावना है. इसके बाद 14 जुलाई को सफल निवेशकों के डीमैट खातों में शेयर ट्रांसफर किए जाएंगे और जिन निवेशकों को शेयर नहीं मिलेंगे, उनके आवेदन की राशि वापस की जाएगी.

कंपनी के शेयरों की 15 जुलाई 2026 को बीएसई और एनएसई पर लिस्टिंग होने की उम्मीद है. निवेशक अलॉटमेंट स्टेटस रजिस्ट्रार Bigshare Services Pvt. Ltd. की आधिकारिक वेबसाइट के अलावा बीएसई और एनएसई की वेबसाइट पर भी देख सकेंगे.

कंपनी के बारे में

साल 1990 में स्थापित कुसुमगर लिमिटेड इंजीनियर्ड फैब्रिक के निर्माण के कारोबार में है. कंपनी बुने हुए, कोटेड और लैमिनेटेड सिंथेटिक फैब्रिक तैयार करती है, जिनका इस्तेमाल एयरोस्पेस, डिफेंस, ऑटोमोबाइल, औद्योगिक, आउटडोर और लाइफस्टाइल जैसे कई क्षेत्रों में किया जाता है.

31 मार्च 2026 तक कंपनी ने 1,000 से अधिक यूनिक स्टॉक कीपिंग यूनिट्स (SKUs) विकसित किए थे. इसकी छह मैन्युफैक्चरिंग यूनिट गुजरात में और एक फैब्रिकेशन यूनिट उत्तर प्रदेश में स्थित है. कंपनी का ऑपरेटिंग रेवेन्यू वित्त वर्ष 2024 के 467.9 करोड़ रुपये से बढ़कर वित्त वर्ष 2026 में 692 करोड़ रुपये हो गया.

डिस्क्लेमर: इस खबर में GMP से संबंधित जानकारी दी गई है. मनी9लाइव का GMP तय करने से कोई संबंध नहीं है. मनी9लाइव निवेशकों को यह भी सचेत करता है कि केवल जीएमपी के आधार पर निवेश पर फैसला नहीं करें. निवेश से पहले कंपनी के फंडामेंटल जरूर देखें और एक्सपर्ट की सलाह अवश्य लें.