GST रिफॉर्म ने बदली इंडियन ऑटो इंडस्ट्री की तस्वीर, FY26 में डबल डिजिट ग्रोथ के पीछे क्या हैं बड़े कारण?
इस साल इंडियन ऑटो इंडस्ट्री एक बड़े बदलाव के दौर से गुजरी है. साल की शुरुआत में जहां गाड़ियों की बिक्री सुस्त नजर आ रही थी, वहीं सितंबर में लागू हुए GST रिफॉर्म के बाद बाजार की तस्वीर पूरी तरह बदल गई. टैक्स स्ट्रक्चर में बदलाव ने न सिर्फ ग्राहकों का भरोसा बढ़ाया, बल्कि ऑटो कंपनियों को भी नई रफ्तार दी. GST रेट में कटौती के बाद खासकर छोटी कारों की कीमतों में 1 लाख से 1.50 लाख रुपये तक की कमी आई, जिससे मिडिल क्लास और फर्स्ट-टाइम कार बायर्स के लिए कार खरीदना आसान हो गया. इसका सीधा असर मांग पर पड़ा और FY26 में ऑटो सेक्टर ने डबल डिजिट सेल्स ग्रोथ दर्ज की. हालांकि, यह तेजी सिर्फ GST कट का नतीजा नहीं है. इसके पीछे बेहतर फाइनेंस ऑप्शन, कम EMI, ग्रामीण मांग में सुधार, नए मॉडल लॉन्च और इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को लेकर बढ़ती जागरूकता भी अहम कारण रहे हैं. इसके अलावा, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट और बढ़ती आय ने भी ऑटो सेक्टर को सपोर्ट किया. अब सवाल यह है कि क्या 2026 में भी यह ग्रोथ बनी रहेगी? एक्सपर्ट्स का मानना है कि अगर आर्थिक स्थिरता, पॉलिसी सपोर्ट और कंज्यूमर सेंटिमेंट मजबूत रहा, तो ऑटो इंडस्ट्री की रफ्तार आगे भी जारी रह सकती है.
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