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कल मची थी तबाही, आज बाजार में बहार! इन 4 वजहों से दिखा जोरदार रिबाउंड

गुरुवार की भारी गिरावट के बाद शेयर बाजार ने शुक्रवार को राहत देने वाली वापसी की है. कच्चे तेल की कीमतों में नरमी और ग्लोबल संकेतों ने बाजार का रुख बदल दिया है. इस तेजी की क्या रही वजह और किन सेक्टर ने किया सपोर्ट, पढ़ें विस्तार से.

शेयर मार्केट में जोरदार तेजी. Image Credit: AI Generated

शेयर बाजार में गुरुवार की भारी गिरावट के बाद शुक्रवार की शुरुआत निवेशकों के लिए राहत भरी रही. कल की तेज बिकवाली से सहमे बाजार ने आज खुलते ही जोरदार वापसी दिखाई. कच्चे तेल की कीमतों में नरमी, ग्लोबल संकेतों में सुधार और आईटी शेयरों में मजबूत खरीदारी ने मिलकर बाजार की दिशा बदल दी. यही वजह रही कि बाजार ने गिरावट से उबरते हुए शुरुआती कारोबार में ही अच्छी बढ़त बना ली.

Nifty50-Sensex का क्या है हाल

शुक्रवार दोपहर 12 बजे तक बीएसई सेंसेक्स 491 अंकों की तेजी के साथ 74,698 पर पहुंच गया, जबकि निफ्टी 50 भी 279 अंकों की बढ़त के साथ 23,287.80 पर कारोबार करता दिखा. इससे पहले ही संकेत मिल गए थे कि बाजार मजबूत शुरुआत करेगा.

कच्चे तेल की कीमतों में नरमी से राहत

आज की तेजी की सबसे बड़ी वजह कच्चे तेल की कीमतों में आई गिरावट रही. ब्रेंट क्रूड करीब 1.5% गिरकर 107.11 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया, जबकि डब्ल्यूटीआई क्रूड भी करीब 2% टूटकर 94.06 डॉलर पर पहुंच गया.

गुरुवार को हालात बिल्कुल उलट थे, जब मिडिल ईस्ट में ऊर्जा ठिकानों पर हमलों की खबर से ब्रेंट क्रूड 119 डॉलर के पार पहुंच गया था. इससे पूरी दुनिया के बाजारों में डर फैल गया था और एक ही दिन में एनएसई में लिस्टेड कंपनियों का करीब 139.5 अरब डॉलर का मार्केट कैप साफ हो गया था. अब सप्लाई बढ़ाने और शिपिंग रूट सुरक्षित करने की कोशिशों से हालात कुछ संभले हैं, जिससे बाजार को राहत मिली है.

ग्लोबल संकेतों से सुधरा माहौल

वैश्विक स्तर पर भी कुछ सकारात्मक संकेत मिले हैं. अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने आश्वाशन दिया है कि इजरायल अब ईरान के ऊर्जा ठिकानों पर कोई हमला नहीं करेगा. वहीं इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू के बयान से भी संकेत मिले हैं कि अब तेल और गैस इंफ्रास्ट्रक्चर पर नए हमले नहीं होंगे.

इससे बाजार में एक बार फिर उम्मीद लौटी है कि हालात ज्यादा नहीं बिगड़ेंगे. हालांकि जानकारों का मानना है कि बाजार अभी भी ‘डर और उम्मीद’ के बीच झूलता रह सकता है.

गिरावट के बाद सस्ती खरीदारी

गुरुवार को सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में 3.26% की बड़ी गिरावट आई थी, जो जून 2024 के बाद सबसे बड़ी गिरावट थी. इस गिरावट के बाद कई शेयर नीचे स्तर पर आ गए थे, जिससे निवेशकों को खरीदारी का मौका मिला. ऐसे हालात में अक्सर देखा जाता है कि तेज गिरावट के बाद बाजार में रिकवरी आती है, क्योंकि निवेशक सस्ते दाम पर अच्छे शेयर खरीदने लगते हैं.

IT और FMCG सेक्टर ने संभाली कमान

आज की तेजी में FMCG और आईटी सेक्टर सबसे आगे रहे. निफ्टी FMCG इंडेक्स 1.58 फीसदी के बढ़त के साथ 47,600 रुपये के पार ट्रेड कर रहे थे.

निफ्टी आईटी इंडेक्स करीब 1.46% की बढ़त के साथ 28,996 रुपये पर ट्रेड करने लगा. टेक महिंद्रा में 3% से ज्यादा की तेजी रही, जबकि ओएफएसएस, पर्सिस्टेंट सिस्टम्स, कोफोर्ज और एमफेसिस जैसे शेयरों में भी 2% से ज्यादा की बढ़त देखी गई. इंफोसिस, एचसीएल टेक, विप्रो और टीसीएस भी हरे निशान में रहे.

दोनो सेक्टर में आई यह मजबूती पूरे बाजार को सहारा देने में अहम रही.

कई सेक्टरों में दिखी खरीदारी

आज बाजार में सिर्फ आईटी ही नहीं, बल्कि कई सेक्टरों में खरीदारी देखने को मिली. टाटा स्टील, एसबीआई, एलएंडटी, पावर ग्रिड और रिलायंस इंडस्ट्रीज जैसे बड़े शेयरों में तेजी रही. बैंकिंग और इंफ्रा शेयरों में भी हल्की मजबूती दिखी, हालांकि एचडीएफसी बैंक जैसे कुछ शेयर दबाव में रहे और 2% से ज्यादा फिसल गए.

बाजार में येहरियाली दिखा रही है कि कि बड़ी गिरावट के बाद भी निवेशकों का भरोसा बना हुआ है. आने वाले दिनों में बाजार की दिशा काफी हद तक कच्चे तेल की कीमतों और पश्चिम एशिया के हालात पर निर्भर करेगी.

डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.