PPF को सबसे सुरक्षित और भरोसेमंद निवेश योजनाओं में गिना जाता है. यह सरकार समर्थित योजना है, जिसमें निवेश पर मिलने वाला ब्याज और मैच्योरिटी की रकम पूरी तरह टैक्स फ्री होती है. यही वजह है कि कई माता-पिता अपने बच्चों की पढ़ाई, शादी या भविष्य की अन्य जरूरतों के लिए PPF में निवेश करना पसंद करते हैं.
AI का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है. अब AI सिर्फ ChatGPT या वर्चुअल असिस्टेंट तक सीमित नहीं रह गया है. ऑटोमोबाइल, हेल्थकेयर, बैंकिंग, सॉफ्टवेयर, विज्ञापन और मैन्युफैक्चरिंग जैसे कई सेक्टरों में AI का इस्तेमाल हो रहा है. कंपनियां अपने काम को तेज, स्मार्ट और कम लागत वाला बनाने के लिए AI तकनीक पर भारी निवेश कर रही हैं.
30-30-30 नियम पुराने राउटर को फैक्ट्री सेटिंग पर रीसेट करने का एक तरीका था. इस प्रक्रिया में सबसे पहले राउटर के रीसेट बटन को 30 सेकंड तक दबाकर रखा जाता है. इसके बाद बटन दबाए रखते हुए राउटर की बिजली 30 सेकंड के लिए बंद कर दी जाती है. फिर राउटर को दोबारा बिजली से जोड़कर 30 सेकंड तक बटन दबाए रखा जाता है.
पिछले कुछ समय में दूध, पेट्रोल, डीजल और CNG की कीमतों में बढ़ोतरी के बाद अब बिजली का खर्च भी बढ़ने जा रहा है. गर्मी के मौसम में जब घरों और कारोबारों में बिजली की खपत पहले से ही ज्यादा है, ऐसे समय में बिजली बिल बढ़ने की खबर ने लोगों की चिंता और बढ़ा दी है.
Zen Technologies देश की सबसे बड़ी एंटी-ड्रोन सिस्टम सप्लायर कंपनियों में से एक मानी जाती है. कंपनी अब तक दुनिया भर में 1,000 से ज्यादा एंटी-ड्रोन सिस्टम की आपूर्ति कर चुकी है. इसके अलावा कंपनी सेना, नौसेना और अन्य रक्षा बलों के लिए सिमुलेशन आधारित प्रशिक्षण सिस्टम भी तैयार करती है.
ITC को ज्यादातर लोग सिगरेट कारोबार के लिए जानते हैं, लेकिन अब कंपनी का कारोबार सिर्फ इसी क्षेत्र तक सीमित नहीं है. FMCG, कृषि, पेपर और पैकेजिंग जैसे कई क्षेत्रों में इसकी मजबूत मौजूदगी है. कंपनी के पास बड़ी मात्रा में नकदी है और वह अपने मुनाफे का बड़ा हिस्सा निवेशकों को डिविडेंड के रूप में लौटाती है.
अक्सर देखा जाता है कि निवेशक अपने डिमैट अकाउंट या म्यूचुअल फंड में नॉमिनी नहीं जोड़ते. ऐसी स्थिति में निवेशक की मृत्यु होने पर परिवार को निवेश की रकम हासिल करने में काफी परेशानी का सामना करना पड़ता है. इसी समस्या को दूर करने के लिए भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) ने नए नियम जारी किए हैं.
फार्मा सेक्टर पिछले एक साल में शेयर बाजार के सबसे मजबूत सेक्टरों में शामिल रहा है. जब विदेशी निवेशक (FII) लगातार भारतीय बाजार से पैसा निकाल रहे थे, तब भी दवा कंपनियों के शेयरों ने अच्छा प्रदर्शन किया. यही वजह है कि निवेशकों की नजर अब उन फार्मा कंपनियों पर है जो तेजी से बढ़ रही हैं.
देश को लगातार ज्यादा बिजली की जरूरत है, तो दूसरी तरफ सरकार ग्रीन एनर्जी को बढ़ावा दे रही है. ऐसे में निवेशकों के सामने सबसे बड़ा सवाल है कि लंबी अवधि के लिए कौन सा पावर स्टॉक बेहतर हो सकता है. इस चर्चा में सबसे ज्यादा नाम दो कंपनियों का सामने आता है. एक है Adani Power और दूसरी है Tata Power.
कई ऐसी कंपनियां हैं जिनके नाम आम लोग शायद ही जानते हों. लेकिन ये कंपनियां ऐसे उत्पाद बनाती हैं जिनके बिना बड़े उद्योगों का काम रुक सकता है. ऐसी ही एक कंपनी है Raghav Productivity Enhancers Limited. यह कंपनी सिलिका रैमिंग मास बनाती है, जिसका इस्तेमाल स्टील प्लांट और फाउंड्री में लगे इंडक्शन फर्नेस की सुरक्षा के लिए किया जाता है.