सैलरी हाइक का पैसा बना सकता है करोड़पति, SIP का ये फॉर्मूला करेगा कमाल, ₹9 करोड़ तक फंड जुटाने का चांस

सैलरी बढ़ने पर SIP निवेश को तेजी से बढ़ाने से कंपाउंडिंग का फायदा कई गुना बढ़ जाता है और बड़ा फंड तैयार हो सकता है. ₹20,000 की SIP को बिना बढ़ाए रखने पर भी 20 साल में ₹1.84 करोड़ तक पा सकते हैं, जबकि SIP बढ़ाने की रणनीति लंबी अवधि में करोड़पति बनने का रास्‍ता बन सकता है.

SIP Image Credit: money9 live

Salary Hike can boost SIP: महंगाई बढ़ने मगर हाथ में पैसा कम बचने की शिकायत अक्‍सर लोगों को आती है. ऐसे में करोड़ों का फंड जुटाना किसी सपने से कम नहीं. मगर आप थोड़ी होशियारी और SIP यानी सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान के खास तरीके को अपनाकर अपनी ये दिक्‍कत दूर कर सकते हैं. क्‍योंकि जानकार अक्‍सर सलाह देते हैं कि जैसे-जैसे आपकी सैलरी बढ़े, वैसे-वैसे निवेश को भी बढ़ाना चाहिए. साथ ही अगर आप थोड़ा आक्रामक रुख अपनाएं और सैलरी बढ़ने के साथ ही निवेश को ज्यादा तेजी से बढ़ाएं, तो आपका रिटर्न कई गुना बढ़ सकता है. तो क्‍या है SIP के कंपाउंडिंग का जादू और कैसे इसमें सही तरीके से करें निवेश जानिए तरीका.

कैसे काम करता है ये फॉर्मूला?

मान लीजिए अगर किसी व्यक्ति की मंथली सैलरी ₹1 लाख है और उसके खर्च इस प्रकार हैं: घर और गाड़ी के लोन की मासिक किस्तें (EMI), घरेलू खर्च और दूसरे कई खर्च. वह हर महीने ₹20,000 SIP में निवेश करता है. इस निवेश पर औसतन 12% सालाना रिटर्न मिलता है तो तीन अलग-अलग परिस्थितियों में उसका फंड उस हिसाब से बढ़ सकता है.

पहला तरीका: निवेश में कोई बढ़ोतरी नहीं

अगर कोई व्यक्ति 20 साल तक हर महीने ₹20,000 ही निवेश करता रहता है और इसमें कोई बढ़ोतरी नहीं करता, तो 12% रिटर्न के हिसाब से उसका फंड करीब ₹1.84 करोड़ बनता है. इसका मतलब 20 साल तक एसआईपी पर वो 20 हजार के हिसाब से करीब 48 लाख रुपये निवेश करता है. इसमें उसे कंपाउंडिंग के हिसाब से 1.36 करोड़ का फायदा होगा. जबकि मूलधन मिलाकर ये 1.84 करोड़ हो जाएगा.

श्रेणीराशि (रुपये)
SIP निवेश20,000
होम लोन EMI30,000
ऑटो लोन EMI15,000
घरेलू खर्च25,000
अन्य खर्च10,000
कुल मासिक खर्च1,00,000
कुल निवेश (20 साल)48 लाख
वेल्थ गेन (मुनाफा)1.36 करोड़
कुल अनुमानित राशि1.84 करोड़

दूसरा तरीका: हर साल 8% SIP बढ़ाना

मान लीजिए जो व्‍यक्ति 20,000 निवेश करते हैं और उसकी सैलरी हर साल 8% बढ़ती है. जबकि उसका होम और ऑटो लोन की EMI उतनी ही रहेंगी, जबकि घर से जुड़े और दूसरी चीजों पर होने वाले खर्च बढ़ा जाते हैं. मगर इस बीच निवेशक अपनी SIP भी अपनी सैलरी हाइक के हिसाब से इसे 8% ही बढ़ाता है. ऐसे में 20 साल बाद उसका फंड बढ़कर करीब ₹3.18 करोड़ हो जाता है. यानी सिर्फ SIP बढ़ाने से ही उसका फंड लगभग 73% ज्यादा हो जाता है.

श्रेणीराशि (रुपये)
SIP निवेश21,600
होम लोन EMI30,000
ऑटो लोन EMI15,000
घरेलू खर्च30,000
अन्य खर्च11,400
कुल मासिक खर्च1,08,000
कुल निवेश राशि1,09,82,871
अनुमानित रिटर्न2,08,39,769
कुल मूल्य (फंड वैल्यू)3,18,22,640

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तीसरा तरीका: हर साल 20% SIP बढ़ाना

अब अगर वही व्यक्ति सैलरी बढ़ने के बाद अपने खर्चों को थोड़ा कंट्रोल में रखे और SIP में हर साल 20% की बढ़ोतरी करे, तो 20 साल बाद उसका फंड करीब ₹9.16 करोड़ तक पहुंच सकता है.

श्रेणीराशि (रुपये)
SIP निवेश24,000
होम लोन EMI30,000
ऑटो लोन EMI15,000
घरेलू खर्च27,500
अन्य खर्च11,500
कुल मासिक खर्च1,08,000
कुल निवेश राशि4,48,05,120
अनुमानित रिटर्न4,67,66,757
कुल मूल्य (फंड वैल्यू)9,15,71,877