52 वीक हाई से 54% नीचे ट्रेड हो रहा यह शेयर, अब ब्रोकरेज ने दी BUY रेटिंग; 21.5% तक तेजी की उम्मीद
Vikram Solar के शेयर में ब्रोकरेज ने 21.5 फीसदी तक तेजी की संभावना जताई है और BUY रेटिंग के साथ 226 रुपये का टारगेट दिया है. कंपनी का शेयर 52 वीक हाई से करीब 54 फीसदी नीचे ट्रेड कर रहा है, जिससे निवेशकों के लिए यह एक संभावित अवसर बन सकता है. सोलर सेक्टर में बढ़ती मांग, कैपेसिटी एक्सपैंशन, बैकवर्ड इंटीग्रेशन और BESS सेगमेंट में विस्तार कंपनी की ग्रोथ को सपोर्ट कर रहे हैं. हालांकि, शॉर्ट टर्म में ओवरकैपेसिटी और मार्जिन प्रेशर जैसी चुनौतियां बनी रह सकती हैं.

Vikram Solar Stock Target: भारत के तेजी से बढ़ते सोलर सेक्टर में Vikram Solar एक उभरती हुई कंपनी के रूप में सामने आ रही है. हाल ही में आई ब्रोकरेज रिपोर्ट के बाद कंपनी के शेयरों पर निवेशकों की नजरें टिक गई हैं. रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी के शेयर में करीब 21.5 फीसदी तक तेजी की संभावना जताई गई है, जिससे यह स्टॉक चर्चा में आ गया है. फिलहाल कंपनी का मार्केट कैप करीब 6728 करोड़ रुपये है और शेयर अपने 52 हफ्तों के उच्च स्तर से करीब 54.4 फीसदी नीचे ट्रेड कर रहा है, जो निवेशकों के लिए एक अवसर भी माना जा रहा है.
ब्रोकरेज का नजरिया और टारगेट
PL Capital ने Vikram Solar पर “BUY” रेटिंग बरकरार रखते हुए 226 रुपये का टारगेट दिया है. ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी की ग्रोथ कैपेसिटी एक्सपैंशन, बैकवर्ड इंटीग्रेशन, BESS में एंट्री और ग्लोबल मार्केट में विस्तार से आएगी. हालांकि, शॉर्ट टर्म में इंडस्ट्री में ओवरकैपेसिटी और नए प्लांट के स्थिर होने में समय लगने के कारण मार्जिन पर दबाव रह सकता है.
सोलर सेक्टर में मजबूत मांग
भारत में सोलर एनर्जी की मांग तेजी से बढ़ रही है. अनुमान है कि यूटिलिटी-स्केल सोलर कैपेसिटी FY25 के लगभग 106 GW से बढ़कर FY30 तक 181 GW तक पहुंच सकती है. इसके अलावा, कमर्शियल और इंडस्ट्रियल सेगमेंट में भी हर साल 8-10 GW की स्थिर मांग बनी रहने की उम्मीद है. इससे साफ है कि सोलर सेक्टर में लंबी अवधि की ग्रोथ की संभावनाएं मजबूत बनी हुई हैं.
कैपेसिटी एक्सपैंशन और इंटीग्रेशन प्लान
कंपनी फिलहाल करीब 9.5 GW की मैन्युफैक्चरिंग कैपेसिटी के साथ काम कर रही है, जिसमें 88-89 फीसदी तक उपयोग हो रहा है. इसके अलावा 5 GW का नया प्लांट भी तेजी से बढ़ रहा है. कंपनी का लक्ष्य आने वाले समय में 9 GW सेल मैन्युफैक्चरिंग प्लांट शुरू करना है, जिससे लगभग 70 फीसदी तक बैकवर्ड इंटीग्रेशन हासिल किया जा सकेगा. इसके साथ ही कंपनी FY28 तक 3 GW अतिरिक्त कैपेसिटी और FY29-30 तक 12 GW वेफर/इंगोट क्षमता जोड़ने की योजना पर काम कर रही है.
BESS से नए मौके
Vikram Solar सिर्फ सोलर मॉड्यूल तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि BESS सेगमेंट में भी तेजी से विस्तार कर रही है. कंपनी का लक्ष्य 5 GWh से शुरू होकर FY29 तक 7.5 GWh और अगले 5 साल में 15 GWh क्षमता तक पहुंचना है. यह कदम कंपनी के रेवेन्यू और मार्जिन दोनों को मजबूत कर सकता है.
बड़ा निवेश और चुनौतियां
कंपनी अपने एक्सपैंशन प्लान के लिए करीब 6700 करोड़ रुपये का निवेश करने जा रही है, जिसमें 3800 करोड़ रुपये कर्ज के जरिए जुटाए जाएंगे. इतना बड़ा निवेश कंपनी के लिए अवसर के साथ-साथ जोखिम भी लेकर आता है, क्योंकि सही समय पर प्रोजेक्ट पूरा करना और उससे मुनाफा निकालना सबसे बड़ी चुनौती होगी.
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