8वें वेतन आयोग का इंतजार जारी, लेकिन जुलाई में बढ़ सकता है DA, इन बड़ी बातों पर डालें नजर

पेंशनधारक लंबे समय से 8वें वेतन आयोग का इंतजार कर रहे हैं. सभी की नजर इस बात पर है कि नया वेतन आयोग कब अपनी सिफारिशें देगा और वेतन में कितनी बढ़ोतरी हो सकती है. हालांकि फिलहाल वेतन आयोग को लेकर कोई अंतिम फैसला सामने नहीं आया है, लेकिन कर्मचारियों को जल्द एक दूसरी राहत मिल सकती है.

8th Pay Commission Image Credit: Canva/ Money9

8th Pay Commission: केंद्र सरकार के लाखों कर्मचारी और पेंशनधारक लंबे समय से 8वें वेतन आयोग का इंतजार कर रहे हैं. सभी की नजर इस बात पर है कि नया वेतन आयोग कब अपनी सिफारिशें देगा और वेतन में कितनी बढ़ोतरी हो सकती है. हालांकि फिलहाल वेतन आयोग को लेकर कोई अंतिम फैसला सामने नहीं आया है, लेकिन कर्मचारियों को जल्द एक दूसरी राहत मिल सकती है. महंगाई भत्ते यानी DA में बढ़ोतरी की उम्मीद बढ़ गई है. हाल में जारी महंगाई के आंकड़ों ने संकेत दिए हैं कि जुलाई 2026 से DA में एक और बढ़ोतरी हो सकती है.

अगर ऐसा होता है तो लाखों कर्मचारियों और पेंशनधारकों की मासिक आय में सीधा फायदा देखने को मिलेगा. दूसरी ओर कर्मचारी संगठन 8वें वेतन आयोग के सामने कई अहम मांगें भी रख रहे हैं. इनमें न्यूनतम वेतन बढ़ाने से लेकर फिटमेंट फैक्टर और पेंशन सुधार तक की मांग शामिल है. ऐसे में सरकारी कर्मचारियों के लिए आने वाले कुछ महीने काफी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं.

जुलाई से बढ़ सकता है DA

ताजा आंकड़ों के अनुसार इंडस्ट्रियल वर्कर्स के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक यानी AICPI-IW मार्च 2026 में 149.1 था, जो अप्रैल 2026 में बढ़कर 149.9 हो गया. इसी दौरान महंगाई दर भी 4.27 प्रतिशत से बढ़कर 4.46 प्रतिशत पर पहुंच गई. इन्हीं आंकड़ों के आधार पर अनुमान लगाया जा रहा है कि जुलाई 2026 से DA में 3 प्रतिशत तक बढ़ोतरी हो सकती है.

अभी कितना मिल रहा है DA

  • फिलहाल केंद्र सरकार के कर्मचारी और पेंशनधारक 60 प्रतिशत की दर से महंगाई भत्ता प्राप्त कर रहे हैं.
  • यदि अनुमान सही साबित होता है तो यह बढ़कर 63 प्रतिशत तक पहुंच सकता है.
  • हालांकि अंतिम फैसला मई और जून 2026 के आंकड़ों के बाद ही होगा.
  • इसके लिए केंद्रीय मंत्रिमंडल की मंजूरी भी जरूरी है.

DA क्यों है महत्वपूर्ण

  • महंगाई बढ़ने के साथ खाने-पीने की चीजों, घर, इलाज, शिक्षा और यात्रा का खर्च भी बढ़ जाता है.
  • DA का मकसद कर्मचारियों और पेंशनधारकों को इस बढ़ती महंगाई से राहत देना होता है.
  • इसी वजह से हर DA बढ़ोतरी कर्मचारियों की जेब पर सीधा असर डालती है.

8वें वेतन आयोग से क्या चाहते हैं कर्मचारी

कर्मचारी संगठनों का कहना है कि मौजूदा वेतन ढांचा आज की जरूरतों के हिसाब से पर्याप्त नहीं है. स्वास्थ्य, शिक्षा, मकान और बुजुर्ग माता-पिता की देखभाल का खर्च पहले की तुलना में काफी बढ़ गया है. इसलिए वेतन आयोग के सामने नई मांगें रखी गई हैं.

न्यूनतम वेतन में बदलाव की मांग

  • कर्मचारी संगठनों ने न्यूनतम वेतन तय करने के मौजूदा नियम में बदलाव की मांग की है.
  • अभी वेतन की गणना तीन परिवार इकाइयों के आधार पर होती है.
  • संगठनों का कहना है कि आज के समय में यह व्यवस्था सही तस्वीर नहीं दिखाती.
  • इसलिए इसे बढ़ाकर पांच परिवार इकाइयों पर आधारित किया जाना चाहिए.

प्रमुख मांगें क्या हैं

8वें वेतन आयोग के सामने कर्मचारियों की कई बड़ी मांगें रखी गई हैं. इनमें अधिक फिटमेंट फैक्टर, न्यूनतम मूल वेतन में बढ़ोतरी, DA को मूल वेतन में जोड़ना और पेंशन को ज्यादा सुरक्षित बनाना शामिल है. कुछ कर्मचारी संगठनों ने 3.83 फिटमेंट फैक्टर की मांग भी की है.

आयोग ने बढ़ाई समय सीमा

8वें वेतन आयोग ने सुझाव और ज्ञापन जमा करने की अंतिम तारीख 15 जून 2026 तक बढ़ा दी है. आयोग ने इसे अंतिम मौका बताया है. इसके अलावा आयोग 9 और 10 जुलाई को कोलकाता में क्षेत्रीय बैठकें भी करेगा, जहां कर्मचारी संगठनों और सरकारी विभागों से चर्चा की जाएगी.

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