ट्रंप को तगड़ा झटका, काउंटरटेररिज्म सेंटर के डायरेक्टर ने दिया इस्तीफा; कहा- ईरान के साथ युद्ध का नहीं कर सकता समर्थन
उन्होंने कहा कि वह 'अपनी अंतरात्मा की आवाज पर' डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के ईरान के साथ युद्ध का समर्थन नहीं कर सकते. पिछली जुलाई में, 52-44 वोटों से केंट को नेशनल काउंटरटेररिज्म सेंटर का प्रमुख बनाया गया था. ट्रंप प्रशासन में शामिल होने से पहले, केंट ने वाशिंगटन राज्य में दो बार कांग्रेस के चुनाव लड़े थे.
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उनके प्रशासन को मंगलवार को जोरदार झटका लगा है. नेशनल काउंटरटेररिज्म सेंटर के डायरेक्टर जो केंट ने मंगलवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया. उन्होंने कहा कि वह ‘अपनी अंतरात्मा की आवाज पर’ डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के ईरान के साथ युद्ध का समर्थन नहीं कर सकते.
सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में केंट ने कहा कि ईरान से ‘हमारे देश को कोई तत्काल खतरा नहीं था, और यह साफ है कि हमने यह युद्ध इजरायल और उसकी शक्तिशाली अमेरिकी लॉबी के दबाव में शुरू किया.’
पिछली जुलाई में, 52-44 वोटों से केंट को नेशनल काउंटरटेररिज्म सेंटर का प्रमुख बनाया गया था. यह एजेंसी खुफिया जानकारी की एनालिसिस करने और अमेरिका के लिए संभावित आतंकवादी खतरों की पहचान करने के लिए जिम्मेदार है.
दो बार चुनाव लड़ चुके हैं केंट
ट्रंप प्रशासन में शामिल होने से पहले, केंट ने वाशिंगटन राज्य में दो बार कांग्रेस के चुनाव लड़े थे, लेकिन उन्हें सफलता नहीं मिली. इससे पहले उन्होंने US सेना में ‘ग्रीन बेरेट’ के तौर पर काम किया था और 11 बार अलग-अलग जगहों पर तैनात रहे थे. बाद में उन्होंने सेंट्रल इंटेलिजेंस एजेंसी (CIA) में भी काम किया.
नियुक्ति का हुआ था विरोध
उनकी नियुक्ति का डेमोक्रेट्स ने जोरदार विरोध किया था. उन्होंने उनके अतीत में धुर-दक्षिणपंथी लोगों और साजिशों से जुड़े सिद्धांतों के साथ संबंधों को लेकर चिंता जताई थी. 2022 के अपने कांग्रेस चुनाव प्रचार के दौरान, केंट ने धुर-दक्षिणपंथी समूह ‘प्राउड बॉयज’ के सदस्य ग्राहम जोर्गेनसेन को कंसल्टिंग सेवाओं के लिए पैसे दिए थे.
यह भी बताया गया है कि केंट ने ईसाई राष्ट्रवादी संगठन ‘पैट्रियट प्रेयर’ के संस्थापक जॉय गिब्सन के साथ मिलकर काम किया था, और उन्हें कई धुर-दक्षिणपंथी कार्यकर्ताओं का समर्थन भी मिला था.
डेमोक्रेटिक सांसदों ने केंट से मैसेजिंग प्लेटफॉर्म Signal पर एक ग्रुप चैट में उनकी भागीदारी के बारे में भी सवाल किए. इस चैट का इस्तेमाल ट्रंप की राष्ट्रीय सुरक्षा टीम के सदस्यों द्वारा संवेदनशील सैन्य योजनाओं पर चर्चा करने के लिए किया जाता था.
रिपब्लिकन सांसदों ने किया था बचाव
आलोचनाओं के बावजूद, रिपब्लिकन सांसदों ने केंट की नियुक्ति का बचाव किया और उनके सैन्य तथा खुफिया बैकग्राउंड रेखांकित किया. सीनेट खुफिया समिति के रिपब्लिकन अध्यक्ष टॉम कॉटन ने सदन में अपने भाषण में कहा कि केंट ने ‘अपना पूरा करियर आतंकवाद से लड़ने और अमेरिकियों को सुरक्षित रखने के लिए समर्पित कर दिया है.’
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