IPL शुरू होने से पहले RR का बड़ा फैसला, ठुकराई ₹16000 करोड़ की डील, RCB को हो सकता है फायदा
आईपीएल 2026 से पहले राजस्थान रॉयल्स ने एक बड़ा फैसला लेते हुए करीब 16,000 करोड़ रुपये की डील ठुकरा दी है. इस कदम ने न सिर्फ फ्रेंचाइजी वैल्यूएशन की नई बहस छेड़ दी है, बल्कि बाजार में हलचल भी बढ़ा दी है. माना जा रहा है कि इसका सीधा फायदा रॉयल चैलेंजर्स बैंगलोर (RCB) को मिल सकता है.
IPL Franchise valuation: IPL की चमक-दमक के पीछे चल रही अरबों के कारोबार में एक ऐसा फैसला सामने आया है, जिसने पूरे खेल का रुख बदल दिया है. इन्वेस्टमेंट फर्म CPCP ने राजस्थान रॉयल्स में हिस्सेदारी खरीदने की पेशकश की है, लेकिन RR ने CPCP के करीब 16,000 करोड़ रुपये (1.7 बिलियन डॉलर) की बोली को ठुकराकर साफ संकेत दे दिया है कि अब फ्रेंचाइजी सिर्फ बिकने की जल्दी में नहीं हैं, बल्कि सही वैल्यू और मजबूत पार्टनर का इंतजार कर रही हैं. खास बात यह है कि यह ऑफर न सिर्फ बड़ा था, बल्कि निवेशकों ने दो हफ्तों में पूरी रकम देने का भरोसा भी दिया था. इसके बावजूद डील को न कहना बताता है कि आईपीएल टीमों की कीमत अब सिर्फ पैसों से नहीं, बल्कि उनकी ब्रांड वैल्यू, भविष्य की कमाई और रणनीतिक महत्व से तय हो रही है. राजस्थान रॉयल्स के इस एक फैसले ने पूरे बाजार में हलचल मचा दी है और अब दूसरी फ्रेंचाइज़ियों, खासकर RCB की वैल्यू भी नए स्तर पर पहुंचती दिख रही है.
राजस्थान रॉयल्स ने क्यों ठुकराई बड़ी डील?
NDTV की रिपोर्ट के मुताबिक, यह ऑफर Columbia Pacific Capital Partners (CPCP) की ओर से आया था, जो अमेरिका और कनाडा में काम करने वाली एक बड़ी निवेश कंपनी है. इस कंसोर्टियम ने सिर्फ दो हफ्तों में पूरी रकम देने का भरोसा भी दिया था. फिर भी राजस्थान रॉयल्स के बोर्ड ने यह प्रस्ताव ठुकरा दिया. वजह सिर्फ कीमत नहीं थी, बल्कि डील की पूरी स्ट्रक्चर है और लंबे समय की रणनीति भी अहम फैक्टर रहे.
फ्रेंचाइजी वैल्यूएशन में बड़ा बदलाव
1.7 बिलियन डॉलर की यह बोली पहले ही राजस्थान रॉयल्स को आईपीएल की महंगी टीमों में शामिल कर देती. लेकिन इसे ठुकराकर टीम ने साफ कर दिया कि वह और ज्यादा वैल्यूएशन चाहती है. टीम में मनोज बडाले की Emerging Media Ventures के पास 65% हिस्सेदारी है, जबकि RedBird Capital जैसे निवेशक भी जुड़े हुए हैं. यह कदम दिखाता है कि मालिक सही मौके पर और बड़ी डील के इंतजार में हैं.
RCB की डील पर पड़ा सीधा असर
राजस्थान रॉयल्स के इस फैसले का असर सीधे रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) की चल रही डील पर पड़ा है. अब अनुमान है कि RCB की कीमत राजस्थान से कम से कम 15% ज्यादा हो सकती है, क्योंकि उसका ब्रांड, फैन बेस और कमर्शियल वैल्यू ज्यादा मजबूत है. RCB में हिस्सेदारी खरीदने की रेस में डॉ. रंजन पई (मणिपाल हॉस्पिटल), KKR और सिंगापुर की Temasek जैसी बड़ी कंपनियां आगे बताई जा रही हैं.
आईपीएल टीम अब सिर्फ क्रिकेट टीम नहीं
आज आईपीएल फ्रेंचाइज़ी सिर्फ खेल टीम नहीं, बल्कि ग्लोबल स्पोर्ट्स ब्रांड बन चुकी हैं. लीग की कमाई कई स्रोतों से होती है जैसे मीडिया राइट्स, स्पॉन्सरशिप और डिजिटल प्लेटफॉर्म . राजस्थान रॉयल्स का यह फैसला पूरे बाजार की दिशा बदल सकता है और आने वाले समय में आईपीएल टीमों की कीमतें और ऊंचाई छू सकती हैं.
