2026 की रेस के लिए तैयार ये सेक्टर्स, शिपबिल्डिंग से NBFC तक इन 4 शेयरों पर रखें नजर; लगातार बढ़ रहा मुनाफा
भारत की अर्थव्यवस्था में 2026 और उसके बाद भी स्थिर ग्रोथ की उम्मीद है, ऐसे में निवेशकों की नजर उन सेक्टर पर है जिनकी लंबी अवधि की बढ़ोतरी जीडीपी ग्रोथ से तेज मानी जा रही है. शिपबिल्डिंग, इलेक्ट्रिक टू व्हीलर, एसेट मैनेजमेंट और एनबीएफसी जैसे सेक्टर मजबूत आंकड़ों के साथ उभरकर सामने आए हैं.
High Growth Stocks 2026: भारत की अर्थव्यवस्था में 2026 और उसके आगे भी स्थिर ग्रोथ बने रहने की संभावना है. ऐसे समय में निवेशकों का फोकस उन सेक्टर पर जा रहा है, जिनकी लंबी अवधि की बढ़ोतरी दर देश की जीडीपी ग्रोथ से कहीं ज्यादा रहने की उम्मीद है. ऐसे में उन हाई ग्रोथ सेक्टर और उनसे जुड़ी कंपनियों की पहचान करना काफी जरूरी हो जाता है. आइए जानते हैं उन कंपनियों के बारे में, जिन पर निवेशक नजर रख सकते हैं.
शिपबिल्डिंग सेक्टर
शिपबिल्डिंग सेक्टर से जुड़ी Mazagon Dock Shipbuilders भारत की प्रमुख डिफेंस शिपयार्ड कंपनी है. इक्विटीमास्टर की रिपोर्ट के मुताबिक, कंपनी के पास करीब 322.6 अरब रुपये की ऑर्डर बुक है. वित्तीय प्रदर्शन की बात करें तो वित्त वर्ष 2023 से 2025 के बीच कंपनी की आय 78,271.8 मिलियन रुपये से बढ़कर 114,318.8 मिलियन रुपये हो गई है. इसी अवधि में नेट प्रॉफिट 10,727.2 मिलियन रुपये से बढ़कर 24,135.1 मिलियन रुपये तक पहुंच गया. ऑपरेटिंग मार्जिन भी 3.8 प्रतिशत से बढ़कर 17 प्रतिशत तक पहुंच चुका है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 0.81 प्रतिशत की तेजी के साथ 2500.50 रुपये पर बंद हुआ.
इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर सेक्टर
इलेक्ट्रिक और पारंपरिक ऑटो सेगमेंट में TVS Motor Company की स्थिति मजबूत बनी हुई है. कंपनी की ऑपरेशनल रेवेन्यू वित्त वर्ष 2023 में 319,739.9 मिलियन रुपये थी, जो वित्त वर्ष 2025 में बढ़कर 440,890.1 मिलियन रुपये हो गई. इसी अवधि में नेट प्रॉफिट 13,286.7 मिलियन रुपये से बढ़कर 22,355.6 मिलियन रुपये तक पहुंच गया. EBITDA मार्जिन भी 8.9 प्रतिशत से बढ़कर 10.5 प्रतिशत तक पहुंच चुका है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 1.12 प्रतिशत गिरकर 3759.20 रुपये पर बंद हुआ.
एसेट मैनेजमेंट सेक्टर
म्यूचुअल फंड और एसेट मैनेजमेंट सेक्टर में Canara Robeco Asset Management Company की ग्रोथ लगातार मजबूत रही है. वित्त वर्ष 2023 में कंपनी की आय 2,046 मिलियन रुपये थी, जो वित्त वर्ष 2025 में बढ़कर 4,037 मिलियन रुपये हो गई. इसी दौरान नेट प्रॉफिट 790 मिलियन रुपये से बढ़कर 1,907 मिलियन रुपये तक पहुंच गया. ऑपरेटिंग मार्जिन 52 प्रतिशत से ऊपर बना हुआ है. शुक्रवार को कंपनी के शेयर में 3.05 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई और यह 295.65 रुपये पर बंद हुआ.
NBFC सेक्टर
एमएसएमई लेंडिंग पर फोकस करने वाली SBFC Finance की एसेट अंडर मैनेजमेंट वित्त वर्ष 2023 में 49,428 मिलियन रुपये थी, जो वित्त वर्ष 2026 की पहली छमाही में बढ़कर 99,380 मिलियन रुपये हो गई. कंपनी का नेट प्रॉफिट वित्त वर्ष 2023 में 1,498 मिलियन रुपये से बढ़कर वित्त वर्ष 2025 में 3,452 मिलियन रुपये तक पहुंच गया. रिटर्न ऑन एसेट 3.07 प्रतिशत से बढ़कर 4.53 प्रतिशत तक पहुंच चुका है. शुक्रवार को कंपनी का शेयर 2.84 प्रतिशत की गिरावट के साथ 99.45 रुपये पर बंद हुआ.
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