US-India ट्रेड डील से बाजार में राहत की सांस, रुपया 1% उछला, बॉन्ड यील्ड में बड़ी गिरावट, लौटा भरोसा
लंबे समय से ऊंचे टैरिफ और अनिश्चित नीतियों के कारण भारतीय बाजारों से विदेशी पैसा निकल रहा था, जिससे रुपये पर दबाव बना हुआ था. अब हालात बदलते नजर आ रहे हैं. निवेशकों को लग रहा है कि टैरिफ घटने और व्यापार में साफ तस्वीर आने से भारत में फिर से Capital flow शुरू हो सकता है.
US-India: भारत और अमेरिका के बीच नई ट्रेड डील ने मंगलवार को बाजारों में नई उम्मीद जगा दी. निवेशकों को लगा कि दोनों देशों के रिश्तों में सुधार से व्यापार और निवेश को फायदा होगा. इसका असर सीधा रुपये और सरकारी बॉन्ड पर दिखा. रुपया डॉलर के मुकाबले तेजी से मजबूत हुआ और 10 साल के सरकारी बॉन्ड की यील्ड नीचे आ गई. यह डील ऐसे समय पर आई है जब बाजार पहले से ही कर्ज, तेल आयात और विदेशी मुद्रा के दबाव को लेकर सतर्क था.
डॉलर के मुकाबले 1 प्रतिशत से ज्यादा
नई ट्रेड डील के बाद भारतीय रुपया बुधवार को डॉलर के मुकाबले 1 प्रतिशत से ज्यादा मजबूत होकर 90.42 तक पहुंच गया. वहीं 10 साल के सरकारी बॉन्ड की यील्ड करीब पांच बेसिस प्वाइंट गिरकर 5.71 प्रतिशत पर आ गई. अमेरिका ने भारतीय आयात पर लगने वाले टैरिफ को 25 प्रतिशत से घटाकर 18 प्रतिशत कर दिया है. पहले भारत पर कुल 50 प्रतिशत तक टैरिफ लगने की बात थी, जिसमें रूसी तेल खरीद से जुड़ा शुल्क भी शामिल था.
मान रहा है बड़ा संकेत
इससे पहले सोमवार को बजट में ज्यादा कर्ज लेने के ऐलान के बाद बॉन्ड यील्ड बढ़कर 6.78 प्रतिशत तक चली गई थी और रुपया 19 पैसे मजबूत होकर खुला था. रिपोर्टों के मुताबिक रिजर्व बैंक ने भी ऑफशोर बाजार में डॉलर बेचकर रुपये को सहारा दिया. बातचीत कई महीनों से चल रही थी, जो अगस्त में टैरिफ बढ़ने के बाद रुक गई थी और अक्टूबर में फिर शुरू हुई. बाजार अब इस डील को आने वाले दिनों के लिए बड़ा संकेत मान रहा है.
टैरिफ में राहत से किन सेक्टर्स और कंपनियों को फायदा?
| सेक्टर | कंपनियां |
|---|---|
| टेक्सटाइल और अपैरल | Indo Count Industries, Kitex, Gokaldas Exports, Pearl Global, Welspun India, Himatsingka Seide, Trident, Vardhman Textiles, Arvind |
| सीफूड सेक्टर | Apex Frozen Foods, Waterbase, Avanti Feeds |
| ऑटो और ऑटो पार्ट्स | Sona BLW, Ramkrishna Forging, Bharat Forge, Tata Motors, Samvardhana Motherson, Balkrishna Tyres, Sansera Engineering |
| केमिकल और एग्रोकेमिकल | UPL, SRF, Jubilant Ingrevia, Aarti Industries, PI Industries |
| कंज्यूमर कंपनियां | LT Foods, KRBL, Tata Consumer Products |
इसे भी पढे़ं- STT का झटका: 1 अप्रैल से फ्यूचर्स ट्रेडिंग हो जाएगा महंगा, जेब पर सीधा असर, हर ट्रेड पर कितना देना होगा टैक्स
डिस्क्लेमर: Money9live किसी स्टॉक, म्यूचुअल फंड, आईपीओ में निवेश की सलाह नहीं देता है. यहां पर केवल स्टॉक्स की जानकारी दी गई है. निवेश से पहले अपने वित्तीय सलाहकार की राय जरूर लें.




