8वें वेतन आयोग में पे स्केल के मर्जर की तैयारी, जानें हर कैटेगरी में कितनी बढ़ेगी सैलरी
8वें वेतन आयोग में पे स्केल मर्जर की तैयारी की जा रही है, जिससे लेवल 1 से 6 तक के वेतनमानों को आपस में मिलाने का प्रस्ताव है. अगर सरकार 2.86 फिटमेंट फैक्टर लागू करती है, तो वेतन में 33,000 से 65,000 तक की वृद्धि हो सकती है. इस कदम से केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को वेतन वृद्धि और करियर ग्रोथ का लाभ मिलेगा.
8th Pay Commission Salary Hike: 8वें वेतन आयोग में सरकार केंद्रीय कर्मचारियों के संगठन JCM स्टाफ साइड की मांग पर अमल का विचार कर रही है. संगठन ने सरकार से लेवल 1 से 6 तक के पे स्केल के मर्जर की मांग की थी. अगर सरकार इस प्रस्ताव को लागू करती है, तो कर्मचारियों की सैलरी में अच्छी-खासी बढ़ोतरी हो सकती है. वर्तमान में, लेवल 1 के कर्मचारी 18,000 रुपये प्रति माह और लेवल 2 के कर्मचारी 19,900 रुपये प्रति माह वेतन पाते हैं. यदि इन लेवल को मिलाया जाता है, तो लेवल 1 के कर्मचारियों के वेतन में बढ़ोतरी होगी. 2.86 फिटमेंट फैक्टर लागू होने पर, इनका नया बेसिक वेतन 51,480 रुपये हो सकता है. इसी तरह, लेवल 3 और 4 को मिलाने पर वेतन 72,930 रुपये और लेवल 5 और 6 को मिलाने पर वेतन 1,01,244 रुपये तक पहुंच सकता है.
JCM स्टाफ साइड की प्रमुख मांग
राष्ट्रीय संयुक्त परामर्श तंत्र (JCM) स्टाफ साइड ने वेतन ढांचे, भत्तों और पेंशन सुधारों को लेकर टर्म्स ऑफ रेफरेंस (ToR) पर अपनी सिफारिशें सरकार को भेजी हैं. इनमें सबसे महत्वपूर्ण प्रस्ताव लेवल 1 से 6 तक के वेतनमानों के मर्जर (Pay Scale Merger) का है, जिससे सैलरी स्ट्रक्चर को सरल बनाया जा सके और कर्मचारियों के करियर ग्रोथ को बढ़ावा मिले.
अभी क्या है सैलरी स्ट्रक्चर?
7वें वेतन आयोग में वेतन 18 स्तरों (Level 1 से Level 18) में बांटा गया है. जिसमें लेवल 1 का न्यूनतम वेतन 18,000 रुपये प्रति माह और लेवल 18 का अधिकतम वेतन 2,50,000 रुपये प्रति माह है.
स्टाफ साइड का पे स्केल मर्जर का प्रस्ताव
JCM स्टाफ साइड के महासचिव शिव गोपाल मिश्रा ने सरकार को प्रस्ताव भेजा है, जिसमें निचले स्तर के वेतनमानों को आपस में मिलाने की सिफारिश की गई है. इस प्रस्ताव के तहत लेवल 1 को लेवल 2 के साथ, लेवल 3 को लेवल 4 के साथ और लेवल 5 को लेवल 6 के साथ मिलाने की बात कही गई है. इसका उद्देश्य सैलरी स्ट्रक्चर को सरल बनाना और कर्मचारियों की वेतन वृद्धि एवं करियर ग्रोथ को बेहतर बनाना है.
ये भी पढ़ें- सरकार ने TDS-TCS के ड्रॉफ्ट को पूरी तरह बदला, जानें नए नियम आपको कैसे करेंगे प्रभावित
मर्जर के बाद कितनी बढ़ सकती है सैलरी (2.86 फिटमेंट फैक्टर लागू होने पर)?
नीचे दिया गया टेबल 2.86 फिटमेंट फैक्टर लागू होने पर और लेवल मर्जर के बाद सैलरी में संभावित बढ़ोतरी को दिखा रहा है.
| मौजूदा सैलरी लेवल | वर्तमान बेसिक सेलरी (₹) | मर्जर के बाद नया वेतन (₹) | वेतन में वृद्धि (₹) |
|---|---|---|---|
| लेवल 1 | 18,000 | 51,480 | 33,480 |
| लेवल 2 | 19,900 | 51,480 | 31,580 |
| लेवल 3 | 21,700 | 72,930 | 51,230 |
| लेवल 4 | 25,500 | 72,930 | 47,430 |
| लेवल 5 | 29,200 | 1,01,244 | 72,044 |
| लेवल 6 | 35,400 | 1,01,244 | 65,844 |
Latest Stories
EPF Scheme में बड़ा बदलाव, संकट के समय 3 महीने तक घट सकता है PF योगदान! कर्मचारियों को क्या होगा फायदा?
Myntra Offer: 750 रुपये तक की बचत, YES बैंक के इन 4 क्रेडिट कॉर्ड पर मिलेगा 10 फीसदी डिस्काउंट
होम लोन लेने वालों को लग सकता है झटका! अक्टूबर में 25 bps बढ़ सकता है रेपो रेट; जानें EMI पर क्या होगा असर?
