भारत पर ADB का भरोसा बरकरार, 2026 में प्राइवेट सेक्टर को देगा 1 अरब डॉलर की मदद; इन सेक्टरों को होगा फायदा
एशियाई विकास बैंक यानी ADB ने कहा है कि भारत उसके प्राइवेट सेक्टर निवेश का सबसे बडा बाजार बना हुआ है. बैंक वर्ष 2026 में भारत के प्राइवेट सेक्टर की प्रोजेक्ट के लिए करीब 1 अरब डॉलर की प्रत्यक्ष फंडिंग देने की योजना बना रहा है.
ADB: भारत एशियाई विकास बैंक यानी ADB के लिए प्राइवेट सेक्टर में सबसे बड़ा मार्केट बना हुआ है. ADB ने संकेत दिया है कि वह वर्ष 2026 में भारत के प्राइवेट सेक्टर की प्रोजेक्ट के लिए करीब 1 अरब डॉलर की प्रत्यक्ष वित्तीय सहायता उपलब्ध कराएगा. यह निवेश देश के विकास लक्ष्यों और हरित अर्थव्यवस्था को मजबूत करने पर केंद्रित होगा. ADB का कहना है कि भारत में स्वच्छ ऊर्जा, ई मोबिलिटी और ग्रीन इंफ्रास्ट्रक्चर के सेक्टर में निवेश की काफी संभावनाएं हैं. इससे देश के आर्थिक विकास को नई गति मिल सकती है.
2 अरब डॉलर का सपोर्ट
पीटीआई की रिपोर्ट के मुताबिक, वर्ष 2025 में बैंक ने अपने संसाधनों से प्राइवेट सेक्टर के लिए 1 अरब डॉलर से अधिक की फंडिंग दी थी. इसके अलावा अन्य स्रोतों से भी इतनी ही राशि जुटाई गई. इस तरह ADB के माध्यम से प्राइवेट सेक्टर को कुल 2 अरब डॉलर का वित्तीय समर्थन मिला. इससे कई महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने में मदद मिली.
ADB की भारत सरकार के साथ पार्टनरशिप
रिपोर्ट के मुताबिक, ADB की भारत साझेदारी योजना सरकार के साथ मिलकर तैयार की गई है. इसलिए बैंक जिन सेक्टर में निवेश कर रहा है, वे पूरी तरह भारत सरकार की विकास प्राथमिकता के अनुरूप हैं. इससे प्रोजेक्ट के प्रभावी इंप्लीमेंटेशन और आर्थिक विकास को बल मिलने की उम्मीद है.
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सप्लाई चेन फाइनेंस में भी तेजी
ADB के अनुसार पश्चिम एशिया संकट के कारण वर्ष 2026 के पहले चार महीनों में व्यापार और सप्लाई चेन फाइनेंस में 40 फीसदी की ग्रोथ दर्ज की गई है. यह फंडिंग फर्टिलाइजर, एनर्जी और फूड आइटम के इंपोर्ट को सपोर्ट दे रही है. हाल ही में ADB और स्टैंडर्ड चार्टर्ड बैंक ने भारत में सप्लाई चेन फाइनेंस को मजबूत करने के लिए समझौते भी किए हैं.
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